मोदी सरकार के कुशासन के 7 वर्ष पूरा होने पर गांव- गांव में होगा पुतला दहन
काले झंडे लगाकर किसान करेंगे 3 किसान विरोधी कानून रद्द कराने की मांग
संयुक्त किसान मोर्चा, मध्यप्रदेश के किसान संगठनों की ऑनलाइन बैठक आज संपन्न हुई। बैठक में 26 मई को दिल्ली के बॉर्डरों और देश भर में तीन किसान विरोधी कानूनों को रद्द कराने, बिजली संशोधन बिल वापस लेने एवं सभी कृषि उत्पादों की लागत से डेढ़ गुना दाम पर खरीद की कानूनी गारंटी की मांग को लेकर चलाये जा रहे किसान आंदोलन के 6 माह पूरे होने पर 26 मई को देशभर में काला दिवस मनाने का निर्णय 550 किसान संगठनों के संगठन संयुक्त किसान मोर्चा द्वारा लिया गया है। निर्णय के अनुसार प्रदेश के सभी जिलों में 26 मई को कोविड महामारी से बचाव के लिए दवाई, ऑक्सीजन, डॉक्टर , वेंटिलेटर और अस्पताल की व्यवस्था ना होने के कारण लाखों भारतीयों की मौत एवं किसान आंदोलन के दौरान 500 किसानों की शहादत तथा 15 करोड़ रोजगार से लगे लोगों को बेरोजगार बनाने के जिम्मेदार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला जलाने तथा घरों वाहनों तथा चौपालों पर काला झंडा लगाकर मोदी की एनडीए सरकार के कुशासन के 7 वर्ष पूरे होने पर अधिक से अधिक किसानों को किसान विरोधी कानूनों की जानकारी उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया है।
सभी संगठनों के किसान नेताओं ने बताया कि किसानों की सब्जी और दूध खराब हो रही है क्योंकि प्रशासन और पुलिस द्वारा किसानों को दूध और सब्जी बेचने की इजाजत नहीं दी जा रही है। किसान नेताओं ने बताया कि लॉकडाउन के चलते पहले ही मंडियां बंद है। बाद में सोसाइटीयों में भी बारदाने की कमी तथा गोडाउन का हवाला देकर कई जगहों पर खरीद बंद की कर दी गई है तथा कई सोसाइटियों में भंडारण व्यवस्था न होने के कारण गेहूं खुले आसमान के नीचे गीला हो कर सड़ रहा है।
संयुक्त किसान मोर्चा ने प्रदेश के मुख्यमंत्री से सब्जी और दूध नष्ट होने से रोकने तथा गेहूं, चना, सरसों आदि की समर्थन मूल्य पर खरीद सुनिश्चित करने तथा खाद पर बढ़े हुए दामों की राशि किसानों को वापस कराने की व्यवस्था सुनिश्चित कराने की मांग की है। बैठक में संभागीय स्तर पर तथा जिला स्तर पर सभी किसान संगठन एवं किसान, मजदूर, युवा, महिला एवं नागरिक और मानवाधिकार संगठनों कल से ऑनलाइन बैठक आयोजित करने का निर्णय भी लिया गया है। बैठक बुलाने के लिए विभिन्न संगठनों को जिलेवार जिम्मेदारियाँ सौंपी गई है। कल 3 बजे संयुक्त किसान मोर्चा की पुनः बैठक होगी। कल से लेकर 26 मई तक 11 से 1 बजे के बीच संयुक्त किसान मोर्चा द्वारा फेसबुक लाइव होगा। जिसे अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति तथा संयुक्त किसान मोर्चा के राष्ट्रीय एवं प्रदेश के किसान नेता संबोधित करेंगे। जिसे अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति तथा संयुक्त किसान मोर्चा के फेसबुक पेज से देखा जा सकता है।
बैठक को बादल सरोज (ऑल इंडिया किसान सभा ), हरिद्वार सिंह, (प्रदेश महासचिव, एटक) इरफान जाफरी, (किसान जागृति संगठन),प्रहलाद दास बैरागी (अखिल भारतीय किसान सभा-अजय भवन), उमेश तिवारी (टोको, संयोजक- रोको, ठोको क्रांतिकारी संगठन), बाबू सिंह राजपूत, (क्रांतिकारी किसान मजदूर संगठन-भोपाल) , जसविंदर सिंह (अखिल भारतीय किसान सभा), इंद्रजीतसिंह (शहीद राघवेंद्र सिंह किसान संघर्ष समिति),एड आराधना भार्गव (उपाध्यक्ष किसान संघर्ष समिति), एड.शिव सिंह (संयोजक संयुक्त किसान मोर्चा ,रीवा) अनिल यादव (भारतीय किसान युनियन), संजय चौहान (श्रमिक जनता संघ) संदीप ठाकुर (भारतीय किसान श्रमिक जनशक्ति युनियन), विजय कुमार (अखिल भारतीय क्रांतिकारी किसान सभा),राजकुमार सिन्हा (बर्गी बांध विस्थापित संघ), बाबूलाल पटेल(भारतीय किसान युनियन), बबलू जाधव, (भारतीय किसान एवं मजदूर सेना), रामकिशन दांगी ( भारतीय किसान युनियन अराजनीतिक), रामनारायण कुररिया ( अ.भा किसान सभा), अरविंद चौधरी (किसान गर्जना), माधुरी जी (जाग्रत आदिवासी दलित संगठन), कृपाल सिंह मंडलोई, एन ए पी एम, राम इनानिया (आम किसान युनियन), दिलीप शर्मा ( किसान क्रांति), मनीष श्रीवास्तव (अखिल भारतीय खेत किसान मजदूर संगठन), डॉ सुनीलम (अध्यक्ष,किसान संघर्ष समिति), डी डी वासनिक(सिवनी), सुबोध कुमार शर्मा, अशोक तिवारी, महेंद्रसिंह बघेल राम कुमार सनोडिया, मनोज कुमार शर्मा, राजेश पटेल,अकबर खान, दिलीप कुमार सिसोदिया, राहुल ठाकुर, करण शाह, सरिता पटेल, भानुप्रताप मेवाड़ा एवं अन्य संगठनों के पदाधिकारियों ने संबोधित किया।
(संयुक्त किसान मोर्चा, मध्यप्रदेश की ओर से डॉ सुनीलम द्वारा जारी )
