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विश्वकर्मा, पेरियार,ई.वी. रामास्वामी नायकर मोदी जी की जयन्ती

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लखनऊ 17 सितम्बर। वास्तुकला के देव विश्वकर्मा की जयन्ती, सत्य के स्वतंत्र खोज के प्रेरक पेरियार ई.वी. रामास्वामी नायकर की जयन्ती तथा विश्व के सबसे लोकप्रिय प्रधानमंत्री मोदी जी की जयन्ती पर पाल वल्र्ड टाइम्स वेबसाइट के एल्डिको कालोनी, रायबरेली रोड पर स्थित प्रधान कार्यालय मंे हार्दिक सम्मान प्रकट किया गया।  मुख्य अतिथि प्रसिद्ध कवि श्री सूरज जौनपुरी ने सभी धर्मों के अवतारों-सन्देशवाहकों, सर्वसमाज के महापुरूषों तथा कुशल शासिका मातुश्री अहिल्याबाई होल्कर के चित्रों के समक्ष दीप प्रज्जवलित करके सर्व-धर्म समभाव का संदेश सभी को दिया। सूरज जौनपुरी ने इस अवसर पर अपनी हृदय को छू लेने वाली किसान-मजदूरों को समर्पित कविता प्रस्तुत करके सभी को आन्दोलित किया।  इस अवसर पर मुख्य वक्ता श्री प्रदीपजी पाल ने कहा कि आज का महान दिवस में हमंे नव सृजन हेतु सत्य की स्वतंत्र खोज करने के लिए पे्ररित करता है। हमें अपने पूर्वजों के सार्वभौमिक विचारों के अनुकूल लोक कल्याण, पारिवारिक एकता, जय जगत, प्रत्येक वोटर को वोटरशिप, भारतीय संस्कृति के आदर्श वसुधैव कुटुम्बकम् तथा सर्व-धर्म समभाव के विचारों को जन-जन में पहुंचाने का संकल्प लेना चाहिए। उन्होंने आगे कहा कि वर्तमान में प्रधानमंत्री मोदी जी विश्व के सबसे लोकप्रिय व्यक्तित्व है। आतंकवाद से पीड़ित सारा विश्व आज भारत की ओर बड़ी आशा से देख रहा है। भारतीय संस्कृति के आदर्श ‘‘वसुधैव कुटुम्बकम् – जय जगत’’ के विचार में विश्व की सभी समस्याओं का समाधान निहित है। इस दिशा में हमें एक साहसिक कदम बढ़ाकर वैश्विक लोकतांत्रिक व्यवस्था (विश्व संसद) का गठन समय रहते कर लेना चाहिए। देशों की तरह सारे विश्व को चलाने के लिए एक विश्व संसद, विश्व सरकार तथा प्रभावशाली विश्व न्यायालय अनिवार्य आवश्यकता है। इसके  पश्चात ही मानव जाति की गुफाओं से शुरू हुई विकास यात्रा का अन्तिम लक्ष्य धरती पर आध्यात्मिक साम्राज्य की स्थापना का पूरा होगा।   

  वरिष्ठ समाजसेवी श्रीमती उमा जी पाल, श्रीमती नीतू सिंह तथा युवा विश्व पाल ने पारिवारिक एकता के लिए समाज से मिल रहे विश्वास तथा सहयोग के लिए सभी के प्रति हार्दिक धन्यवाद प्रकट किया। अन्त में पारिवारिक एकता की लघु पुस्तिका, मेरठ से प्रकाशित ‘हरि कमल दर्पण’ साप्ताहिक समाचार पत्र तथा वोटरशिप योजना की लघु पुस्तिका की प्रतियां सादर भेंट की गयी। 

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