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ताजा समाचार -ऐसे पूरा हुआ 41 जिंदगियों को बचाने का वादा

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हमास ने बंधकों को छोड़ा।भारत सरकार ने आईएफएस अधिकारी दिनकर अस्थाना को गिनी-बिसाऊ देश में भारत का अगला राजदूत नियुक्त किया है। अस्थाना फिलहाल में सेनेगल में भारत के राजदूत के रूप में कार्यरत हैं। बता दें, सेनेगल से पहले अस्थाना लाओ में भी भारतीय दूत के रूप में काम किया है। अस्थाना अगस्त 1990 में भारतीय विदेश सेवा में शामिल हुए थे। वे हिंदी, अंग्रेजी, जर्मन और प्रारंभिक फ्रेंच भाषा के जानकार हैं। उन्होंने बॉन, बैंकॉक, कोलंबो और मैक्सिको सिटी में भारतीय राजनयिक मिशनों में काम किया है। 

दीपावाली के दिन उत्तराखंड में उत्तरकाशी की निर्माणाधीन सिलक्यारा सुरंग में हुए हादसे में फंसे 41 श्रमिकों को निकालने के अभियान में आखिरकार सफलता मिल गई है। बचाव अभियान के 17वें दिन श्रमिक बाहर आने शुरू हो गए हैं। 12 नवम्बर की सुबह 5:30 बजे हादसा हुआ था। जब अचानक ऊपर से मलबा गिरने की वजह से 41 मजदूर सुरंग में फंस गए थे। 

दिनकर अस्थाना बने गिनी-बिसाऊ के नए राजदूत, पुणे में समलैंगिक साथी ने ली जान

लोनीकंद पुलिस स्टेशन के एक अधिकारी ने बताया कि मृतक 21 साल का है। वह बीबीए की पढ़ाई करता था और एक छात्रावास में रहता था। छात्र को उसी के एक समलैंगिक साथी ने मारा है। आरोपी साथी ने धारदार हथियार से बार-बार हमला करके जान ले ली। 

सीबीआई ने पूर्व केंद्रीय मंत्री जयंती नटराजन के खिलाफ भ्रष्टाचार का मामला किया बंद
सीबीआई ने 2012 में कानून का उल्लंघन कर झारखंड में एक स्टील प्लांट के लिए वन भूमि के उपयोग में बदलाव पर पूर्व केंद्रीय पर्यावरण मंत्री जयंती नटराजन के खिलाफ भ्रष्टाचार के एक मामले में फाइनल रिपोर्ट दाखिल की है। अधिकारियों ने बताया कि छह साल की जांच के बाद, केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने पिछले सप्ताह एक विशेष अदालत के समक्ष समापन रिपोर्ट दाखिल की। क्योंकि एजेंसी को अभियोजन आगे बढ़ाने के लिए मामले में पर्याप्त सबूत नहीं मिल सके। संघीय जांच एजेंसी ने नटराजन, इलेक्ट्रोस्टील कास्टिंग लिमिटेड (ईसीएल) के तत्कालीन प्रबंध निदेशक उमंग केजरीवाल और कंपनी के खिलाफ 2014 में तीन साल की लंबी प्रारंभिक जांच के बाद 7 सितंबर, 2017 को मामला दर्ज किया था।

विधायकों की अयोग्यता मामले में सुनवाई
महाराष्ट्र विधानसभा अध्यक्ष ने मंगलवार को विपक्ष द्वारा दायर अयोग्यता याचिकाओं की सुनवाई की। इस दौरान शिवसेना (यूबीटी) का प्रतिनिधित्व करने वाले वकील असीम सरोदे ने मंगलवार को मीडिया से कहा कि सुनवाई सुनवाई शनिवार और रविवार को भी होनी चाहिए। क्योंकि 31 दिसंबर की समय सीमा करीब आ रही है। उन्होंने कहा कि यूबीटी नेता सुनील प्रभु के साथ बहस हुई। बता दें, सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार, स्पीकर नार्वेकर को 31 दिसंबर तक अपना फैसला सुनाना है।

समलैंगिक साथी ने चाकू मारकर की हत्या 
पुणे के वाघोली इलाके में मंगलवार शाम एक युवक का शव मिला। मामले की जानकारी देते हुए लोनीकंद पुलिस स्टेशन के एक अधिकारी ने बताया कि मृतक 21 साल का है। वह बीबीए की पढ़ाई करता था और एक छात्रावास में रहता था। छात्र को उसी के एक समलैंगिक साथी ने मारा है। आरोपी साथी ने धारदार हथियार से बार-बार हमला करके जान ले ली। सरे राह हमला कर आरोपी फरार हो गया। इस दौरान मृतक ने एक राहगीर को आरोपी का नाम बताया और कारण बताया, जो प्रेम प्रसंग से जुड़ा हुआ था। खून से लथपथ युवक को लोगों ने अस्पताल पहुंचाया, जहां इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। पुलिस का कहना है कि केस दर्ज कर लिया गया है। आरोपी की तलाश की जा रही है।

मुकदमों में वृद्धि होना लोगों के विश्वास को दर्शाता है’, संविधान दिवस समारोह में बोले जस्टिस बिंदल

उन्होंने कहा, ‘यदि प्रत्येक मामले में पार्टियों की औसत संख्या चार मानी जाए और प्रत्येक पार्टी के परिवार के सदस्यों की औसत संख्या चार ली जाए, तो लंबित मामलों से प्रभावित लोगों की कुल संख्या पांच करोड़ होगी, चार से दो बार गुणा करने पर यह 80 करोड़ हो जाएगी।सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश न्यायमूर्ति राजेश बिंदल ने मंगलवार को कहा कि मुकदमेबाजी में वृद्धि से किसी को निराश नहीं होना चाहिए क्योंकि यह देश की कानूनी व्यवस्था में लोगों के विश्वास को दर्शाती है। 

गोवा में इंडिया इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ लीगल एजुकेशन एंड रिसर्च (आईआईयूएलईआर) में संविधान दिवस समारोह के हिस्से के रूप में एक व्याख्यान देते हुए न्यायमूर्ति बिंदल ने कहा कि देश में सिविल अदालतों में लगभग पांच करोड़ मामले लंबित हैं, जिनमें जिला अदालतों में 4.2 करोड़ मामले, उच्च न्यायालयों में लगभग 60 लाख और उच्चतम न्यायालय में 70 हजार मामले शामिल हैं।  यह मामले किसी न किसी रूप में देश के
अधिकतर लोगों से जुड़े हैं। न्यायमूर्ति बिंदल ने कहा कि कानून से जुड़े लोगों पर बहुत बड़ी जिम्मेदारी है।

उन्होंने कहा, ‘यदि प्रत्येक मामले में पार्टियों की औसत संख्या चार मानी जाए और प्रत्येक पार्टी के परिवार के सदस्यों की औसत संख्या चार ली जाए, तो लंबित मामलों से प्रभावित लोगों की कुल संख्या पांच करोड़ होगी, चार से दो बार गुणा करने पर यह 80 करोड़ हो जाएगी। फिर इन मामलों से बड़ी संख्या में गवाह भी जुड़े हैं’।

लगभग हर किसी के जीवन से जुड़ी है कानूनी बिरादरी
न्यायमूर्ति ने आगे कहा कि 140 करोड़ की आबादी वाले देश में यह संख्या बताती है कि कानूनी बिरादरी लगभग हर किसी के जीवन से जुड़ी हुई है। न्यायमूर्ति बिंदल ने कहा कि कानूनी बिरादरी की बहुत बड़ी जिम्मेदारी है और किसी को भी बढ़ती मुकदमेबाजी से हतोत्साहित नहीं होना चाहिए, क्योंकि यह देश की कानूनी व्यवस्था में लोगों के विश्वास को भी दर्शाता है।

संविधान के बारे में बोलते हुए उन्होंने कहा कि हमारे समय की एक बड़ी समस्या यह है कि हममें से कई लोगों ने यह नहीं पढ़ा होगा कि इसमें नागरिकों के मौलिक कर्तव्यों के बारे में क्या कहा गया है।

:ऐसे पूरा हुआ 41 जिंदगियों को बचाने का वादा करनी पड़ी काफी मशक्कत

ऐसे पूरा हुआ 41 जिंदगियों को बचाने का वादा करनी पड़ी काफी मशक्कत

दिल्ली में अगले माह से दौड़ने लगेंगी मोहल्ला बसें, पहले चरण में उतरेंगी 200 गाड़ियां

डीटीसी अगले महीने से इस सेवा को शुरू करने जा रहा है। पहले फेज में 200 मोहल्ला बसें सड़कों पर उतरेंगी।दिल्लीवासी दिसंबर में मोहल्ला बस योजना की सुविधा को लाभ ले सकेंगे। डीटीसी अगले महीने से इस सेवा को शुरू करने जा रहा है। पहले फेज में 200 मोहल्ला बसें सड़कों पर उतरेंगी। इसके बाद इनका बेड़ा बढ़ाया जाएगा। करीब नौ मीटर लंबी इन बसों को भीड़भाड़ व संकरी सड़कों पर चलाया जाना है। इससे लोग अपनी अंतिम मंजिल तक पहुंच सकेंगे। अधिकारियों का कहना है कि योजना के तहत मोहल्ला बस सेवा के लिए 2,080 लो फ्लोर एसी इलेक्ट्रिक बसों आएंगी। इसमें से करीब 1,040 बसों की निविदा आवंटित भी कर दी गई है।

इससे पहले बीते दिन परिवहन विभाग की इलेक्ट्रिक बस निर्माता कंपनियों के साथ बैठक हुई थी। इसमें 200 बसों की पहली खेप दिसंबर में लाने की सहमति बनी है। इन बसों का रंग नीला व हरा होगा। नई बस योजना के मार्गों और परिचालन विशेषताओं पर निर्णय लेने के लिए परिवहन मंत्री ने एक तकनीकी समिति का गठन किया गया था। कमेटी ने जनता के फीडबैक के आधार पर रूट सर्वे पूरा कर लिया है। इन बसों के लिए बड़े पैमाने पर पार्किंग और चार्जिंग का बुनियादी ढांचा तैयार किया जा रहा है। 27 बस डिपो में चार्जिंग सुविधा होगी।

अधिक से अधिक लोग योजना का ले सकेंगे लाभ…
अधिकारियों के अनुसार, मोहल्ला बसें घनी आबादी और कम चौड़ी वाली सड़कों पर चलेंगी। जहां पर 12 मीटर व इससे और लंबी बसें नहीं जा सकती है। मोहल्ला बसें मेट्रो स्टेशन, अस्पताल आदि जगहों पर यात्रियों को सुविधा देंगी। साथ ही इन बसों में महिला यात्रियों से डीटीसी की सामान्य बसों की तरह कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा। बसों के चलने के लिए रूट करीब-करीब तय कर लिया गया है। इसके साथ ही दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में सार्वजनिक बैठकें कर और रूटों के बारे में जानकारी जुटाई जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि विभाग की कोशिश है कि मोहल्ला बस सुविधा का अधिक से अधिक लोग लाभ ले सके।

सरकार ने बजट में किया था एलान
दिल्ली सरकार 2023-24 के बजट भाषण में मोहल्ला बस योजना का एलान किया था। इसका मकसद दिल्ली के लोगों को लास्ट माइल कनेक्टिविटी मुहैया कराना था। सरकार का मानना है कि घर के नजदीक सार्वजनिक परिवहन की सुविधा मिलने से लोग निजी वाहनों का इस्तेमाल कम करेंगे। इससे सड़कों पर ट्रैफिक कम होगा और प्रदूषण में भी कमी आने की उम्मीद है। अभी 200 बसों के साथ यह सुविधा शुरू की जा रही है। 2025 तक इनकी संख्या 2000 से ज्यादा की जाएगी।

पीसीबीएल लिमिटेड खरीदेगी एक्वाफार्म केमिकल्स प्राइवेट, पढ़ें व्यापार जगत की अहम खबर

पीसीबीएल के अध्यक्ष संजीव गोयनका ने बताया कि एक्वाफार्म एक प्रमुख रसायन कंपनी है। यह भारत की सबसे बड़ी फॉस्फोनेट उत्पादक हैं। यह अधिग्रहण मूल्य बढ़ाने वाला और मार्जिन बढ़ाने वाला है। यह अनूठा अवसर है। हम इसे लेने में प्रसन्न हैं।

पीसीबीएल लिमिटेड ने मंगलवार को घोषणा की कि वे एक्वाफार्म केमिकल्स प्राइवेट में पूरी हिस्सेदारी हासिल करेंगे। पीसीबीएल कार्बन ब्लैक और स्पेशलिटी केमिकल्स क्षेत्र में प्रमुख है। हिस्सेदारी की कुल कीमत 3,800 करोड़ रुपये है। कंपनी ने बताया कि अधिग्रहण संजीव गोयनका समूह की कंपनी पीसीबीएल के जल उपचार रसायनों और तेल-गैस रसायनों के वैश्विक विशेष क्षेत्रों में प्रवेश का प्रतीक है। पीसीबीएल के अध्यक्ष संजीव गोयनका ने बताया कि एक्वाफार्म एक प्रमुख रसायन कंप है। यह भारत की सबसे बड़ी फॉस्फोनेट उत्पादक हैं। यह अधिग्रहण मूल्य बढ़ाने वाला और मार्जिन बढ़ाने वाला है। यह अनूठा अवसर है। हम इसे लेने में प्रसन्न हैं।

व्यापार मेले में असम को मिला सम्मान
भारत अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेले- 2023 में ‘राज्य सरकार और केंद्र शासित प्रदेश’ की श्रेणी में असम को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए दूसरा स्थान हासिल किया। आईटीपीओ के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक प्रदीप सिंह खरोला ने असम पवेलियन के निदेशक शांतनु देउरी को सम्मानित किया। बता दें, ओडिशा को स्वर्ण और राजस्थान को कांस्य पदक मिला है। व्यापार मेला 14 नवंबर को शुरू हुआ था। मेगा ट्रेड फेयर में 13 देशी-विदेशी कंपनियों और बड़े कॉरपोरेट घरानों के साथ-साथ 28 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने हिस्सा लिया था।

हार्ट अटैक से मौत पर भी सैनिक के परिवार को विशेष पेंशन का हक, पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट का अहम फैसला

याचिका में झज्जर निवासी राजबाला ने बताया कि उसके पति जोगिंदर सिंह 1985 में बीएसएफ में भर्ती हुए थे। इसके बाद से लगातार वे अपनी सेवाएं दे रहे थे और स्वस्थ थे। 17 जुलाई 2006 को त्रिपुरा में भारत-बांग्लादेश सीमा पर ड्यूटी पर रहे थे और वहां दिल का दौरा पड़ने से उनकी मौत हो गई थी। पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने अहम फैसला सुनाते हुए यह स्पष्ट कर दिया है कि ड्यूटी के दौरान यदि हार्ट अटैक से सेना के जवान की मौत हो जाती है तो उसका परिवार विशेष पेंशन (एक्सट्रा ऑर्डनरी फैमिली पेंशन) के लिए हकदार होगा। हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार को याचिकाकर्ता को छह माह के भीतर विशेष पेंशन की राशि जारी करने का आदेश दिया है।

करोड़ों के बैंक घोटाले में आरोपी राकेश वधावन के घर के बाहर लगेंगे सीसीटीवी, कोर्ट ने दी ईडी को अनुमति

मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम मामलों की विशेष अदालत ने कहा कि वधावन मामले के मुख्य आरोपियों में से एक हैं और अगर ईडी की याचिका स्वीकार कर ली गई तो उन पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ेगा। मुंबई की एक विशेष अदालत ने मंगलवार को प्रवर्तन निदेशालय को 4,300 करोड़ रुपये के पंजाब और महाराष्ट्र सहकारी (पीएमसी) बैंक घोटाले के आरोपी एचडीआईएल प्रमोटर राकेश वधावन के आवास के बाहर सीसीटीवी कैमरे लगाने की अनुमति दे दी।

मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम मामलों की विशेष अदालत ने कहा कि वधावन मामले के मुख्य आरोपियों में से एक हैं और अगर ईडी की याचिका स्वीकार कर ली गई तो उन पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ेगा।

हाल ही में मिली थी तीन महीने की जमानत
सुप्रीम कोर्ट ने इस महीने की शुरुआत में वधावन को मेडिकल आधार पर तीन महीने की जमानत दी थी। विशेष न्यायाधीश एमजी देशपांडे के समक्ष दायर याचिका में ईडी ने कहा कि जमानत पर बाहर रहने के दौरान वधावन सबूतों के साथ छेड़छाड़ कर सकते हैं और अज्ञात संपत्ति का निपटान कर सकते हैं, इसलिए उसे उपनगरीय बांद्रा में उनके आवास के बाहर सीसीटीवी कैमरे लगाने की अनुमति दी जाए। 

अदालत ने अपने आदेश में कहा कि वधावन ऐसे मामले में मुख्य आरोपियों में से एक हैं, जहां अपराध से प्राप्त रकम बहुत बड़ी है और जांच अभी भी जारी है।  कोर्ट ने कहा, इसलिए यह सुनिश्चित करने के लिए ध्यान रखा जाना चाहिए कि वधावन सुप्रीम कोर्ट द्वारा दी गई स्वतंत्रता का दुरुपयोग न करें। 

यस बैंक घोटाले में फंसे हैं वधावन
बता दें कि राकेश वधावन 4300 करोड़ रुपये के पंजाब एंड महाराष्ट्र कॉपरेटिव (PMC) बैंक घोटाले में भी फंसे हैं। राकेश और सारंग वधावन के खिलाफ सीबीआई ने अक्तूबर 2020 में 200 करोड़ रुपये के यस बैंक घोटाले में एफआईआर दर्ज की थी। ईडी द्वारा पीएमसी बैंक घोटाले में भी दोनों से पूछताछ की जा रही है।

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