Site icon अग्नि आलोक

सूरत से नकली इंजेक्शन लाकर देवास, सांवेर व अन्य जिलों में बेचने की सूचना, 1200 इंजेक्शन लेकर आए थे आरोपी

Share

इंदौर

सूरत से नकली इंजेक्शन लाकर मध्य प्रदेश के अलग-अलग जिलों में बेचने वाले मुनाफाखोर पुलिस की गिरफ्त में आते जा रहे हैं। मंगलवार दोपहर विजय नगर थाना पुलिस ने छापामार कार्रवाई करते हुए दवा बाजार के कुछ व्यवसायियों को गिरफ्तार किया था जिन की निशानदेही पर अन्य आरोपियों की भी धरपकड़ जारी है।

एसपी आशुतोष बागरी के मुताबिक पकडाए आरोपी आशीष ठाकुर, सुनील लोधी और चीकू शर्मा के कॉल डिटेल और बैंक खातों की जानकरी निकाली जा रही है। आरोपियों द्वारा 1000 इंजेक्शन इंदौर और 200 जबलपुर बेचे जाने की बात का खुलासा पहले हो चुका है। सुनील मिश्रा इंदौर में नकली इंजेक्शन बेचने वालों का मुख्य सप्लायर था। आरोपियों ने पूछताछ में बताया पुनीत शाह और कौशल वोरा नकली आइवी (सलाइन) बनाने का कारखाना खोलना चाहते थे।

इंदौर के दलाल सुनील मिश्रा ने बताया कि वह मास्क, सैनिटाइजर सप्लाई करता था। लेकिन इस कोरोना में रेमडेसिविर की मांग आई और कौशल वोरा और पुनित शाह से संपर्क हुआ। दोनों उसे मुंबई ले गए। 20 अप्रैल को उसे 700 इंजेक्शन की पहली खेप दे दी। इसमें से 500 इंजेक्शन जबलपुर में सिटी अस्पताल के संचालक को दे दिए। जबकि 100 इंजेक्शन चीकू शर्मा के माध्यम से दवा बाजार के व्यवसायी गौरव केसरवानी और गोविंद गुप्ता आदि को बेच दिए। 100 इंजेक्शन एक अन्य दवा व्यवसायी को दिए।

चारों आरोपी चीकू, सुनील लोधी, आशीष ठाकुर और कुलदीप आरोपी मिश्र से 3 हजार में यह इंजेक्शन खरीदते थे और उसे दो-तीन गुना दामों पर बेचते थे ।

Exit mobile version