एस पी मित्तल, अजमेर
आमतौर पर अभिभावक और छात्र कक्षा 11वीं में विषयों का चयन करते हैं। इसके पीछे यही धारणा होती है कि 11वीं कक्षा तक आते आते स्टूडेंट परिपक्व हो जाता है। ऐसे में वह भविष्य का निर्धारण कर सकता है। लेकिन जेईई और नीट की (स्टडी) तैयारी करवाने वाली अजमेर की लोकप्रिय शिक्षण संस्था आरजी एकेडमी के निदेशक रत्नेश दयाल और गिरीश जैन का मानना है कि जिस प्रकार भारतीय युवा अंतर्राष्ट्रीय क्षेत्र में अपनी योग्यता दिखा रहा है उससे अब कोई भी समस्या अनसुलझी नहीं रह गई है। यदि किसी युवा को इंजीनियर और डॉक्टर बनना है तो उसे 11वीं कक्षा तक का इंतजार करने की जरुरत नहीं है। अब कक्षा 7 से ही जेईई और नीट जैसी परीक्षा का अभ्यास शुरू किया जा सकता है। हमारे शिक्षण संस्थान में जो पाठ्यक्रम तैयार किया गया है उससे स्कूल की नियमित पढ़ाई प्रभावित नहीं होगी और स्टूडेंट आसानी से कक्षा 7 से ही नीट और जेईई की परीक्षा का अभ्यास कर सकता है। उन्होंने कहा कि अजमेर के युवाओं में भी योग्यता और दक्षता की कोई कमी नहीं है। यदि कक्षा सात से ही सही मार्ग दर्शन मिले तो 12वीं के बाद बहुत आसानी से जेईई और नीट की परीक्षा उत्तीर्ण की जा सकती है। उन्होंने बताया कि समस्त परीक्षाएं ऑब्जेक्टिव टाइम की होती है, जिसमें दो या तीन घंटे में 100 से 150 प्रश्न हल करने होते हैं। इतने कम समय में प्रश्नों का सही उत्तर देना अभ्यास से ही संभव है, क्योंकि इन परीक्षाओं में नेगेटिव मार्किंग होती है। जब विद्यार्थी को समय समय पर इस तरह की परीक्षा देने का अभ्यास हो तो विद्यार्थी वास्तविक परीक्षा के दिन तनाव रहित माहौल में अधिकांश प्रश्नों को हल कर सकता है। इन परीक्षाओं में विद्यार्थी को अपनी सीमाओं और क्षमताओं का ज्ञान होना आवश्यक है ताकि वो ऐसे प्रश्नों में नहीं उलझे जो उस दिन हल करने संभव नहीं हो। ऐसा वर्षपर्यंत अभ्यास से ही संभव है। इसके अतिरिक्त कक्षा 7 से ही तैयारी आरंभ करने पर विद्यार्थी को kvpy/ntse olympiad में भी सफलता मिलती है। यही कारण है कि इस वर्ष हमारे संस्थान के चार विद्यार्थियों ने एनटीएसई स्टेज-2 में सफलता पाई है। इसके अलावा साइंस ओलंपियाड में 8 और मैथ ओलंपियाड में 5 विद्यार्थियों ने सफलता पाई है। इन विद्यार्थियों के अनुभव के बारे में संस्थान ने एक वीडियो भी बनाया है, इस वीडियो को https://youtu.be/PE2j47EsSE8 लिंक पर देखा जा सकता है। उन्होंने बताया कि प्रतिवर्ष जेईई और नीट की परीक्षाओं में अनेक स्टूडेंट उनके शिक्षण संस्थान के माध्यम से सफल होते हैं। अजमेर के सिविल लाइंस क्षेत्र में संस्थान का अपना बहुमंजिला भवन है, जिसमें स्टूडेंट को सभी प्रकार की सुविधाएं उपलब्ध है।
डॉक्टर और इंजीनियर बनने के लिए कक्षा 7 से ही अभ्यास की जरुरत… अजमेर की आरजी एकेडमी की नई पहल

