भाजपा के वरिष्ठ नेता कैलाश विजयवर्गीय बुधवार रात फिर चर्चाओं में आ गए। वह है पीएम नरेंद्र मोदी के कारण जो विजयवर्गीय के भतीजे की शादी में शामिल हुए। सियासी गलियारों में उनकी राजनीतिक ताकत को लेकर फिर अटकलें शुरू हो गईं हैं। दरअसल, शहर में बुधवार रात को विजयवर्गीय के भतीजे की शादी के कुछ वीडियो सामने आए और देखते ही देखते प्रदेश ही नहीं बल्कि देशभर में वायरल हो गए। इस शादी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शिरकत की और स्टेज पर जाकर वर-वधू से मिले व उन्हें आशीर्वाद लिया। फिर वहां से नीचे उतरने तक मोदी के साथ उनकी सुरक्षा टीम, खुद विजयवर्गीय, केंद्रीय मंत्री नरेंद्रसिंह तोमर व अन्य लोग दिख रहे हैं। यह वीडियो 21 दिसम्बर का है।
महापौर पुष्यमित्र भार्गव भी रिसेप्शन में हुए शामिल।
नजदीकी लोगों के मुताबिक इसके पूर्व विजयवर्गीय के छोटे भाई विजय विजयवर्गीय के बेटे विवेक की शादी को लेकर लोनावला (हिल स्टेशन, महाराष्ट्र) में तीन दिन अलग-अलग कार्यक्रम थे। फिर एक शाही रिसेप्शन बुधवार 21 दिसम्बर की रात बंगला नं. 3 कृष्ण मेनन मार्ग, नई दिल्ली, (केंद्रीय मंत्री नरेंद्रसिंह तोमर का बंगला) पर खा गया था। इस शादी को न सिर्फ धन-वैभव, कुलीनता से ही नहीं बल्कि अपने निजी व राजनीतिक संबंधों सहित हर दृष्टि से काफी बड़ा रूप दिया गया। चूंकि विजयवर्गीय के परिवार की यह आखिरी शादी थी इसलिए भी इसे लेकर काफी उत्साह था। इसके पूर्व लोनावला में खुद विजयवर्गीय इसके लिए तीन दिन पहले कुछेक अपने खास मेहमानों के साथ निजी हेलिकॉप्टर से वहां पहुंच गए थे। बाद में उनके कई खास समर्थक व रिश्तेदार भी वहां पहुंचे और शादी में शामिल हुए।
सोशल मीडिया पर किया वायरल
बुधवार रात को रिसेप्शन में प्रधानमंत्री मोदी आने वाले थे इसलिए हर बात का बारीकी से ध्यान रखा गया। बहरहाल, रातभर से ही विजयवर्गीय के समर्थकों ने सोशल मीडिया पर इन वीडियो के माध्यम से काफी धूम मचा रखी है। उनके समर्थक उन्हें बड़ा पद मिलने की संभावना जताने से नहीं चूक रहे।
परिवार के बच्चों के साथ मोदी के वीडियो-फोटो शूट
वीडियो में रात के इस आयोजन में प्रधानमंत्री मोदी अपने मंत्रियों व टीम के साथ स्टेज पर पहुंचे। इस दौरान मोदी काला स्वेटर व सफेद चेक्स का मफलर पहने हैं। स्टेज पर जाते ही वर-वधू ने उनके पैर छुए तो मोदी ने उन्हें आशीर्वाद दिया।
इंदौर के भी नेता शाही शादी में हुए शामिल
नजदीकी लोगों ने बताया कि कि मुख्य समारोह में वे 2 हजार लोग थे जो देश में अपने-अपने क्षेत्र में बड़ी अहमियत रखते हैं। इनमें ज्यादातर राजनीतिक से जुड़े, औद्योगिक घरानों आदि से थे। रिसेप्शन में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, पीयूष गोयल, उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्करसिंह धामी, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला, पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ सहित कई कई सांसदों ने शिरकत की। इसी कड़ी में इंदौर से वरिष्ठ नेता कृष्णमुरारी मोघे, उत्तम स्वामीजी महाराज, विधायक महेंद्र हार्डिया, महापौर पुष्यमित्र भार्गव, आईडीए अध्यक्ष जयपालसिंह चावडा, विधायक संजय शुक्ला, विशाल पटेल, जेपी मूलचंदानी आदि शामिल हुए। खास बात यह कि आयोजन में पूर्व लोकसभा स्पीकर सुमित्रा महाजन की उपस्थिति नजर नहीं आई।
सिंधिया के बाद अब तोमर से बढ़ती घनिष्ठता
उधर, विजयवर्गीय और केंद्रीय मंत्री नरेंद्रिसंह तोमर की लगातार बढ़ रही घनिष्ठता भी राजनीतिक हलकों में चर्चाओं में है। इस आयोजन में विजयवर्गीय के साथ उनके इंदौर के कुछ खास समर्थकों की दिल्ली में मंत्री तोमर के बंगले में काफी सक्रियता रही जबकि दोनों की पहले कम घनिष्ठता रही। आयोजन भी तोमर के निवास पर हुआ। दूसरी ओर विजयवर्गीय के और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के संबंध भी अब काफी प्रगाढ़ हो गए हैं और ये संबंध भी किसी से छिपे नहीं हैं जबकि सिंधिया व तोमर अलग-अलग ध्रुव हैं। बहरहाल, वैवाहिक कार्यक्रमों में विजयवर्गीय के निजी व राजनीतिक संबंधों के कई मायने निकाले जा रहे हैं। कई लोग तो इसे अगले साल के विधानसभा चुनाव की नजर से भी देख रहे हैं। यह निजी व राजनीतिक ताकत आने वाले दिनों में संगठनों की बैठकों व चुनाव में कितना प्रभाव दिखाएगी, इस पर सियासी हलचल तेज है।

