इंदौर में अब मेट्रो के काम ने रेडिसन चौराहे से आगे रफ्तार पकड़ ली है। अब खजराना चौराहे तक पिलर बन गए हैं। पहले चरण में इस हिस्से तक ही मेट्रो ट्रेन का संचालन होगा, हालांकि इसमें डेढ़ साल का समय लगेगा, क्योंकि अभी ट्रैक, पटरियां और स्टेशन बनाने का काम भी होना है।
खजराना चौराहे के बाद मेट्रो ट्रेन का काम लंबे समय से धीमा था, क्योंकि अंडरग्राउंड हिस्से का रूट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय की आपत्ति के बाद तय नहीं हो पा रहा था। पिछले महीने केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने खजराना चौराहा के आगे से मेट्रो रूट अंडरग्राउंड करने की सहमति दी थी। अभी मेट्रो ट्रैक ट्रायल के लिए 17 किलोमीटर लंबाई में रेडिसन चौराहे तक तैयार है।
रेडिसन चौराहा से आगे एमआर-9 और खजराना चौराहे तक मेट्रो के पिलरों का काम जारी है। यहां डेढ़ साल पहले खुदाई कर काम शुरू किया गया था। अब पिलरों पर बनकर तैयार बेस को रखा जाएगा और उसके बाद पटरियां बिछाने का काम शुरू होगा। एक स्टेशन खजराना चौराहे पर भी प्रस्तावित है। उसका निर्माण अभी शुरू होना है।
इंदौर में फिलहाल गांधी नगर से रेडिसन चौराहा तक 17 किलोमीटर के हिस्से में मेट्रो का काम पूरा हो चुका है। इसके बीच आने वाले पांच मेट्रो स्टेशनों का काम समाप्ति की ओर है। वहां टिकट खिड़की व इंटीरियर का काम हो चुका है। लिफ्ट व एस्केलेटर लगाए जाना बाकी है।
जल्दी ही गांधी नगर मेट्रो स्टेशन से टीसीएस चौराहे तक कमर्शियल रन शुरू होगा। रेडिसन चौराहा तक मेट्रो ट्रेन के कमर्शियल रन के लिए कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी की टीम भी इंदौर आने वाली है। टीम द्वारा सेफ्टी ऑडिट करने के बाद एनओसी जारी की जाएगी। इसके बाद इंदौर में मेट्रो ट्रेन का कमर्शियल रन शुरू किया जा सकेगा। मार्च तक रेडिसन चौराहे तक मेट्रो का संचालन शुरू हो जाएगा।

