: मध्यप्रदेश के खंडवा जिले में बड़ा हादसा हुआ है। जिसमें 11 लोगों की मौत की खबर सामने आ रही है। फंदाना क्षेत्र के ग्राम अर्दला में दुर्गा विसर्जन के दौरान तालाब में ट्रैक्टर ट्रॉली पलट गई। जिसमें कई लोग कई लोग डूब गए। मौके पर रेस्क्यू ऑपरेशन जारी हैं।
जानकारी के मुताबिक, ग्राम पंचायत के पाडलाफाटा के ग्रामीण गुरुवार दुर्गा प्रतिमा का विसर्जन करने जा रहे थे। इसी दौरान चालक ट्रैक्टर को तालाब किनारे से हटाकर सड़क पर खड़ा करने लगा, ताकि पुलिया से प्रतिमा को सीधे तालाब में विसर्जित की जा सके, लेकिन अचानक ट्रैक्टर चालक नियंत्रण खो बैठा और ट्रैक्टर-ट्राली करीब 20 फीट नीचे तालाब में गिर गई। ट्रॉली में प्रतिमा के साथ दर्जनभर श्रद्धालु सवार थे। जो अचानक हुए हादसे में तालाब में ट्रैक्टर-ट्राली के नीचे दब गए। हादसे के बाद चीख-पुकार मच गई।
ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचकर जान जोखिम में डालकर तालाब में कूदकर दबे हुए लोगों को निकालने का काम शुरू किया। ग्रामीणों ने घंटों तक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया। जानकारी के अनुसार अब तक हादसे में 11 लोगों की मौत हो गई, जबकि दो लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। घायलों को तालाब से बाहर निकालकर इलाज के लिए भेजा। इस दौरान अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
दरअसल, घटना दोपहर करीब 4 बजे की है, लेकिन प्रशासन की टीम मौके पर काफी देर बाद पहुंची। हादसे के वक्त कोई भी जिम्मेदार अधिकारी या पुलिसकर्मी मौजूद नहीं था। यहां तक कि एसडीआरएफ की टीम भी शाम 7 बजे तक मौके पर नहीं पहुंच पाई। इस बीच ग्रामीण ही पूरी तरह से राहत और बचाव कार्य में जुटे रहे।
स्थानीय लोगों ने बताया कि प्रशासन की भारी लापरवाही इस हादसे की मुख्य वजह बनी। हर साल की तरह अर्दला तालाब पर मूर्ति विसर्जन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था की जाती है, लेकिन इस बार तालाब पर पुलिस बल तो दूर, एक कोटवार तक तैनात नहीं था। जबकि प्रतिवर्ष 30 से 40 से अधिक मूर्तियां इसी तालाब में विसर्जित की जाती हैं। आसपास के गांव उमरदा, पाबई, पंधाना, बिलुद, मांडवा, राजगढ़, काकोड़ा, अस्तरिया और दीवाल के ग्रामीण अपनी प्रतिमाओं का विसर्जन अर्दला तालाब में ही करते हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि प्रशासन यदि समय रहते मौके पर मौजूद रहता तो हादसे की गंभीरता कम हो सकती थी। इस बड़ी चूक ने दशहरे के उत्सव को मातम में बदल दिया। फिलहाल कलेक्टर और एसपी सहित पुलिस प्रशासन घटनास्थल पर मौजूद हैं और आगे की कार्रवाई की जा रही हैं।





