हिन्दूराष्ट्र के नक्कारखाने में मोदी जी की तूती और भजपाईयों की रतौधी इस कदर चढ कर प्रगति का बवाल काट रही है कि भारत के गृह मंत्रालय को संसद के चालू सत्र में आज ये बताते हुए तनिक भी शर्म नहीं आयी कि पिछले 6 सालों में भारत के 6 लाख नागरिकों ने भारत को अलविदा कह कर दूसरे देशों की नागरिकता ले ली ।
केवल इसी साल में 1.11 लाख नागरिक देश छोड कर चले गये ।
वहीं कम्पनी मामलों के मंत्रालय ने कल संसद में बताया कि मोदी जी राज में अब तक 5 लाख से अधिक कंपनियों पर ताले लग गये । ये मोदी जी की आर्थिक नीतियों नोटबंदी और बिना सर पैर की जीएसटी और बाद में सनक की तालाबंदी का कमाल है ।
5 लाख कम्पनियों के बंद होने का सीधा सा मतलब है करीब 2 करोड लोगों के हाथ से राजगार छीन लिया गया ।
और सबसे बड़ी उपलब्धि मोदी जी राज की जो है वो ये कि बैकों का पैसा लेकर इस दौर में 26 हजार से ज्यादा गुजराती देश छोड कर भाग गये ये भरभराते देश का बाइब्रैन्ट है ।
संसद चल रही है संसद के अंदर प्रेस के प्रवेश पर पाबंदी है और मोदी 26 नवम्बर को लोकतंत्र पर छाती पीट कर रूदाली कर रहा था ।
सांसदों के सवाल जो नंगा करने वाले हैं उन्हें सूचि से ही हटा दिया जा रहा है, जब सांसद पूछ रहे हैं कि उनका सवाल कहां गया तो उन्हें निलंबित कर दिया जा रहा है ।
संसद में लोकतंत्र की कब्र खोदी जा रही है और बाहर भक्त हिन्दूराष्ट्र के सपने में बिना प्याज टमाटर नून तेल के विकास खेज रहे हैं ।
मोदी जी की तपस्या का फल है कि केवल इसी एक साल में भारत में कुपोषित बच्चों का प्रतिशत 91 हो गया है और इस कुपोषण से बचने के लिये मोदी जी ने मिड डे मील योजना का नाम बदल कर प्रधानमंत्री पुष्टाहार योजना कर दिया है । बच्चों को कुपोषण से बचाने के मोदी जी के इस मास्टरस्ट्रोक को देख कर पूरी दुनिया ने दांतों तले उंगली नहीं हाथ ही चबा डाला है ।
भारत में दुनिया के सबसे अधिक 4.66 करोड़ अविकसित और 2.55 करोड़ बच्चे कमजोर मौजूद हैं, हिन्डूराष्ट्र का ये भी मास्टरस्ट्रोक ही कहा जायेगा । और मोदी जी राज में पढ़ाई लिखाई तो खैर कहने ही क्या ? संसद का ही वाकया है कि कृषि बिलों को वापस लेते हुए जो ड्राफ्ट बनाया गया उसमें एमएसपी को न्यूनतम समर्थन मूल्य की जगह न्यूनतम विक्रय मूल्य बता दिया गया । जैसे मोदी जी ने पाइनैप्पल को नरियल बताया था । और सबसे सुखद खबर मोदी जी के राज की ये है कि मोदी के दोस्त अनिल अंबानी की कम्पनी रिलायंस कैपिटल को कंगाल हो चुके भारतीय रिजर्व बैंक ने दिवालिया कानून के तहत अधिगृहीत कर लिया है, ये वही अनिल अंबानी है जो हिन्दूराष्ट्र की रक्षा के लिये राफेल बनायेगा । जब दिमाग से दिवालिया देश सिरमौर हो जायेगा तो दिवालिया कानून स्वतः ही जगमगायेगा । आइये आप भी देश का नाम स्याह करने में मोदी जी का साथ दें । जय हिन्द !!

