राजधानी भोपाल में अपराध का ग्राफ लगातार चिंता बढ़ा रहा है. बीते 15 दिनों में शहर के अलग‑अलग थाना क्षेत्रों में दर्जनभर से अधिक गंभीर आपराधिक घटनाएं सामने आई हैं. हालात ऐसे रहे कि 55 से अधिक छोटे‑बड़े पुलिसकर्मियों और अधिकारियों को अलग‑अलग वारदातों में ड्यूटी पर लगाया गया, बावजूद इसके सिर्फ गिने‑चुने अपराधी ही पुलिस की पकड़ में आ सके. बढ़ते अपराध और गिरती कानून व्यवस्था ने भोपाल के कमिश्नरेट सिस्टम को सवालों के कटघरे में खड़ा कर दिया है.
अफसरों को फटकार, जिम्मेदारी तय करने की बात
मामला तब और गंभीर हो गया जब भोपाल पुलिस कमिश्नर संजय कुमार ने अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताते हुए उन्हें फटकार लगाई और जवाबदेही तय करने के संकेत दिए. खुद पुलिस कमिश्नर ने स्वीकार किया है कि शहर में वारदातें हो रही हैं. हालांकि पुलिस अपराधियों को पकड़ भी रही है, लेकिन अब अपराधी समूह बनाकर संगठित तरीके से वारदातों को अंजाम दे रहे हैं, जिससे स्थिति चुनौतीपूर्ण हो गई है.
ऐसे हो रहे अपराध
ऐशबाग थाना क्षेत्र: मामूली विवाद, जानलेवा हमला
ऐशबाग थाना क्षेत्र में ऑटो खड़ा करने को लेकर पीड़ित फईम की अनस पिंडारी, साकिब, साजिद और सोहराब से कहासुनी हो गई. विवाद देखते‑देखते हिंसक हो गया और आरोपियों ने फईम पर चाकू से कई वार कर दिए, जिसके बाद वे मौके से फरार हो गए. घटना ने क्षेत्र में दहशत फैला दी.
श्यामला हिल्स: रंगपंचमी की रात 55 लाख की लूट
श्यामला हिल्स थाना क्षेत्र में रंगपंचमी की रात बदमाशों ने चाकू की नोक पर व्यापारी भाइयों से 55 लाख रुपये की लूट को अंजाम दिया. पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया और करीब 35 लाख रुपये बरामद किए, हालांकि एक आरोपी अब भी फरार है.

