बिग बॉस सीज़न 19 का आग़ाज़ बेहद धमाकेदार अंदाज़ में हुआ, और पहले ही दिन ड्रामा, इमोशन और गेमप्ले से भरपूर माहौल ने दर्शकों को टीवी से चिपका दिया. 16 कंटेस्टेंट्स ने जब घर में कदम रखा, तो हर कोई अपनी जगह और अपनी पहचान के लिए तैयार दिखा, और तभी बिग बॉस ने कर दिया इस सीज़न का सबसे बड़ा ऐलान, “इस बार सारे फैसले सिर्फ बिग बॉस लेंगे!”
खेल की शुरुआत एक मानसिक चुनौती से हुई, कंटेस्टेंट्स को तय करना था कि उनमें से कौन ऐसा है जो बेडरूम में सोने लायक नहीं है. यानी एक व्यक्ति को बिस्तर छोड़ना होगा. इस फैसले ने पहले ही दिन माहौल गर्म कर दिया. जहां मृदुल तिवारी ने बिना झिझक खुद को आगे कर दिया, वहीं अमाल मलिक ने खाने की मेज़ पर सलमान खान और अपने परिवार की विरासत की बातें छेड़कर सबका ध्यान खींचा. उधर, प्रणित मोरे और गौरव खन्ना की मजेदार बातचीत ने हंसी का तड़का लगाया, लेकिन अमाल के खर्राटों से अवेज़ दरबार चिढ़ते दिखे.
सबसे पहला एलिमिनेशन, लेकिन ट्विस्ट से भरपूर!
बिग बॉस ने सभी कंटेस्टेंट्स को असेंबली रूम में बुलाकर एक बड़ा फैसला सुनाया, उन्हें अपने हिसाब से सबसे ‘अयोग्य’ कंटेस्टेंट को वोट देना था. नतीजा आया, फरहाना भट्ट और नीलम निचले दो स्थानों पर. जहां फरहाना ने खुद को मज़बूत साबित करने की कोशिश की, वहीं कुनिका ने उस पर बदतमीज़ी का आरोप लगा दिया. काफ़ी बहस और इमोशन्स के बाद, फरहाना को घर से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया.
लेकिन… ये तो बस एक चाल थी!
जब दर्शकों और कंटेस्टेंट्स को लगा कि फरहाना का सफर खत्म हो चुका है, बिग बॉस ने कर दिया सबसे बड़ा ट्विस्ट, फरहाना को भेज दिया गया है सीक्रेट रूम में, जहां से वह सभी कंटेस्टेंट्स की हर चाल, हर बातचीत पर नजर रख सकती है. अब उसके हाथों में होगी कुछ अहम फैसलों की कमान, और बाकी घरवाले इस गुप्त मौजूदगी से पूरी तरह अनजान हैं. उधर घर में, अशनूर कौर, अमाल और मृदुल, फरहाना के बारे में बातें कर रहे हैं, बिलकुल बेखबर इस बात से कि वो सबकुछ सुन रही है.

