इंदौर
गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर सोमवार को साल 2021 के लिए पद्म पुरस्कारों की घोषणा कर दी गई है। पद्म पुरस्कारों में पद्म विभूषण, पद्म भूषण और पद्म श्री सम्मान शामिल हैं। केंद्र सरकार द्वारा जारी की गई लिस्ट में पद्म भूषण पुरस्कार के लिए पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन का नाम शामिल है। इस लिस्ट में सबसे बड़ा नाम जापान के पूर्व प्रधानमंत्री शिंजो आबे का है, जिन्हें पद्म विभूषण पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। आबे समेत ये पुरस्कार कुल 7 लोगों को दिया गया है। वहीं, पद्म भूषण की लिस्ट में 10 नाम शामिल हैं। ताई ने इस पुरस्कार को इंदौर की जनता को समर्पित किया है।
विधानसभा चुनाव हार गई थीं, फिर बनाया जीत का रिकार्ड
- ताई मीरा कुमार के बाद लोकसभा स्पीकर का पद संभालने वाली दूसरी महिला रही हैं। 12 अप्रैल 1943 को महाराष्ट्र के चिपलुन में जन्मी सुमित्रा महाजन के पिता संघ के प्रचारक थे। 22 साल की उम्र में इंदौर में एडवोकेट रहे स्व. जयंत महाजन से उनका विवाह हुआ। वे खुद एडवोकेट भी हैं।
- ताई के नाम से मशहूर सुमित्रा महाजन के राजनीतिक जीवन 1980 के दशक में शुरू हुआ। वे इंदौर की उपमहापौर चुनी गईं। इसके बाद भाजपा ने उन्हें इंदौर-3 से विधानसभा का टिकट दिया लेकिन कांग्रेस के महेश जोशी ने उन्हें हरा दिया। राजनीति के जीवन में ये उनकी एकमात्र हार थी।
- 1989 में उन्होंने पूर्व मंत्री प्रकाशचंद्र सेठी के खिलाफ लोकसभा का चुनाव लड़ा और जीत दर्ज की। इसके बाद जीत का सिलसिला शुरू हो गया। अपनी शिष्टता, सौम्यता और साफगोई के लिए प्रसिद्ध सुमित्रा महाजन के नाम एक ऐसा रिकाॅर्ड दर्ज है, जिसे तोड़ना लगभग असंभव है। वे देश की एकमात्र महिला सांसद हैं, जो एक ही लोकसभा क्षेत्र से, एक ही पार्टी से लगातार 8 लोकसभा चुनाव जीत चुकी हैं।
- ताई ने 8 बार की जीत दर्ज : 1989, 1991, 1996, 1998, 1999, 2004, 2009 और 2014।

