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रीमिक्स का सिलसिला कबतक

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शशिकांत गुप्ते

देश का सभी राजनैतिक दल देश की जनता की भलाई करने के लिए तत्पर रहतें है। एक दूसरें के साथ अभी दलों में जनता की भलाई करने के लिए प्रतिस्पर्धा होती है। सभी दल यही कहतें हैं। हम किसी से कम नहीं
कुछ दल आपस मिलजुल कर जनता की भलाई करने के वादें करतें हैं, यह कहतें हुए कि, हम साथ साथ हैं।
एक ही दल में दो नेताओं के सम्बंध ऐसे दिखाई देतें हैं जैस एक दूजे के लिए ही है। जब कुर्सी पर बैठने का अवसर आता है, तब जो सक्षम होता है वह दूसरे से पूछता है ? हम आपके हैं कौन? लेकिन ऐसा कहने वाला यह भूल जाता है।।म्यूजिकल चेयर की रेस में म्यूजिक कबतक बजेगा और किसे आसानी से कुर्सी पर बैठना नसीब होगा यह हाई कमान पर निर्भर होता है।
कुर्सी पर बैठाने के योग्यता के मापदंड भी हाईकमान ही तय करती है। कुर्सी पर बैठने वाले के पास प्रशासनिक योग्यता का अनुभव होना जरूरी नहीं है, ना ही उसके पास शैक्षणिक योग्यता होनी चाहिए। उसके पास समर्थकों की संख्या पर्याप्त होनी चाहिए। यदि पर्याप्त संख्या ना भी हो तो उसे बहुमत प्राप्त दल के निर्वाचित सदस्यों का समर्थन प्राप्त करनी क्षमता होनी चाहिए। कुर्सी पर बैठने वाला व्यक्ति, दूसरें दल के निर्वाचित सदस्यों का समर्थन प्राप्त करने के लिए अर्थ के बिना सब व्यर्थ इस सूक्ति को चरितार्थ करने में भी निपुण होना चाहिए। जिन सदस्यों का समर्थन प्राप्त करना है, उनके ख़िलाफ़ जितने आरोप लगाएं है,और उनमें कुछ सच में अपराधी भी होंगे उन्हें स्वच्छ छबि का प्रमाण पत्र दिलवाने में हाई कमान के द्वारा हर सम्भव सहयोग करने का गोपनीय आश्वासन मिलेगा।बहुत से भाग्यवान लोग जनता के समक्ष वोट मांगने नहीं जातें हैं। फिरभी हाई कमान की अनुकम्पा से राज्यसभा या राजपाल की कुर्सी पर बैठने के लिए योग्य हो जातें हैं, यह गुनगुनाते हुए बिन फेरे हम तेरे
चुनाव के दौरान बहुत से रैलियां सभाएं करना पड़ती हैं।
Showoff शब्द का अर्थ होता है दिखावा। चुनाव के दौरान सभी दल Roadshow मतलब सड़क पर शो मतलब दिखावा करतें हैं।
रोडशो में जो जनता दिखाई देती है,उस जनता की भीड़ कहा जाता है। रैलियों में उमड़ती भीड़ की तादाद से रैली की सफलता आंकी जाती है।
इन रैलियों में बहुत से ऐसे चेहरे भी दिखाई देतें हैं जिनके नीचे बहुत रेले होतें हैं।
राजनीति में सब जायज है।
फिल्मों में जो रीमिक्स का प्रचलन शुरू होगया है वह वर्तमान राजनीति से हूबहू मेल खाता है।
गोलमाल का पार्ट 2,3,4 निरंतर चलता रहेगा। हेराफेरी भी फिर हेराफेरी के नाम से निरंतरता बनी रहेगी।
सम्भवतः निर्माता इस उहापोह में है कि श्रीमान 420 का रीमिक्स बनाएं या 840 का या बढ़ती का नाम दाढ़ी का। निर्णय होते ही घोषित किया जाएगा।

शशिकांत गुप्ते इंदौर

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