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*हाई ब्लड प्रेशर सबसे खतरनाक बीमारियों में से एक, नियंत्रित करने में दही बहुत फायदेमंद*

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हाई ब्लड प्रेशर की समस्या बहुत आम है, लेकिन ये सबसे खतरनाक बीमारियों में से एक है। हाई ब्लड प्रेशर कई अन्य बीमारियों का खतरा भी बढ़ाता है। शरीर को सेहतमंद रखने के लिए ब्लड प्रेशर को कंट्रोल रखना बहुत जरूरी है और इसमें खानपान की भूमिका अहम होती है। एक नई स्टडी के मुताबिक, हाई ब्लड प्रेशर को ठीक रखने में दही बहुत फायदेमंद है। साउथ ऑस्ट्रेलिया यूनिवर्सिटी शोधकर्ताओं द्वारा की गई ये स्टडी इंटरनेशनल डेयरी जर्नल में छपी है।

क्या कहती है स्टडी-
अमेरिका (America) की मेन यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने दही के सेवन, ब्लड प्रेशर और दिल की बीमारियों के बीच संबंधों की जांच की है। शोधकर्ताओं ने पाया कि दही हाइपरटेंशन या हाई ब्लड प्रेशर के मरीजों में ब्लड प्रेशर का स्तर कम करती है। दुनियाभर में अरबों लोग हाई ब्लड प्रेशर की समस्या से जूझ रहे हैं। इसकी वजह से उनमें हार्ट अटैक या स्ट्रोक का खतरा हमेशा बना रहता है। शोधकर्ता डॉक्टर एलेक्जेंड्रा वेड का कहना है कि नई स्टडी से इस बात के सबूत मिलते हैं कि हाई ब्लड प्रेशर वालों में दही एक सकारात्मक परिणाम देती है।

डॉक्टर वेड ने कहा, ‘हाई ब्लड प्रेशर दिल की बीमारियों से जुड़ा हुआ है, इसलिए जरूरी है कि हम इसे कम और नियंत्रित करने के तरह-तरह के तरीके ढूंढते रहें। डेयरी फूड्स, खासतौर से दही ब्लड प्रेशर को कम करने में कारगर है। ऐसा इसलिए है, क्योंकि डेयरी पदार्थों में कैल्शियम, मैग्नीशियम और पोटेशियम सहित कई पोषक तत्व होते हैं, जो ब्लड प्रेशर को नियंत्रित रखते हैं। दही में पाए जाने वाले बैक्टीरिया प्रोटीन को बढ़ाने का काम करते हैं जिससे ब्लड प्रेशर कम रहता है. स्टडी में पाया गया है कि हाई ब्लड प्रेशर वालों में दही की थोड़ी सी मात्रा ने भी ब्लड प्रेशर को कम करने का काम किया.’

डॉक्टर वेड के अनुसार, जो लोग नियमित रूप से दही खाते हैं, उनमें इसके परिणाम ज्यादा अच्छे देखने को मिले हैं। दही ना खाने वालों की तुलना में इन लोगों का ब्लड प्रेशर सात अंक तक कम था। शोधकर्ताओं का कहना है कि दही के फायदों को देखते हुए भविष्य में और भी बीमारियों के संबंध में इस पर स्टडी जारी रखनी चाहिए।

नोट – उपरोक्त दी गई जानकारी व सुझाव सामान्य जानकारी के लिए हैं इन्हें किसी प्रोफेशनल डॉक्टर की सलाह के रूप में न समझें। कोई भी बीमारी या परेंशानी हो तो विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।

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