चक्रवात बिपरजॉय का गुजरात के तट पर लैंडफॉल शुरू हो गया है। तूफान के सौराष्ट्र और कच्छ के तट से टकराने के साथ ही हवा की रफ्तार 125 किमी प्रति घंटे तक पहुंच गई है। मौसम विभाग ने लैंडफाल की पूरी तीव्रता रात में करीब 8 से 10 बजे के बीच रहने का अनुमान जताया था। इस दौरान हवा की रफ्तार 150 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
मौसम विभाग ने बताया कि तूफान का लैंडफॉल आधी रात तक जारी रहेगा। कच्छ और सौराष्ट्र के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है। यहां तेज हवाओं के साथ भारी बारिश हो रही है। कई इलाकों में पेड़ और खंभे गिरने लगे हैं। 94 हजार से ज्यादा लोगों को तटीय इलाकों से रेस्क्यू किया गया है। कोस्ट गार्ड ने 15 जहाज और 7 एयरक्राफ्ट तैयार रखे हैं। NDRF की 27 टीमें भी तैनात की गई हैं।
गुजरात के मुंद्रा पोर्ट पर समुद्र की लहरें बड़ी-बड़ी क्रेन्स तक पहुंच गईं। यहां सभी ऑपरेशन बंद कर दिए गए हैं।
दैनिक भास्कर के 18 रिपोर्टर पल-पल की खबरें आप तक पहुंचा रहे हैं…
दैनिक भास्कर के 18 रिपोर्टर गुजरात के सबसे ज्यादा प्रभावित इलाकों में तैनात हैं। वे पल-पल की सबसे सटीक खबरें आप तक पहुंचा रहे हैं। नीचे देखिए तूफान के तट से टकराने के समय गुजरात के हालात…
गुजरात के जखौ में तेज हवा के चलते मकानों की छतें उड़ने लगीं, यहां शाम से भारी बारिश भी हो रही है।
.
25 साल में जून में गुजरात से टकराने वाला पहला तूफान
बिपरजॉय पिछले 25 साल में जून महीने में गुजरात के तट से टकराने वाला पहला तूफान होगा। इससे पहले 9 जून 1998 को एक तूफान गुजरात के तट से टकराया था। तब पोरबंदर के पास 166 kmph की रफ्तार से हवा चली थी।
बीते 58 साल की बात करें तो 1965 से 2022 के बीच अरब सागर के ऊपर से 13 चक्रवात उठे। इनमें से दो गुजरात के तट से टकराए। एक महाराष्ट्र, एक पाकिस्तान, तीन ओमान-यमन और छह समुद्र के ऊपर कमजोर पड़ गए।
बिपरजॉय चक्रवात के कारण हवाएं 125 से 150 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से चल रही हैं। चक्रवात का केंद्र कच्छ का जखौ पोर्ट है।
सोमनाथ-द्वारका मंदिर और इलाके के स्कूल बंद
तूफान के चलते सौराष्ट्र-कच्छ तट पर आज और कल भारी से बहुत भारी बारिश होने की आशंका है। इसके चलते सोमनाथ, द्वारका सहित सभी मंदिरों को कल तक दर्शनार्थियों के लिए बंद रखने का फैसला किया गया है। अगले तीन दिन तक इन इलाकों के सभी स्कूल-कॉलेज भी बंद कर दिए गए हैं।
फोटो-वीडियो में देखिए तूफान का असर…
कच्छ इलाके में तेज बारिश के कारण कई जगह पेड़ गिरे हैं। प्रशासन ने यहां से लोगों को पहले ही हटा लिया था।
सोमनाथ में तेज हवाओं के कारण नारियल का बाग उजड़ गया। यहां कई पेड़ गिर गए।
यह तस्वीर गुजरात के द्वारका में स्थित भड़केश्वर महादेव मंदिर के नजदीक की है। यहां गुरुवार सुबह 120 से 135 किमी/घंटे की रफ्तार से हवाएं चलीं।
केंद्रीय मंत्री पुरुषोत्तम रूपाला आज गुजरात के एकादश रुद्र महादेव मंदिर दर्शन के लिए पहुंचे थे। इस दौरान चक्रवात के समुद्र में लहरें उठने लगीं। वे यहां से सुरक्षित निकल गए।
गुजरात के भुज में चक्रवात बिपरजॉय के चलते तेज हवाओं से पेड़ गिर गया।
गुजरात के जूनागढ़ तटीय इलाकों में सुबह से बारिश हो रही है। यहां समुद्र में 5 फीट तक ऊंची लहरें उठीं
तूफान बिपरजॉय की वजह से गुजरात के द्वारकाधीश मंदिर को बंद कर दिया है। यह फुटेज गुरुवार सुबह की है। आपदा टालने के लिए द्वारकाधीश मंदिर पर 2 ध्वज फहराए गए हैं।
गुजरात के साथ 10 राज्यों में तूफान का असर रहेगा
मौसम विभाग के अनुसार, गुजरात के अलावा 10 अन्य राज्यों में इस तूफान का असर देखा जा रहा है। इनमें राजस्थान, महाराष्ट्र, कर्नाटक, लक्षद्वीप, केरल, असम, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय शामिल हैं। यहां के कई इलाकों में तेज हवाएं चल रही हैं और बारिश हो रही है।
यह फुटेज मुंबई के गेटवे ऑफ इंडिया की है।
यह फुटेज मुंबई के मरीन लाइन्स की है। यहां गुरुवार सुबह 2 से 5 फीट ऊंची लहरें उठती देखी गईं।
राजस्थान: जालौर, बाड़मेर में आंधी-बारिश, 24 घंटे में भारी बारिश की चेतावनी
राजस्थान में बिपरजॉय का असर दिखना शुरू हो गया है। बाड़मेर, जैसलमेर और जालोर में मौसम बदला है। आंधी के साथ बारिश का दौर शुरू हो गया।16 और 17 जून को भारी से अति भारी बारिश का दौर शुरू होगा। जोधपुर संभाग में सबसे ज्यादा असर दिखने का अनुमान है।
बीकानेर में प्रशासन ने मुनादी करवाकर लोगों को बारिश और तूफान के संबंध में अलर्ट किया।
हरियाणा: दक्षिण हरियाणा में आज से 19 जून तक बारिश के आसार
बिपरजॉय चक्रवात का असर हरियाणा के सिर्फ दक्षिणी हिस्से के जिलों में ही दिखेगा। इसका असर आज से 19 जून तक सबसे ज्यादा दिखाई देगा। इस दिन दक्षिण हरियाणा के छह जिलों में भारी बारिश की चेतावनी चंडीगढ़ मौसम विभाग ने जारी की है।

