Site icon अग्नि आलोक

हिमाचल में सेब किसानों का10,000 करोड़ का नुकसान

Share

नई दिल्ली। अमेरिका के वाशिंगटन एप्पल पर आयात शुल्क घटा कर 15 प्रतिशत करने पर कांग्रेस ने मोदी सरकार पर हमला बोला है। मंगलवार 12 सितंबर को कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस किया और कहा कि मोदी सरकार ने अमेरिका के सेब किसानों को तोहफा दिया है और देश के सेब किसानों पर चाबुक चलाया है, उनके साथ नाइंसाफी की है। ये काम मोदी जी ही कर सकते हैं।

उन्होंने कहा कि “पीएम बनने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वाशिंगटन एप्पल पर 100 फीसदी आयात शुल्क लगाने की बात कहते थे। लेकिन प्रधानमंत्री बनने के बाद मोदी जी ने अमेरिका के वाशिंगटन एप्पल पर आयात शुल्क 70 प्रतिशत से घटाकर 15 प्रतिशत कर दिया।”

उन्होंने कहा कि हिमाचल दैवीय आपदा से जूझ रहा है। वहां अब तक 10,000 करोड़ का अनुमानित नुकसान हो चुका है। हिमाचल की जीडीपी का करीब 14 प्रतिशत हिस्सा सेब से आता है। हिमाचल गंभीर परिस्थितियों से गुजर रहा है लेकिन इस आपदा के बाद भी सरकार को कोई चिंता नहीं है। पीएम मोदी को इस बात से कोई फर्क नहीं पड़ता की हिमाचल जूझ रहा है। सहायता करने की बजाए वे सेब किसानों पर प्रहार कर रहे हैं। आखिर पीएम मोदी किस बात का बदला ले रहे हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि जो कमिटमेंट उन्होंने अडानी और अमेरिका से की थी उसको पूरा करने के लिए अपने किसानों पर हल्ला बोल दिया है। सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि “पहले उन्होंने अडानी के हाथों में हिमाचल के सेब के बागान दे दिए। अडानी ने 88 रुपए प्रति किलो से शुरुआत की थी, वो घटकर 72 रुपए प्रति किलो हो गई और लोग सड़कों पर उतर आए, प्रदर्शन करने लगे, धरना देने लगे। तो मोदी जी ने अपने किसानों पर प्रहार कर दिया।”

उन्होंने ये भी कहा कि पीएम मोदी ‘वोकल फॉर लोकल’ की बात करते हैं और लोकल का ही गला घोंट रहे हैं। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी किसान विरोधी काम कर रहे हैं। उन्होंने सरकार से इस पर पुनर्विचार करने की मांग की और कहा कि सरकार अपनी आयात नीति ऐसी बनाए जिससे देश के किसानों को फायदा हो।

Exit mobile version