मध्यप्रदेश कांग्रेस ने बिजली निजीकरण और प्रीपेड स्मार्ट मीटर के विरोध में प्रदर्शन कर ऊर्जा मंत्री को ज्ञापन दिया। कांग्रेस ने स्मार्ट मीटर को उपभोक्ताओं से लूट करार दिया और मांग की कि इसे तुरंत बंद किया जाए, बिजली बिलों में सुधार हो और बिजली संशोधन विधेयक रद्द किया जाए।
मध्यप्रदेश में बिजली के निजीकरण और प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगाने के खिलाफ शहर कांग्रेस कमेटी व ग्रामीण कांग्रेस सेवादल ने प्रदर्शन कर ऊर्जा मंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं और बिजली उपभोक्ताओं ने स्मार्ट मीटर का पुतला दहन कर विरोध दर्ज कराया। इसके साथ ही सभी नेताओं ने एक स्वर में कहा कि स्मार्ट मीटर आम उपभोक्ता से लूट का जरिया बनेंगे, जिससे जनता का विश्वास बिजली कंपनी से उठता जा रहा है।
शहर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष मुकेश भाटी एवं चैनसिंह चौधरी ने बताया कि मध्यप्रदेश विद्युत वितरण कंपनी वल्लभ नगर जोन कार्यालय में एक ज्ञापन सौंपा गया है। इसमें बताया कि बिजली संशोधन विधेयक 2022 के तहत प्रदेश भर में प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं, लेकिन उपभोक्ताओं को इसके बारे में पूर्ण जानकारी नहीं दी जा रही और उनकी सहमति के बिना जबरन मीटर लगाए जा रहे हैं, जो लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन है। कई स्थानों पर उपभोक्ताओं ने इसका विरोध किया, लेकिन फिर भी बिजली कंपनी मनमानी कर रही है। ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया कि यह स्मार्ट मीटर सुनियोजित तरीके से आम जनता पर आर्थिक बोझ डालने के लिए लगाए जा रहे हैं। स्मार्ट मीटर के जरिए कंपनियां अलग-अलग समय में अलग-अलग टैरिफ प्लान लागू कर महंगी दर पर बिजली बेचेंगी। इसके अलावा, बिजली का उपयोग पहले और भुगतान बाद में करने का जो उपभोक्ताओं का अधिकार है, उसे छीनने की कोशिश की जा रही है।
यह की गई मांग और यह दी चेतावनी
ज्ञापन के माध्यम से कांग्रेस ने सरकार से मांग की कि स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया को तत्काल रोका जाए, बिजली के संपूर्ण निजीकरण पर रोक लगाई जाए और बिजली संशोधन विधेयक 2024 को रद्द किया जाए। हाल ही में बिजली दरों में की गई बढ़ोतरी को वापस लिया जाए, सुचारु रूप से कार्य कर रहे चालू मीटरों को बिना आवश्यकता बदला न जाए जैसा कि विद्युत नियामक आयोग के आदेश में भी स्पष्ट है, और जुलाई 2025 में जारी किए गए अवैधानिक व अधिक राशि वाले बिजली बिलों को संशोधित कर नियमानुसार किया जाए। शहर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष मुकेश भाटी ने चेतावनी दी कि अगर सरकार ने जल्द ही उपभोक्ताओं की मांगों पर अमल नहीं किया तो प्रदेशव्यापी उग्र आंदोलन किया जाएगा। प्रदर्शन के दौरान नेता प्रति प्रतिपक्ष रवि राय, माया त्रिवेदी, विवेक यादव, शहर संगठन मंत्री अजय राठौर, शहर महिला कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया ठाकुर, पार्षद सपना सांखला, प्रेमलता रामी, आदि ने संबोधित किया।
प्रदर्शन करते कांग्रेसी

