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ढाका में कर्फ्यू जैसे हालात:बांग्लादेश में चुनाव से पहले ‘खूनी’ संग्राम! पुलिस ने छात्रों पर दागे ग्रेनेड

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ढाका. बांग्लादेश में आम चुनाव से ठीक 6 दिन पहले हिंसा की आग भड़क उठी है. शुक्रवार को ढाका में उस वक्त अफरातफरी मच गई, जब पुलिस ने ‘इंकलाब मंच’ के छात्रों और कार्यकर्ताओं पर बेरहमी से लाठीचार्ज कर दिया. प्रदर्शनकारी अपने नेता उस्मान हादी की हत्या के आरोपियों को कड़ी सजा दिलाने की मांग कर रहे थे.ढाका में चुनाव से पहले इंकलाब मंच के प्रदर्शन पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया. छात्र और कार्यकर्ता उस्मान हादी की हत्या के आरोपियों के लिए सजा की मांग कर रहे थे.पुलिस और छात्रों की झड़प में 50 से ज्यादा लोग घायल हो गए हैं. ढाका में कर्फ्यू जैसे हालात है. छात्रों ने मोहम्मद यूनुस के घर के बाहर डेरा जमाया था, जिसे हटाने के लिए पुलिस ने लाठी चार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़े.

पुलिस ने चीफ एडवाइजर डॉ. मोहम्मद यूनुस के आधिकारिक आवास के बाहर जमा हुए प्रदर्शनकारियों को खदेड़ने के लिए आंसू गैस, वॉटर कैनन और साउंड ग्रेनेड का इस्तेमाल किया. इस हिंसक झड़प में 50 से ज्यादा लोग घायल हो गए हैं, जिन्हें अस्पतालों में भर्ती कराया गया है.

चीफ एडवाइजर के घर के बाहर ‘युद्ध’ जैसे हालात
प्रदर्शनकारी स्टेट गेस्ट हाउस ‘जमुना’ (जो चीफ एडवाइजर का आवास है) का घेराव करने की कोशिश कर रहे थे. पुलिस ने बैरिकेड्स लगाकर उन्हें रोका. जब प्रदर्शनकारियों ने आगे बढ़ने की कोशिश की, तो पुलिस ने लाठियां बरसाईं और आंसू गैस के गोले दागे. ‘डेली सन’ की रिपोर्ट के मुताबिक, इंकलाब मंच ने फेसबुक पोस्ट में दावा किया है कि पुलिस फायरिंग में उनके सदस्य सचिव अब्दुल्ला अल जाबेर को गोली लगी है (Bullet Injuries). पलटवार: प्रदर्शनकारियों ने भी पुलिस पर ईंट-पत्थर फेंके, जिससे स्थिति और बिगड़ गई.

सरकारी कर्मचारियों को भी नहीं बख्शा
सिर्फ छात्र ही नहीं, शुक्रवार दोपहर को अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे सरकारी कर्मचारियों पर भी पुलिस का कहर टूटा. 9वें वेतनमान को लागू करने की मांग कर रहे कर्मचारियों को भी पुलिस ने लाठियों और आंसू गैस के जरिए तितर-बितर कर दिया.

चुनाव से पहले ढाका में कर्फ्यू जैसा माहौल
बांग्लादेश में तनाव चरम पर है. उस्मान हादी की दिसंबर में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी, जिसके बाद से गुस्सा सुलग रहा था. चुनाव को देखते हुए ढाका में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है. पैरामिलिट्री फोर्स तैनात है. चीफ एडवाइजर के आवास के आसपास कर्फ्यू लगा दिया गया है और किसी भी तरह के प्रदर्शन पर रोक लगा दी गई है.

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