रायसेन
शहर के 8 एकड़ में फैला दशहरा मैदान इन दिनों धान की ट्रॉलियों से भरा नजर आ रहा है। धान की बंपर आवक से मंडी तो फुल हो ही गई है। शहर की सभी सड़कों पर भी जाम की स्थिति बन रही है। सोमवार को 31000 क्विंटल धान की आवक हुई, लेकिन 18000 क्विंटल की ही नीलाम हो पाई। ऐसे में जहां जगह मिली किसानों ने अपनी ट्रॉली वहां फंसा दी।
किसानों को करना पड़ रहा इंतजार
आवक ज्यादा होने से किसानों की धान नीलामी के लिए लंबा इंतजार करना पड़ा रहा है। ज्यादातर किसानों का नंबर दूसरे दिन आ रहा है। रायसेन के साथ ही आसपास के जिलों के किसान भी अपनी उपज लेकर रायसेन मंडी पहुंच रहे हैं। व्यापारियों द्वारा अच्छे रेट पर धान की खरीदी की जा रही है। इसी कारण बड़ी संख्या में किसान उपज लेकर यहां आ रहे हैं।
18 अक्टूबर से शुरू हुई खरीदी
35 दिनों में 2 लाख 42 हजार क्विंटल धान की आवक हो चुकी है। मंडी सचिव डीसी लड़िया ने बताया कि इससे पहले अभी तक इतनी बड़ी मात्रा में धान की आवक नहीं हुई है। व्यापारियों द्वारा 2700 से 2800 रुपए क्विंटल तक किसानों की धान खरीदी जा रही है।
रोज आ रही 700 से ज्यादा ट्रॉलियां
कोरोना के चलते पिछले दो साल से किसान अपनी धान की फसल मंडी में नहीं ला रहे थे। व्यापारी द्वारा खुद गांव-गांव जाकर धान की खरीदी जा रही थी। इस बाद संक्रमण कम होने और वैक्सीनेशन होने के बाद बड़ी संख्या में किसान अपनी धान की फसल लेकर मंडी पहुंच रहे हैं।

