कांतिलाल भूरिया को प्रदेश अध्यक्ष के पद से हटा कर उमंग सिंगार बने नए प्रदेश अध्यक्ष, एक दिन पूर्व ही भूरिया जी ने पत्र जारी कर साधारण सभा को अवैधानिक घोषित किया था।
रविवार दिनांक 8 दिसंबर 2024 कांग्रेस समर्थित मध्य प्रदेश आदिवासी विकास परिषद का साधारण सम्मेलन भोपाल के रवींद्र भवन प्रांगण में आयोजित किया गया। इस सम्मेलन की सूचना कुछ दिन पूर्व परिषद के सचिव विनोद इरपाचे द्वारा जारी की गई थी।
वर्तमान में इस परिषद के अध्यक्ष वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री कांतिलाल भूरिया हैं एवं कार्यकारी अध्यक्ष अनूपपुर जिले की पुष्पराजगढ़ विधानसभा के विधायक फुंदेलाल मार्को हैं।
सचिव विनोद इरपाचे के द्वारा जारी किए गए पत्र में इस साधारण सम्मेलन को आहूत किए जाने की सूचना में अध्यक्ष की अनुमति प्राप्त होना लिखा गया था। इस विषय में कुछ दिन पूर्व जब अध्यक्ष को जानकारी प्राप्त हुई तो उनके द्वारा सचिव से जवाब तलब किया गया तब सचिव ने ऐसे किसी पत्र के जारी होने से इनकार कर दिया गया।
शुक्रवार को इस मामले का खुलासा होने के उपरांत मध्य प्रदेश आदिवासी विकास परिषद के अध्यक्ष द्वारा सचिव विनोद इरपाचे को पद मुक्त करते हुए ग़ैर-अनुमति प्राप्त साधारण सभा को आहूत करने की सूचना को भी निरस्त किए जाने का पत्र जारी किया गया।
हालांकि रविवार को पदमुक्त सचिव विनोद इरपाचे के द्वारा आहूत बैठक में मध्य प्रदेश आदिवासी विकास परिषद को अधिकतर पदाधिकारी, जिला अध्यक्ष और कांग्रेस पार्टी के वर्तमान और पूर्व विधायक अनुपस्थित रहे परंतु इस बैठक में मध्य प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार विशेष रूप से उपस्थित हुए एवं पूर्व निर्धारित योजना के अनुसार कांतिलाल भूरिया को पदच्युत कर स्वयं अध्यक्ष बनाए जाने की प्रक्रिया में हिस्सा लिया।
सूत्रों के अनुसार बैठक के पूर्व प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और हाईकमान के प्रतिनिधियों ने इस विषय में उमंग सिंगार से चर्चा की गई एवं ऐसे किसी कार्य करने से बचने की सलाह भी दी गई परंतु उमंग सिंगार द्वारा एक तरफा निर्णय लेते हुए मध्य प्रदेश आदिवासी विकास परिषद के प्रदेश अध्यक्ष में बदलाव की प्रक्रिया सम्पादित की गई।
रविवार की बैठक में मध्य प्रदेश आदिवासी विकास परिषद के कितने सदस्यों ने भाग लिया एवं वोट किया इस बारे में अधिक जानकारी सामने नहीं आ पायी है परंतु कयास यह लगाये जा रहे हैं की परिषद के सचिव विनोद इरपाचे रायसेन जिले की सिलवानी विधानसभा से पूर्व भाजपा विधायक रामपाल के करीबी हैं और पिछले कुछ समय से मुख्यमंत्री के ओएसडी लक्ष्मण मरकाम के संपर्क में भी रहे हैं।





