जबलपुर
नए कृषि कानून के विरोध में जिले व आसपास के क्षेत्रों से जुड़े किसानों ने ट्रैक्टर रैली निकाली। रैली दीनदयाल चौराहे से विजय नगर, उखरी, मेहता पेट्रोल पंप, यादव कॉलोनी होते हुए शहीद स्मारक पहुँची।
यहाँ पहुँचकर किसानों ने मौन रहकर महात्मा गांधी व दिल्ली के किसान आंदोलन के दौरान मृत हुए 170 किसानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद उन्होंने खून से लिखा हुआ राष्ट्रपति के नाम का एक ज्ञापन भी एसडीएम रिषभ जैन को सौंपा। बताया गया है कि इसके लिए किसानों ने अपना 4 यूनिट खून एक दिन पहले विक्टोरिया अस्पताल में जमा करा लिया था।
रैली के दौरान किसान ट्रैक्टर पर “खून देने तैयार हैं लेकिन जमीन नहीं देंगे’ का नारा लगाते हुए चल रहे थे। ज्ञापन यानी राष्ट्रपति को खत लिखने के बाद बाकी बचे खून को सभी ने दिल्ली बाॅर्डर पर घायल हो रहे किसानों और सीमा पर तैनात देश के जवानों को पहुँचाने की बात कही। इस दौरान कार्यक्रम के संयोजक नित्यनिरंजन खम्परिया, पूर्व मंत्री लखन घनघोरिया, विधायक संजय यादव, विनय सक्सेना, आलोक मिश्रा, विश्वशंकर पटेल, सर्वेस पटेल, दुर्गेश पटेल, विक्रम सिंह आदि मौजूद रहे।
विजय नगर से यादव कॉलोनी होकर जाने की मिली थी अनुमित
आंदोलन कर रहे किसानों ने पहले दीनदयाल चौराहे से दमोहनाका, बल्देवबाग, रानीताल होकर शहीद स्मारक जाने की इजाजत प्रशासन से माँगी थी, जो उन्हें नहीं दी गई। इसके बाद दीनदयाल चौराहे से विजय नगर, यादव कॉलोनी होकर जाने की अनुमति किसानों को दी गई।
कई जगह बने जाम के हालात
रैली के दौरान जहाँ-जहाँ मार्ग से ट्रैक्टर रैली निकली वहाँ का यातायात बाधित होता रहा। जाम के हालात निर्मित हुए। लोगों को परेशानी का सामना भी करना पड़ा।





