उज्जैन
नंदी की मूर्ति के पानी और दूध पीने का वीडियो कई जगहों से वायरल हुआ। इसको लेकर तरह-तरह के दावे किए गए हैं। कुछ लोगों ने इसे आस्था का नाम दिया तो कुछ ने अंधविश्वास बताया। हालांकि एक्सपर्ट्स इसके पीछे साइंटिफिक रीजन का हवाला देते हैं। आइए जानते हैं विशेषज्ञों के मुताबिक आखिर मूर्तियों के पानी या दूध पीने के पीछे क्या है वजह…
इस शख्स ने खंबे को पिलाया पानी
मूर्तियों के पानी पिलाने का वीडियो वायरल होने के बाद एक अन्य वीडियो भी खूब वायरल हो रहा है। इस वीडियो में एक शख्स खंबे को पानी पिला रहा है। वह चम्मच में पानी भरकर खंबे के पास लगाता है और चम्मच का पूरा पानी खत्म हो जाता है। वीडियो बनाते हुए युवक कह रहा है कि हमें अंधविश्वास में नहीं पड़ना चाहिए। उसका दावा है कि यह एक वैज्ञानिक घटना है और पत्थर और मिट्टी में वैक्यूम पोर्च बन जाने के चलते इसमें पानी सोख लिया जाता है।
गर्मियों में ऐसा होना आम बात
विशेषज्ञों का कहना है कि गर्मी के दौरान मूर्तियों के पानी या दूध पीने के पीछे कोई चमत्कार नहीं है। इसके पीछे वैज्ञानिक वजह है। जानकारों का कहना है कि गर्मियों के दौरान पत्थरों में वैक्यूम पोर्च बन जाता है। इसके चलते प्रतिमाएं पानी पी रही हैं। बताया जाता है कि गर्मियों में ऐसा होना आम बात है।

