Site icon अग्नि आलोक

कांग्रेस ने हार के कारण तलाशने किया पोस्ट पोल सर्वे शुरू

Share

विधानसभा उपचुनाव में मिली हार से कांग्रेस को तगड़ा झटका लगा है। दरअसल प्रदेश में वापसी की बाट जोह रही कांग्रेस को पूरा भरोसा था कि वह उपचुनावों में जरूर जीत हासिल करेगी, लेकिन करारी हार ने उसकी सारी उम्मीदों पर पानी फेर दिया। इस झटके से सबक लेकर अब कांग्रेस अपनी कमियां तलाश रही है। पीसीसी अध्यक्ष कमलनाथ के मुताबिक विधानसभा के उपचुनाव वाली 28 सीटों पर पोस्ट पोल सर्वे कराया जा रहा है। एक से 2 महीने में पोस्ट पोल सर्वे की पूरी रिपोर्ट तैयार हो जाएगी। इस सर्वे के आधार पर कांग्रेस अपनी आगे की रणनीति तैयार करेगी। उपचुनाव के चौंकाने वाले परिणामों ने कांग्रेस को यह सोचने पर मजबूर कर दिया कि किन कारणों से पार्टी 15 महीने पहले जीती सीटें इतने बड़े अंतर से हार गई। यही कारण तलाशने के लिए कांग्रेस ने अपनी टीमों को उपचुनाव वाली सभी सीटों पर सर्वे के लिए उतार दिया है। यह टीम हर बूथ स्तर तक जाकर सर्वे कर रही हैं, लोगों से यह पूछा जा रहा है कि कांग्रेस की कौन सी कमियों की वजह से उन्होंने भाजपा को वोट दिया। क्या 15 महीने में उनकी अपेक्षाएं पूरी नहीं हुई थी। उनकी सरकार से क्या उम्मीदें थी जिन पर वह खरी नहीं उतर सकी। नाथ के अनुसार रिपोर्ट के आधार पर ही कांग्रेस 2023 के विधानसभा चुनाव की रणनीति तैयार करेगी। जो कमियां और कारण सामने आएंगे उनको दूर किया जाएगा।

क्या इनकी चिंता करेंगे शिव-विष्णु
प्रदेश भाजपा की नई कार्यकारिणी में संघ की गाइडलाइन के मुताबिक ज्यादातर युवा और नए चेहरों को महत्व दिया गया है। उम्र का क्राइटेरिया लागू होने से इसे संगठन में पीढ़ी परिवर्तन के रूप में भी देखा जा रहा है। वहीं मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और अध्यक्ष विष्णुदत्त शर्मा के सामने अभी भी कई चुनौतियां बरकरार हैं। दरअसल दोनों को चिंता है कि लंबे समय तक पार्टी के लिए संकटमोचक रहे समर्पित नेताओं का कहां उपयोग किया जाए। ऐसे पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं की लंबी सूची है। जिसमें महामंत्री बंशीलाल गुर्जर, उपाध्यक्ष विजेश लुणावत, विनोद गोटिया, सुदर्शन गुप्ता, रामलाल रौतेल, कृष्णा गौर, रंजना बघेल, प्रदीप लारिया बुद्धसेन पटेल राजेंद्र राजपूत और हेमंत खंडेलवाल के साथ ही मुख्य प्रवक्ता दीपक विजयवर्गीय, आलोक संजर, राजो मालवीय, राजपाल सिंह सिसोदिया, नागर सिंह चौहान हिदायतुल्ला शेख और कार्यालय प्रभारी रहे बिजेंद्र सिंह सिसोदिया शामिल हैं। हालांकि मुख्यमंत्री और प्रदेशाध्यक्ष का यही मत है कि संगठन के पास सबके लिए काम है।

कृषि मंत्री कमल पटेल की अनोखी पहल
प्रदेश के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री कमल पटेल द्वारा हाल ही में ‘आपकी समस्या का हल, आपके घर’ अभियान की शुरुआत की गई है। यह अभियान गरीब, वंचित परिवारों के सामाजिक एवं आर्थिक विकास के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। मंत्री पटेल के अनुसार यह अभियान जहां गरीबों को सशक्त बनाएगा वहीं उन्हें समाज में नई दिशा भी प्रदान करेगा। इस अभियान से अब तक 173 गांवों में सर्वे का कार्य पूरा हो चुका है। वहीं 340 गांव में सर्वे कार्य प्रगति पर है। सर्वे कार्य के लिए सैकड़ों कर्मचारी और अधिकारी लगाए गए हैं। सर्वे के दौरान गरीब वंचित परिवारों की पेंशन, जाति प्रमाण पत्र, विकलांगता प्रमाण पत्र, आवास योजना, आयुष्मान कार्ड योजना, बीपीएल कार्ड, नामांतरण और बंटवारा जैसे महत्वपूर्ण 26 सेवाओं का संकलन किया जा रहा है। मंत्री पटेल का कहना है कि गरीब वंचित परिवारों की सेवा करना ही सुशासन है। इस अभियान के तहत लोगों को जागरूक करने में अधिकारी-कर्मचारी अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं।

आईएएस आईसीपी केशरी का केंद्र में जाने हुआ इम्पैनलमेंट
मध्य प्रदेश संवर्ग में 1988 बैच के आईएएस अधिकारी एवं एनवीडीए के उपाध्यक्ष आईसीपी केशरी का भारत सरकार में अतिरिक्त सचिव के पद पर एंपैनलमेंट हो गया है। केसरी इससे पहले भी केंद्र सरकार में आठ साल तक संयुक्त सचिव के पद पर पदस्थ रहे हैं। उल्लेखनीय है कि इसके पहले वे प्रमुख सचिव वाणिज्य कर सहित कई अन्य पदों पर पदस्थ रह चुके हैं।

Exit mobile version