जबलपुर. मध्यप्रदेश के सागर के जैसीनगर क्षेत्र में किसान उस वक्त आक्रोशित हो गए, जब उनकी फसल को नायब तहसीलदार ने कचरा बताते कहा कि यहां पर आकर नौटंकी न करो. यहां तक कि किसान ने अधिकारी के पैर छूकर सर्वे की मांग की तो गुस्साए अधिकारी ने धक्का दे दिया. नायब तहसीलदार के इस व्यवहार से आक्रोशित किसान भी नारेबाजी करने लगे.
बताया जाता है कि एक ओर प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए काम कर रहे है तो दूसरी ओर प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा किसानों को अपमानित किया जा रहा है, ऐसा ही एक मामला प्रदेश के राजस्व मंत्री गोविंद सिंह के विधानसभा क्षेत्र सुरखी के जैसीनगर तहसील कार्यालय में देखने को मिला है, जहां पर सोमवार को पाले के कारण खराब हुई गेंहू की फसल का सर्वे कराने की मांग को लेकर किसान पहुंच गए, गेंहू की बालियां लेकर पहुंचे किसानों को देख नायब तहसीलदार भड़क गए.
जिन्होने किसानों से कहा कि यहां पर कचरा क्यों फैला रहे हो, इस बीच एक किसान ने अधिकारी के पैर छूते हुए बाली दिखाते हुए सर्वे की मांग की तो अधिकारी और आगबबूला हो गए, जिन्होने किसान से कहा कि यहां पर नौटंकी मत करो, चुपचाप ज्ञापन दो और चले जाओ. नायब तहसीलदार के इस अमानवीय कृत्य से किसान आक्रोशित हो गए, जिन्होने तहसील कार्यालय में नारेबाजी करते हुए विरोध करना शुरु कर दिया. यहां तक कि राजा बिलहरा गांव से आई किसान महिला ने अधिकारी को जमकर खरीखोटी सुनाई उसने यहां तक कह दिया कि ये कचरा नहीं है, सभी ने फर्श पर पड़ी बांलिया उठाई और चले गए.

