अग्नि आलोक

*इंदौर नगर निगम के नए आयुक्त क्षितिज सिंघल, दिलीप यादव को हटा भोपाल भेजा*

Share

इंदौर में दूषित पानी संकट के बीच IAS क्षितिज सिंघल को नगर निगम का नया आयुक्त बनाया गया है. 2014 बैच के IAS अधिकारी क्षितिज सिंघल UPSC में 83वीं रैंक हासिल कर चुके हैं. उज्जैन और सिवनी में प्रशासनिक अनुभव के बाद अब उनके सामने इंदौर की पेयजल व्यवस्था और जनता का भरोसा बहाल करने की चुनौती है.

इंदौर नगर निगम कमिश्नर की कमान 2014 बैच के आईएएस क्षितिज सिंघल को सौंपी गई हैं। इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र में दूषित पानी की आपूर्ति के मामले में राज्य सरकार ने सख्त कार्रवाई की है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश के बाद इंदौर नगर निगम आयुक्त दिलीप यादव को उनके पद से हटा दिया गया है। उनकी जगह अब  2014 बैच के आईएएस और मध्यप्रदेश मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड के प्रबंध संचालक क्षितिज सिंघ्ज्ञल को इंदौर नगर निगम का आयुक्त बनाया गया है। इससे पहले समान्य प्रशासन विभाग की तरफ से जारी आदेश के अनुसार दिलीप यादव को हटा कर पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में उप सचिव के पद पर पदस्थ किया गया है।  

भागीरथपुरा क्षेत्र में 28 दिसम्बर को उल्टी, दस्त के प्रकरण सामने आए थे। इसका संभावित कारण पेयजल प्रदूषण पाया गया। सूचना मिलते ही नगर निगम, स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन ने त्वरित कार्यवाही की। सरकार की तरफ से बताया गया कि कुल 13 हजार 444 घरों का सर्वेक्षण किया गया। कुल 310 मरीज भर्ती हुए थे, जिनमें से 235 स्वस्थ होकर घर जा चुके हैं। चौबीस घंटे डॉक्टरों को ड्यूटी तय की गई। रेफेरल के लिए 10 एम्बुलेंस तैनात की गई। अस्पतालों में नि:शुल्क उपचार के लिए बेड्स चिन्हांकित किए गए। विशेषज्ञ टीम को मौके पर भेजा गया। शिकायत के निवारण के 24X7  कॉल सेंटर सक्रिय है। घरों से 1600 से अधिक जल आपूर्ति के नमूने लिए गए। सहायता डेस्क भी स्थापित की गई है।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव नगर निगम प्रशासन द्वारा की गई कार्रवाई असंतोष जताया। उन्होंने कहा कि जनस्वास्थ्य सरकार के लिए सर्वोपरि है। लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों को बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इंदौर के आयुक्त नगर निगम दिलीप यादव को हटाकर मंत्रालय में पदस्थ करने के निर्देश दिए थे।  लापरवाही के लिए अपर आयुक्त रोहित सिसोनिया और प्रभारी अधीक्षण यंत्री संजीव श्रीवास्तव को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के निर्देश दिए।

क्षितिज सिंघल: 2014 बैच के IAS, UPSC में 83वीं रैंक

क्षितिज सिंघल 2014 बैच के भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी हैं. उन्होंने UPSC सिविल सेवा परीक्षा 2013 में देशभर में 83वीं रैंक हासिल की थी. राजस्थान के मूल निवासी क्षितिज सिंघल ने अपनी उच्च रैंक के साथ प्रशासनिक सेवा में मजबूत शुरुआत की.

आईएएस में चयन के बाद उन्हें ओडिशा कैडर आवंटित किया गया था. हालांकि निजी जीवन और प्रोफेशनल कमिटमेंट के बीच संतुलन बनाते हुए उन्होंने बाद में कैडर परिवर्तन किया.

शादी के बाद मध्य प्रदेश कैडर में आए

IAS शीतला पाटले से विवाह के बाद क्षितिज सिंघल ने ‘मैरिज ग्राउंड’ पर कैडर बदलने का आवेदन किया. इसके बाद उन्हें मध्य प्रदेश कैडर आवंटित किया गया. दोनों ने कुछ वर्ष पहले न्यू ईयर के अवसर पर कोर्ट मैरिज की थी.

उज्जैन और सिवनी में दिखा प्रशासनिक कौशल

मध्य प्रदेश कैडर में आने के बाद क्षितिज सिंघल ने उज्जैन और सिवनी में महत्वपूर्ण प्रशासनिक जिम्मेदारियां निभाईं. उनके कार्यकाल के दौरान जटिल समस्याओं के त्वरित समाधान और प्रशासनिक सख्ती के लिए उनकी पहचान बनी. उज्जैन नगर निगम आयुक्त के रूप में उनका कार्यकाल विकास कार्यों को गति देने वाला माना जाता है.

इंदौर में बड़ी परीक्षा

इंदौर में दूषित पानी की आपूर्ति से उपजे हालात के बीच उनकी नियुक्ति यह दर्शाती है कि सरकार को उनकी कार्यक्षमता और निर्णय क्षमता पर पूरा भरोसा है. अब देखना होगा कि IAS क्षितिज सिंघल इंदौर की ‘स्वच्छता और स्वास्थ्य’ की साख को किस तरह दोबारा मजबूत करते हैं.

Exit mobile version