मध्यप्रदेश में मतदाता सूची की गहन जांच के लिए विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) शुरू होगा। प्रदेश में आज रात से मतदाता सूची फ्रीज हो जाएगी। इसके बाद बीएलओ घर-घर जाकर सत्यापन करेंगे, संदिग्ध मतदाताओं से दस्तावेज मांगे जाएंगे।
मध्यप्रदेश में प्रत्येक मतदाता की पहचान की दोबारा जांच होगी। भारत निर्वाचन आयोग ने सोमवार को विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान की शुरुआत की घोषणा की। इस प्रक्रिया के तहत प्रदेश की सभी 230 विधानसभा सीटों के मतदान केंद्रों की वोटर लिस्ट को नए सिरे से परखा जाएगा। आयोग के निर्देश पर सभी जिलों में अधिकारियों का प्रशिक्षण पूरा हो चुका है। सोमवार रात 12 बजे से मतदाता सूची को फ्रीज कर दिया जाएगा, जिसके बाद नए नाम जोड़ने पर अस्थायी रोक रहेगी। बूथ लेवल ऑफिसर (बीएलओ) अब घर-घर जाकर मतदाताओं की जानकारी का सत्यापन करेंगे। प्रत्येक बीएलओ एक घर में तीन बार तक दौरा करेगा ताकि कोई भी पात्र मतदाता छूट न जाए। संदिग्ध मतदाताओं से दस्तावेज मांगे जाएंगे, और जिनके नाम पर संदेह होगा, उन्हें सूची से हटाया जा सकता है। साथ ही, जिनका पता बदल गया है या जिनकी मृत्यु हो चुकी है, उनके नाम भी हटाए जाएंगे। आयोग का लक्ष्य मतदाता सूची को पूरी तरह शुद्ध और अपडेटेड बनाना है। इसके तहत चुनाव आयोग का लक्ष्य है कि कोई भी पात्र मतदाता छूट नहीं और कोई भी अपात्र सूची में शामिल न रहे।
SIR (विशेष गहन पुनरीक्षण) क्या है?
यह निर्वाचन आयोग की विशेष प्रक्रिया है। इसमें 18 वर्ष से अधिक आयु के नए मतदाताओं का पंजीकरण किया जाएगा। साथ ही मृत, स्थानांतरित, या डुप्लिकेट नामों को हटाया जाएगा। साथ ही गलत पते या नाम की त्रुटियों का सुधार किया जाएगा। इसके लिए बीएलओ द्वारा घर-घर जाकर फॉर्म भरवाना और पहचान सत्यापन।
प्रदेश में करीब 5.74 करोड़ मतदाता
मध्य प्रदेश में कुल मतदाता करीब 5.74 करोड़ हैं। प्रदेश में 65,014 पोलिंग बूथ, 1 लाख 19 हजार 940 बीएलओ, 762 सहायक रिटर्निंग ऑफिसर और 55 जिला निर्वाचन अधिकारी हैं। वहीं, जानकारी के अनुसार प्रदेश में 2.92 करोड़ पुरुष मतदाता और 2.78 करोड़ के करीब महिला मदताओं क संख्या हैं। प्रदेश में आयुवार मतदाताओं की संख्या में 18-19 वर्ष के 11 लाख 19 हजार 161, 20 से 29 वर्ष के 1 करोड़ 33 लाख 88 हजार 424, 30 से 39 वर्ष के 1 करोड़ 51 लाख 44 हजार 883, 40 से 49 वर्ष के 1 करोड़ 15 लाख 28 हजार 407, 50 से 59 वर्ष के 81 लाख 31 हजार 709, 60 से 69 वर्ष के 48 लाख 15 हजार 858 और 70 से 79 वर्ष के 22 लाख 11 हजार 505 मतदाता हैं। इसी तरह 80 वर्ष से अधिक उम्र के प्रदेश में कुल 7 लाख 52 हजार 420 मतदाता हैं।
7 फरवरी 2026 को होगा अंतिम सूची का प्रकाशन
चुनाव आयोग की तरफ से जारी किए शेड्यूल अनुसार 28 अक्टूबर से 3 नवंबर 2025 के बीच प्रशिक्षण और प्रिंटिंग का काम होगा। 4 नवंबर से 4 दिसंबर तक घर-घर बीएलए सत्यापन करेंगे। 9 दिसंबर 2025 को ड्राफ्ट का प्रकाशन किया जाएगा। 9 दिसंबर से 31 जनवरी 2026 तक सुनवाई और सत्यापन का समय तय किया गया है। वहीं, 7 फरवरी 2026 को अंतिम सूची का प्रकाशन किया जाएगा।

