अग्नि आलोक
script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

133 साल पुरानी कोडक हो गई दिवालिया, फुजीफिल्म ने कैसे रखा खुद को जिंदा?

Share

जब डिजिटल क्रांति ने कैमरा रील का बाजार खत्म कर दिया, तो दिग्गज कंपनी कोडक बर्बाद हो गई, लेकिन फुजीफिल्म आज भी जिंदा है. न केवल जिंदा है, बल्कि जबरदस्त प्रॉफिट भी बना रही है. ये कहानी फुजीफिल्म की सफलता की कहानी है, जो बताती है कि समय के साथ बदलाव बेहद जरूरी हैं. इस कंपनी ने बुरे वक्त का सामना किया और फिर कैसे खुद को बनाए रखा, जानिए पूरी डिटेल…

एक जमाने में अरबों का कारोबार करने वाली कोडक कंपनी आज कर्ज में डूबी है. हालत ये हैं कि 500 मिलियन डॉलर का कर्ज चुकाने के लिए कंपनी के पास पैसे नहीं हैं.एक दौर था जब फोटोग्राफी की दुनिया में कोडक ऐसा नाम हुआ करता था कि हर कोई इस कंपनी का कैमरा लेना चाहता था. शुरुआती दौर में जितने भी कैमरे थे, वो ज्यादातर कोडक कंपनी के ही थे. इसीलिए कई दशकों तक कोडक सिर्फ एक नाम नहीं बल्कि लोगों की यादों को कैद करने वाला एक जरिया बन गया था. हालांकि स्मार्टफोन आने और टेक्नोलॉजी के बढ़ने के चलते अब कोडक कंपनी आखिरी सांसें गिन रही है. इसके साथ ही 133 साल पुरानी एक लंबी विरासत भी खत्म होने जा रही है. 

साल 2012 में फोटोग्राफी की दुनिया के सबसे बड़े नाम ‘कोडक’ ने खुद को दिवालिया घोषित किया. तब कुछ लोगों को लगा कि उसी तरह की एक दूसरी कंपनी फुजीफिल्म के साथ भी शायद वैसा ही हो. सामने से आंधी चल रही थी, मगर फुजीफिल्म के अधिकारियों को खास फर्क नहीं पड़ा. यह वही दौर था जब डिजिटल कैमरों और स्मार्टफ़ोन ने रील (Film) वाले कैमरों का वजूद मिटा दिया था. जिस रील के बिजनेस से फुजीफिल्म अपनी 70 प्रतिशत कमाई करती थी, वह अचानक जीरो हो गई थी. हर कोई मान चुका था कि अब फुजीफिल्म का नाम भी इतिहास के पन्नों में खो जाएगा, जैसे कि कोडक के साथ हुआ था. लेकिन आज फुजीफिल्म न सिर्फ जिंदा है, बल्कि उसकी वैल्यू पहले से कई गुना ज्यादा बढ़ चुकी है. ऐसा कैसे संभव हुआ? फुजीफिल्म ने खुद को कैसे जिंदा रखा, जबकि उससे भी बड़े नाम मिट्टी हो चुके थे. कहानी दिलचस्प है.

फुजीफिल्म की शुरुआत 1934 में जापान में हुई थी. तब इसका मकसद जापान के लोगों के लिए बेहतरीन फोटोग्राफिक फिल्म बनाना था. सालों तक इसने कोडक जैसी अमेरिकी कंपनी से लोहा लिया. 1980 और 90 के दशक में जापान में फुजीफिल्म के हरे डिब्बे वाली रील हर घर की पसंद बन चुकी थी. शादी हो या छुट्टियां, लोग फुजीफिल्म की रील ही खरीदते थे. कंपनी का मुनाफा आसमान छू रहा था, मानो पैसा छापने की मशीन चौबीसों घंटे घनघना रही हो. लेकिन साल 2000 के करीब ‘डिजिटल क्रांति’ का एक तूफान उठा, जिसने ऐसी कंपनियों का सबकुछ उड़ा डाला. लोग अब रील वाले कैमरों की जगह डिजिटल कैमरे पसंद करने लगे थे. रील का बाजार हर साल 20 से 30 प्रतिशत की रफ्तार से गिर रहा था. फुजीफिल्म के पास सिर्फ दो रास्ते थे, या तो हाथ पर हाथ रखकर कोडक की तरह मृत्यु का इंतजार करे या खुद को पूरी तरह बदल डाले.

उस वक्त कंपनी की कमान शिगेताका कोमोरी के हाथों में थी. उन्होंने एक बहुत ही हिम्मत वाला फैसला लिया. उन्होंने अपनी रिसर्च टीम से एक सवाल पूछा, “क्या हमारी रील बनाने वाली तकनीक का इस्तेमाल कहीं और हो सकता है?” इंजीनियर्स ने इसी सवाल को आधार बनाकर खोज शुरू की. महीनों की मेहनत के बाद एक उन्होंने बताया कि जिस तरह कैमरा रील को खराब होने से बचाने के लिए कोलेजन (Collagen) का इस्तेमाल होता है, वही कोलेजन इंसान की स्किन को जवान रखने के काम आता है. कैमरा फिल्म बनाने में ऑक्सीकरण यानी सड़ने से बचाने वाली जो तकनीक लगती है, वही एंटी-एजिंग क्रीम में भी काम आ सकती है. फिर क्या था… कोमोरी को अपनी कंपनी बचाने का रास्ता मिल गया था. उन्होंने करोड़ों डॉलर का रिस्क लिया और अपनी पूरी लैब को कॉस्मेटिक्स और हेल्थकेयर की तरफ मोड़ दिया.

ऐसे हुई थी शानदार शुरुआत 

साल 1888 में जॉर्ज ईस्टमैन ने इस कंपनी की शुरुआत की थी. तब कंपनी ने अपना पहला कैमरा 25 डॉलर में बेचा था, जिसका नाम ‘द कोडक कैमरा’ रखा गया था. उस दौर में कैमरे से फोटो निकालना बड़ी बात थी. इसके लिए कई एक्सपर्ट्स की जरूरत पड़ती और ये पूरा प्रोसेस काफी महंगा था. हालांकि कोडक ने इसे आम लोगों के हाथों तक पहुंचाने का काम कर दिया. कंपनी ने तब एक नारा भी दिया था. ‘आप बटन दबाएं, बाकी काम हम कर लेंगे… ‘  इसके बाद कंपनी लोगों के बीच काफी मशहूर हो गई और मुनाफा कई गुना बढ़ने लगा. 

एक दौर था जब फोटोग्राफी की पूरी दुनिया पर कोडक का ही एकछत्र राज था. 1970 के दशक में दुनिया के तमाम देशों में कोडक के ही कैमरे बिकते थे. इसके बाद कोडक ने अपने कैमरों में कई तरह के बदलाव किए और ये और ज्यादा पॉपुलर होने लगा.  

Ramswaroop Mantri

Add comment

Recent posts

script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

प्रमुख खबरें

चर्चित खबरें