टूरिस्ट को घाटियों, जंगलों और झरनों के लुफ्त उठाने के लिए इंदौर प्रशासन ने तैयारी कर ली है। इंदौर की मशहूर हेरिटेज ट्रेन 26 जुलाई से फिर शुरू हो रही है। यह हेरिटेज ट्रेन वीकेंड में 10 किमी तक सुंदर यात्रा कराएगी। जानिए इसका किराया और रूट क्या रहेगा।

मध्यप्रदेश की एकमात्र हेरिटेज ट्रेन एक बार फिर सैलानियों को प्राकृतिक सौंदर्य की सैर पर ले जाने को तैयार है। चार महीने के लंबे अंतराल के बाद यह ट्रेन 26 जुलाई से दोबारा पटरी पर लौटेगी। पातालपानी से कालाकुंड के बीच चलने वाली इस ट्रेन का संचालन प्रत्येक शनिवार और रविवार को किया जाएगा। पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल ने इसके संचालन को हरी झंडी दे दी है। इसका ट्रायल रन भी सफलतापूर्वक किया जा चुका है।
मालवा क्षेत्र की हरी-भरी पहाड़ियों और घने जंगलों के बीच से गुजरती यह हेरिटेज ट्रेन पर्यटकों को प्रकृति की गोद में ले जाती है। रास्ते में बहते झरने, ऊंचे-नीचे घाट और हरियाली से ढकी वादियों का दृश्य किसी फिल्मी सीन से कम नहीं होता। खासकर मानसून के मौसम में जब प्रकृति अपनी पूरी रंगत में होती है, तब इस ट्रेन का सफर बेहद रोमांचक बन जाता है।
तीन घंटे का अनुभव, कालाकुंड में ठहराव
ट्रेन सुबह पातालपानी स्टेशन से चलकर कालाकुंड तक जाती है। फिर वहां ट्रेन लगभग ढाई घंटे का ठहराव करती है। इस दौरान यात्री आसपास के प्राकृतिक दृश्यों का आनंद ले सकते हैं, भुट्टे, मैगी और गरमागरम भजिए का स्वाद लेते हुए झरनों की कल-कल सुन सकते हैं और पंछियों की चहचहाहट के बीच फोटोग्राफी कर सकते हैं। रेलवे जनसंपर्क अधिकारी खेमराज मीणा ने जानकारी दी कि रेलवे की तरफ से ट्रेन संचालन को लेकर पूरी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
विस्टाडोम कोच बना आकर्षण का केंद्र
इस हेरिटेज ट्रेन में दो विस्टाडोम कोच और तीन नॉन-एसी चेयर कार कोच शामिल होंगे। विस्टाडोम कोच का किराया 265 तय किया गया है, जबकि साधारण चेयर कार के लिए यात्री को सिर्फ 20 चुकाने होंगे। विस्टाडोम कोच की खासियत इसकी बड़ी विंडो ग्लास, ट्रेलिंग विंडो और आरामदायक सीटिंग है। साथ ही, यात्रियों की सहूलियत के लिए इन कोचों में स्नैक्स टेबल, साइड पैंट्री और स्वच्छ टॉयलेट की सुविधा भी है।
2018 में शुरु हुआ था सफर
हेरिटेज ट्रेन का सफर पहली बार 25 दिसंबर 2018 को शुरू हुआ था। कुछ ही समय में इसने राज्य ही नहीं बल्कि देशभर के सैलानियों के बीच खास पहचान बना ली थी। हालांकि, कोरोना महामारी के दौरान इसे अप्रैल 2020 में बंद कर दिया गया था। बाद में 4 अगस्त 2021 को फिर से शुरू किया गया, लेकिन मार्च आते-आते इसे रोकना पड़ता है।
अनवर कादरी के खिलाफ दर्ज FIR निरस्त करने से High Court का इनकार
पार्षद अनवर कादरी के खिलाफ बाणगंगा पुलिस थाने में दर्ज एफआईआर निरस्त करने से हाई कोर्ट ने इनकार कर दिया। कादरी ने एफआईआर निरस्त करने और उस पर घोषित इनाम खत्म करने की मांग करते हुए याचिका दायर की थी। हाई कोर्ट ने याचिका निरस्त कर दी।
पार्षद अनवर कादरी के खिलाफ बाणगंगा पुलिस थाने में दर्ज एफआईआर निरस्त करने से हाई कोर्ट ने इनकार कर दिया। कादरी ने एफआईआर निरस्त करने और उस पर घोषित इनाम खत्म करने की मांग करते हुए याचिका दायर की थी। हाई कोर्ट ने याचिका निरस्त कर दी। हाई कोर्ट में पार्षद कादरी ने याचिका दायर की थी। इसमें कहा था कि बाणगंगा पुलिस थाने में 14 जून को दर्ज एफआईआर राजनीति से प्रेरित और मनगंढ़त है। उसने अपने खिलाफ चल रही जांच को रोकने की मांग भी की थी।
हाई कोर्ट ने याचिका पर क्या कहा?
कोर्ट ने याचिका निरस्त करते हुए कहा कि कादरी किसी आपराधिक मामले में अभियुक्त है तो उसे आवश्यक रुप से जांच प्रक्रिया से गुजरना होगा। वह खुद यह निर्णय नहीं ले सकता कि उसे झूठा फंसाया गया है। अगर कादरी को आशंका है कि उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा तो इसके लिए उनके पास कानूनी रास्ता है। राजनीति से प्रेरित होने के आरोप के आधार पर न तो एफआईआर निरस्त की जा सकती है न याचिकाकर्ता को फरार घोषित करने वाली घोषणा को निरस्त किया जा सकता है।
साइबर ठगों के निशाने पर पुलिस… DCP रियाज इकबाल की फेक Facebook Id बना मांगे रुपये
राजधानी में एक बार फिर साइबर ठगों ने सोशल मीडिया को हथियार बनाकर ठगी का प्रयास किया है। इस बार ठगों ने शहर के आइपीएस अधिकारी डीसीपी जोन-3 रियाज इकबाल के नाम से दो फर्जी फेसबुक आइडी बनाकर लोगों से पैसों की मांग शुरू कर दी। मामले का खुलासा तब हुआ जब कुछ लोगों ने डीसीपी से सीधे संपर्क कर इस मांग की पुष्टि करनी चाही।
ठगों ने कुछ लोगों से आर्थिक मदद मांगी
शुरुआती जांच में सामने आया कि फर्जी फेसबुक अकाउंट पर डीसीपी की असली तस्वीरों का उपयोग किया गया था, जिससे लोगों को भ्रम हुआ कि यह उनका आधिकारिक अकाउंट है। इस अकाउंट के माध्यम से संदेश भेजकर ठगों ने कुछ लोगों से आर्थिक मदद मांगी। डीसीपी इकबाल ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कार्यालय में पदस्थ पुलिकर्मी के जरिए तुरंत Cyber Crime की शिकायत दी।
भोपाल पुलिस आयुक्त का भी बना था फर्जी अकाउंट
साइबर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस उन आईपी एड्रेस और मोबाइल नंबरों की जांच कर रही है जिनके माध्यम से यह फर्जी अकाउंट तैयार किया गया और संचालित हुआ। बता दें इससे पहले भोपाल पुलिस आयुक्त हरिनारायणचारी मिश्र के नाम से फर्जी फेसबुक अकाउंट के जरिए ठगी के मामले सामने आ चुके हैं।
रिश्तों की टूटी मर्यादा! देवर ने भरी भाभी की मांग, दोनों ने खत्म की जिंदगी
मऊगंज से रिश्तों की मर्यादा टूटने का चौंकाने वाला मामला सामने आया। बहुती प्रपात में देवर और भाभी ने एकसाथ कूदकर आत्महत्या कर ली। सुसाइड से पहले इंस्टाग्राम वीडियो में देवर ने भाभी की मांग में सिंदूर भरा। फिर परिवार पर मानसिक प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाते हुए आत्मघाती कदम उठाया।
मध्यप्रदेश के मऊगंज जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। बहुती प्रपात में देवर और भाभी ने एक साथ जान दे दी। लेकिन इस आत्महत्या से पहले एक ऐसा कदम उठाया गया, जिसने रिश्तों की सारी सीमाएं तोड़ दी। मऊगंज पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
दरअसल, सुसाइड से पहले देवर दिनेश साहू ने अपनी ही भाभी सकुन्तला साहू की मांग में सिंदूर भर कर पत्नी का दर्जा दिया। फिर दोनों ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो साझा कर बहुती प्रपात में छलांग लगा दी। वीडियो में दोनों ने खुद को मानसिक रूप से प्रताड़ित बताया और परिवार के कुछ सदस्यों को मौत का जिम्मेदार ठहराया है।
वीडियो में बताया अपना दर्द
आत्मघाती कदम उठाने से पहले इंस्टाग्राम पर साझा किए गए वीडियो में दिनेश ने आपबीती बताई। उसने कहा, ‘हम बहुत परेशान हैं। हमारी मौत के जिम्मेदार हीरालाल साहू, राजेंद्र साहू, संतोष साहू, राजकुमार साहू और उनका पूरा परिवार है। हम सरकार से मांग करते हैं कि इन्हें कड़ी से कड़ी सजा मिले।’ वीडियो में गांव का नाम भी बताया गया।
कौन करवाना चाहता है सोनम और राज की जमानत? राजा हत्याकांड में नया ट्विस्ट
इंदौर के राजा रघुवंशी हत्याकांड में नया ट्विस्ट आया है। राजा के भाई विपिन ने दावा किया है कि सोनम का भाई गोविंद उसकी जमानत करवाना चाहता है। सोनम के खाते में 40 लाख रुपये हैं।
बहुचर्चित राजा रघुवंशी हत्याकांड में नया ट्विस्ट आया है। दावा किया जा रहा है कि सोनम रघुवंशी का परिवार उसकी जमानत कराने के लिए शिलांग में वकीलों से संपर्क कर रहा है। वहीं, दूसरी तरफ सोनम ने गुजरात के एक कारोबारी से मुलाकात करने की मांग की है। गुजरात के जिस कारोबारी से सोनम रघुवंशी बात करना चाहती है वह गोविंद का बिजनेस पार्टनर बताया जा रहा है। गोविंद, सोनम रघुवंशी का भाई है।
यह सारे दावे राजा रघुवंशी के भाई विपिन रघुवंशी ने किए हैं। विपिन रघुवंशी ने कहा कि वह सोहरा जाकर अपने भाई की आत्मा की शांति के लिए पूजा करेगा। शिलांग पहुंचने के बाद विपिन ने सोनम रघुवंशी और उसके परिवार को लेकर कई दावे किए हैं। नवभारत टाइम्स डॉट कॉम से फोन में बात करते हुए विपिन ने दावा किया है कि इस पूरे हत्याकांड में सोनम के भाई गोविंद की भी भूमिका है।
विपिन रघुवंशी के अनुसार, सोनम का भाई गोविंद लगातार उसकी और राज कुशवाह की जमानत के लिए वकीलों से संपर्क कर रहा है। जानकारी के मुताबिक दो दिन पहले वह शिलांग भी पहुंचा था और वहीं से जमानत की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने की कोशिश कर रहा है। इससे पहले इसी मामले में गिरफ्तार किए गए प्रॉपर्टी ब्रोकर शिलोम जेम्स को शिलांग की अदालत से जमानत मिल चुकी है। साथ ही फरारी के दौरान सोनम और राज की मदद करने वाले मकान मालिक और चौकीदार को भी अदालत से राहत मिल चुकी है।