अग्नि आलोक
script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

 पश्चिम बंगाल स्कूल सेवा आयोग घोटाले में साढ़े 3 साल बाद जेल से रिहा होंगे पार्थ चटर्जी!

Share

SSC के पूर्व चेयरमैन सुबीरेश भट्टाचार्य भी छूट रहे,सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर जमानत मिली

पार्थ चटर्जी को पश्चिम बंगाल स्कूल सेवा आयोग घोटाले में तीन साल हिरासत के बाद सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर जमानत मिली. वे फिलहाल अस्पताल में भर्ती हैं. सीबीआई ने पश्चिम बंगाल में सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों में कक्षा नौ से 12 तक के शिक्षकों और ग्रुप सी कर्मचारियों की भर्ती में कथित अनियमितताओं को लेकर चटर्जी और कुछ वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है.

आखिरकार पश्चिम बंगाल के पूर्व शिक्षा मंत्री पार्थ चटर्जी को जेल से रिहाई का आदेश मिल गया है. पूर्व मंत्री पार्थ चटर्जी को 2022 में पश्चिम बंगाल स्कूल सेवा आयोग (एसएससी) शिक्षक भर्ती घोटाले के मामले में गिरफ्तार किया गया था. उसी साल 22 जुलाई को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने उनके नकतला स्थित घर पर छापा मारा था. घंटों पूछताछ के बाद उनकी करीबी अर्पिता चटर्जी के फ्लैट पर भी तलाशी ली गई, जहां से भारी मात्रा में कैश बरामद हुआ था.

सूत्रों के मुताबिक, पार्थ चटर्जी की जमानत की शर्त के तौर पर 90 हजार रुपये जमा हो चुके हैं. स्पेशल सीबीआई कोर्ट के जज के रिलीज ऑर्डर पर साइन करते ही यह पैसा प्रेसिडेंसी जेल में जमा हो जाएगा, और उसके बाद पार्थ चटर्जी के घर लौटने का इंतजार भी खत्म हो जाएगा. फिलहाल पार्थ बाईपास के एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती हैं.

पार्थ ने इससे पहले भी कई बार ज़मानत के लिए अर्ज़ी दी थी, यहां तक कि वे सुप्रीम कोर्ट भी गए थे. आखिरकार पिछले साल दिसंबर में सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया कि पार्थ चटर्जी कुछ खास शर्तों के साथ ज़मानत पा सकते हैं. लेकिन उससे पहले चार्ज फ्रेमिंग और अहम गवाहों के बयान रिकॉर्ड पूरे होने चाहिए. अब जब सारी शर्तें पूरी हो गई हैं, तो उनकी रिहाई बस कुछ ही समय की बात है.

चटर्जी के वकील ने कहा कि अदालत द्वारा जमानत आदेश पारित करने के बाद पूर्व मंत्री को जेल से रिहा कर दिया जाएगा. चटर्जी फिलहाल अस्पताल में हैं. निचली अदालत के निर्देश पर जमानत बांड के निष्पादन के बाद उनकी रिहाई का आदेश दिए जाने की संभावना है.

केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने पश्चिम बंगाल में सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों में कक्षा नौ से 12 तक के शिक्षकों और ग्रुप सी कर्मचारियों की भर्ती में कथित अनियमितताओं को लेकर चटर्जी और कुछ वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है. सर्वोच्च न्यायालय ने अपने आदेश में कहा था कि चटर्जी ने लगभग तीन साल हिरासत में बिताए हैं और उनका लगातार जेल में रहना ‘न्याय का उपहास’ होगा.

Ramswaroop Mantri

Recent posts

script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

प्रमुख खबरें

चर्चित खबरें