आज के बड़े इवेंट
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज श्री नारायण गुरु और महात्मा गांधी के बीच वार्तालाप के शताब्दी समारोह का शुभारंभ करेंगे।
- कर्नाटक के सीएम सिद्धारमैया आज 3 दिन के दौरे पर दिल्ली पहुंचेंगे।
- राजधानी दिल्ली में आज मानसून दस्तक दे सकता है। बारिश-आंधी का अलर्ट।
डोनाल्ड ट्रंप ने किया इजरायल-ईरान में सीजफायर का ऐलान
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि इजरायल और ईरान के बीच संघर्ष विराम हो गया है। इससे दोनों देशों के बीच 12 दिन से चल रही लड़ाई रुक गई है। राष्ट्रपति ट्रंप ने सोमवार को अपने ट्रुथ सोशल पर किए गए पोस्ट में कहा कि इजरायल और ईरान में इस बात पर पूरी तरह से सहमति बन गई है कि पूर्ण और संपूर्ण युद्ध विराम होगा।

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि इजरायल और ईरान के बीच संघर्ष विराम हो गया है। इससे दोनों देशों के बीच 12 दिन से चल रही लड़ाई रुक गई है। राष्ट्रपति ट्रंप ने सोमवार को अपने ट्रुथ सोशल पर किए गए पोस्ट में कहा कि इजरायल और ईरान में इस बात पर पूरी तरह से सहमति बन गई है कि पूर्ण और संपूर्ण युद्ध विराम होगा। ट्रंप की घोषणा या इसके समय को लेकर इजरायल और ईरान की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।
ट्रंप के सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि 24 घंटे का चरणबद्ध युद्धविराम मंगलवार आधी रात से शुरू हो रहा है। इससे दोनों देशों को अपने अंतिम मिशनों को समाप्त और पूरा करने के लिए छह घंटे का समय मिलेगा। उन्होंने कहा कि उस समय ईरान हमले बंद कर देगा और 12 घंटे बाद इजरायल भी हमले बंद कर देगा। इसके 12 घंटे बाद युद्ध को पूरी तरह समाप्त माना जाएगा।
इजरायल-ईरान को बधाई: ट्रंप
डोनाल्ड ट्रंप की ओर से कहा गया है, ‘आधिकारिक तौर पर ईरान युद्ध विराम शुरू करेगा और 12वें घंटे पर इजरायल युद्ध विराम शुरू करेगा और 24वें घंटे पर 12 दिवसीय युद्ध का आधिकारिक अंत होगा। प्रत्येक युद्ध विराम के दौरान दूसरा पक्ष शांतिपूर्ण और सम्मानजनक बना रहेगा। मैं दोनों देशों इजरायल और ईरान को बधाई देना चाहूंगा कि उनके पास वह सहनशक्ति, साहस और बुद्धिमत्ता है, जिससे वे उस युद्ध को समाप्त कर सकते हैं जिसे 12 दिवसीय युद्ध कहा जाना चाहिए।’
डोनाल्ड ट्रंप ने आगे कहा कि ईरान-इजरायल में युद्ध सालों तक चल सकता था और पूरे पश्चिम एशिया को नष्ट कर सकता था लेकिन ऐसा नहीं हुआ और उम्मीद करते हैं कि कभी नहीं होगा। ट्रंप के ऐलान के बाद रिपब्लिकन यूएस हाउस स्पीकर माइक जॉनसन ने कहा कि यह वास्तव में एक उल्लेखनीय उपलब्धि है। राष्ट्रपति ट्रंप इसका पूरा श्रेय पाने के हकदार हैं। ताकत के जरिए शांति इसी तरह दिखती है। हमने इसे काफी समय से नहीं देखा है। यह कैपिटल हिल के लिए वाकई बड़ी राहत की बात है।
13 जून को शुरू हुई थी लड़ाई
ईरान और इजरायल में लड़ाई 13 जून को शुरू हुई थी, जब इजरायली सेना ने ईरान में हवाई हमला कर दिया था। इजरायल ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम को खत्म करने की बात कहते हुए ये अटैक किया। इसके बाद ईरान ने भी इजरायल पर लगातार मिसाइल हमले किए। दोनों देशों के बीच बीते 12 दिन से लगातार लड़ाई चल रही थी और इस दौरान भारी तबाही दोनों तरफ हुई। डोनाल्ड ट्रंप के दावे के मुताबिक, अब ये लड़ाई रुकने जा रही है। सीजफायर की शुरुआत मंगलवार रात से हो गई है और 24 घंटे में यानी बुधवार रात तक पूर्ण युद्ध विराम हो जाएगा।
ट्रंप के ही स्टाइल में ईरान ने दे दिया अमेरिका को जवाब

ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने हर अमेरिकी हमले का जवाब देने की कसम खाई है। उसने कतर में अमेरिकी अल उदीद एयर बेस पर मिसाइल हमले की पुष्टि भी की है। आईआरजीसी ने इसे ईरान की परमाणु सुविधाओं पर अमेरिकी हमले का बदला बताया है।
ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने पुष्टि की है कि उसने कतर में अमेरिकी अल उदीद एयर बेस पर मिसाइल हमला किया है। उसने कतर, ईराक और बहरीन में हमले को ईरान की परमाणु सुविधाओं पर अमेरिका के जबरदस्त हमले का जवाबी हमला बताया है। आधिकारिक तस्नीम समाचार एजेंसी द्वारा दिए गए एक कड़े शब्दों वाले बयान में, IRGC ने चेतावनी दी कि आगे किसी भी तरह की आक्रामकता का जवाब बलपूर्वक दिया जाएगा, और घोषणा की कि इस क्षेत्र में अमेरिकी सैन्य ठिकाने अब अभेद्य नहीं रहे हैं। उसने यह भी कहा कि हमले में सिर्फ उतने ही बमों का इस्तेमालकिया गया, जितना अमेरिका ने ईरान के परमाणु प्रतिष्ठानों पर हमला करने में इस्तेमाल किए थे।
IRGC ने अमेरिका-इजरायल को धमकाया
आईआरजीसी ने कहा, ईरान “अपनी संप्रभुता, क्षेत्रीय अखंडता या राष्ट्रीय सुरक्षा के खिलाफ किसी भी आक्रमण को कभी भी बिना जवाब दिए नहीं छोड़ेगा।” IRGC ने कहा कि ऑपरेशन ईरान की सर्वोच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के साथ समन्वित किया गया था और इसने “हिट-एंड-रन” हमलों के युग के अंत का संकेत दिया। इसने अमेरिकी कार्रवाइयों को व्यापक इजरायली सैन्य लक्ष्यों से भी जोड़ा, और “जायोनी इकाई” के खत्म होने तक निरंतर प्रतिरोध की कसम खाई।
कतर, बहरीन को बताया मित्रवत और भाईचारे वाले देश
हमले के बाद ईरान के शीर्ष सुरक्षा निकाय ने कहा कि उसके सशस्त्र बलों ने अमेरिकी बेस पर जवाबी हमले में उतने ही बमों का इस्तेमाल किया, जितने अमेरिका ने ईरान के परमाणु प्रतिष्ठानों पर हमला करने में इस्तेमाल किए थे। बयान में कहा गया कि लक्षित बेस कतर के शहरी केंद्रों और आवासीय क्षेत्रों से बहुत दूर स्थित था, और आश्वासन दिया कि इस ऑपरेशन से “हमारे मित्रवत और भाईचारे वाले” पड़ोसी को कोई खतरा नहीं है।

पश्चिम एशिया तनाव का विमान सेवा पर असर; एअर इंडिया-इंडिगो समेत कई एयरलाइंस के अपडेट जारी
ईरान के हमलों के बाद कतर ने अपना हवाई क्षेत्र बंद कर दिया है, जिसके चलते कई एयरलाइन कंपनियों की उड़ानें प्रभावित हुई हैं। कतर का हवाई क्षेत्र बंद होने के चलते एअर इंडिया, इंडिगो, अकासा एयर और कतर एयरवेज आदि ने या तो अपनी उड़ानें निलंबित कर दी हैं या उन्हें डायवर्ट कर दिया है।
ईरान और इस्राइल के बीच बीते 10 दिनों से जारी युद्ध का असर दुनियाभर की विमान सेवाओं पर पड़ रहा है। पश्चिम एशिया में जंग की वजह से विमान कंपनियों को दुबई और दोहा जैसे खाड़ी के दो प्रमुख शहरों के लिए अपनी ढेरों उड़ानों को रद्द करना पड़ा है। एअर इंडिया एक्सप्रेस ने कतर का हवाई रास्ता बंद होने की वजह से सोमवार को दोहा जाने वाली दो उड़ानों को डायवर्ट किया। इसके अलावा, इंडिगो, स्पाइस जेट, कतर एयरवेज और अकासा एयर ने भी अपने-अपने अपडेट जारी किए हैं।

एअर इंडिया एक्सप्रेस ने एक बयान में कहा, ‘मध्य पूर्व में चल रही तनावपूर्ण स्थिति और कतर का हवाई रास्ता बंद होने के कारण, हमने कोच्चि से मस्कट होते हुए दोहा जाने वाली उड़ान को डायवर्ट कर दिया है। कन्नूर से जाने वाली फ्लाइट को वापस बुला लिया।’ एयरलाइन ने यह भी बताया कि फिलहाल दोहा के लिए उसकी और कोई उड़ान नहीं है और उसका कोई विमान कतर में नहीं उतरा है। एयरलाइन ने कहा कि हम स्थिति पर बारीकी से नजर रख रहे हैं और जरूरी जानकारी के अनुसार अपने यात्रियों और चालक दल की सुरक्षा के लिए सारे जरूरी कदम उठाएंगे।
दोहा के लिए 25 साप्ताहिक उड़ानें संचालित करती है एयरलाइन
एअर इंडिया एक्सप्रेस कतर की राजधानी दोहा के लिए 25 साप्ताहिक उड़ानें संचालित करती है। कन्नूर, कोच्चि, कोझिकोड, मंगलुरु, तिरुवनंतपुरम और तिरुचिरापल्ली से दोहा के लिए इसकी सीधी सेवाएं हैं। इसके अलावा, एयरलाइन के पास दोहा से आठ वन-स्टॉप गंतव्य हैं, जिनमें बंगलूरू, भुवनेश्वर, चेन्नई, दिल्ली, हैदराबाद, कोलकाता, मुंबई और पुणे शामिल हैं।
इंडिगो ने भी एक्स पर पोस्ट कर जारी किया अपडेट
इसके अलावा, इंडिगो ने भी अपनी उड़ानों को लेकर अपडेट जारी किया है। इंडिगो ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि मध्य पूर्व में तनाव के कारण उसकी कुछ उड़ानों में देरी या डायवर्जन हो सकता है। इंडिगो ने कहा, ‘ये समायोजन यह सुनिश्चित करने के लिए किए जा रहे हैं कि परिचालन सुरक्षित और अनुपालन हवाई क्षेत्र के भीतर रहे।’
स्पाइसजेट ने यात्रियों के लिए जारी की सूचना
स्पाइसजेट ने यात्रियों के लिए एक जरूरी सूचना जारी की है। एयरलाइन ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, ‘दुबई में हवाई क्षेत्र बंद होने के कारण वहां जाने या वहां से आने वाली सभी उड़ानें प्रभावित हो सकती हैं। इसलिए, यात्रियों से अनुरोध है कि वे अपनी उड़ान की जानकारी समय-समय पर स्पाइसजेट की वेबसाइट http://spicejet.com/#status पर जाकर चेक करते रहें। अगर किसी को मदद चाहिए, तो वे इन हेल्पलाइन नंबरों +91 (0)124 4983410 या +91 (0)124 7101600 पर कॉल कर सकते हैं।

दिव्या थी बार डांसर, बताती मैनेजर: प्रेमी के साथ अश्लील डांस का वीडियो पति को भेजा, इस कारण मगन ने की खुदकुशी
रोहतक के बहुअकबरपुर थाना क्षेत्र के डोभ निवासी मगन उर्फ अजय के आत्महत्या प्रकरण में एक नया वीडियो सामने आया है। यह वीडियो खुद दिव्या ने ही पति मगन को फोन पर भेजा था। परिजन बता रहे हैं कि इसी वीडियो को देखने के बाद मगन पूरी तरह टूट गया और उसने आत्महत्या का कदम उठाया।डोभ में मगन की आत्महत्या प्रकरण में पुलिस ने जांच तेज कर दी है। सोमवार को पुलिस ने परिजनों से बात कर कुछ दस्तावेज एकत्र किए। वहीं, सोशल मीडिया अकाउंट और मोबाइल से भी कई साक्ष्य जुटाए गए हैं।
पुलिस ने पड़ताल की तो मगन के फोन में एक वीडियो मिला। इसमें दिव्या प्रेमी दीपक के साथ होटल के कमरे में छोटे कपड़ों में डांस करती दिख रही है, जबकि डोभ या दिल्ली में उसने ऐसी ड्रेस कभी नहीं पहनी। परिवार के लोग इस वीडियो को हाल ही में भेजा हुआ बता रहे हैं। इसके बाद से मगन तनाव में था। उसने दिव्या को खुश करने के लिए हर संभव कोशिश की और उनके हर तरह के दबाव को झेलता रहा।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ जुटाए साक्ष्य
डोभ में मगन की आत्महत्या प्रकरण में पुलिस ने जांच तेज कर दी है। सोमवार को पुलिस ने परिजनों से बात कर कुछ दस्तावेज एकत्र किए। वहीं, सोशल मीडिया अकाउंट और मोबाइल से भी कई साक्ष्य जुटाए गए हैं। क्योंकि, दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस को कुछ अहम साक्ष्य जताने थे। पुलिस अब उसी में जुट गई है।
दिव्या ने छिपाई थी पहली शादी की बात
दिव्या ने मगन से पहली शादी और उसे एक बेटे होने की बात छुपाई थी जब दिव्या और मगन की शादी हो गई थी। उसके बाद दिव्या के पति ने दबाव बनाया तो तलाक के लिए कई लाख रुपये देकर उससे पीछा छुड़ाया था। यही नहीं, वह शुरु से ही मगन से झूठ बोल रही थी। वह खुद को अहमदाबाद के एक होटल में मैनेजर बताया करती थी। जबकि मुंबई स्थित होटल में बार डांसर का काम करने की बात सामने आई है।
आत्महत्या प्रकरण में जांच के दौरान साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। जल्द ही आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। -नीरज कुमार, थाना प्रभारी बहुअकबरपुर।
मगन ने 18 जून को पत्नी दिव्या और उसके प्रेमी दीपक कुमार (महाराष्ट्र पुलिस के इंस्पेक्टर) की प्रताड़ना का आरोप लगाकर फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली थी। उसने घटना से पहले दो वीडियो भी बनाए थे। घटना के बाद पीड़ित पिता रणवीर ने पुत्रवधू और उसके प्रेमी दोनों के खिलाफ केस दर्ज कराया है। मगन ने वीडियो में पुलिस अधीक्षक रोहतक और थाना प्रभारी बहु अकबरपुर से न्याय की गुहार लगाई थी।
मगन आत्महत्या करने से पहले पूरी तरह निराश और टूट चुका था। जिसे वह प्यार करता था, उसी से धोखा बर्दाश्त नहीं कर सका। मगन ने सोशल मीडिया पर दोनों वीडियो रोते हुए बनाए और पोस्ट किए। उसकी हताशा झलक रही थी।
वीडियो में वह कह रहा था कि पत्नी दिव्या और उसका प्रेमी दीपक लगातार पांच लाख रुपये देने के लिए दबाव बना रहे हैं। यह रुपये दीपक को अपने प्रमोशन के लिए देने थे। दोनों पिता रणवीर को मारने के लिए भी दबाव बनाने लगे। कहा, उनके मरने के बाद जमीन मेरे नाम आ जाएगी और उसे बेचकर मुंबई में प्लॉट लेंगे। यदि वह ऐसा नहीं करेगा तो उसके माता-पिता और उसे जेल भिजवा देंगे। वीडियो में मगन ने अपनी व्यथा सुनाते हुए पानीपत की समाजसेवी सविता आर्य से कहा कि महिला तो रोकर अपनी बात को सच साबित कर देती है, लेकिन पुरुष को जान देनी पड़ती है।
मगन के पिता रणवीर ने बताया कि कि मगन ने हिसार के नारनौंद निवासी दिव्या से दिल्ली के आर्य समाज में प्रेम विवाह किया था। उसके शौक पूरे करने के लिए पहले उसने खेती में खूब मेहनत की, लेकिन दिव्या के शौक बढ़ते ही जा रहे थे। हर माह उसे कुछ न कुछ गिफ्ट में चाहिए होता था।
अप्रैल में मगन ने खेती से आए डेढ़ लाख रुपये दिए थे और फिर अपना सोने का कड़ा बेचकर भी उसके खाते में रुपये डाले थे। वह मु्ंबई से ही उसके पास डिमांड करती थी। उनके बेटा मगन पत्नी की हर ख्वाहिश को पूरा करने का प्रयास करता था।
उन्होंने बताया कि दिव्या ने आईफोन की डिमांड की थी तो मगन के पास 15 से 20 करोड़ रुपये की जमीन होने के बावजूद वह एक फूड डिलवरी कंपनी का डिलीवरी बॉय भी बन गया था। इससे करीब डेढ़ लाख रुपये कमाए और फिर दिव्या को मोबाइल दिलाया था।

ईरानी मिसाइल हमलों के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा- अब शांति का समय
रान ने अमेरिका पर पलटवार करते हुए उसके कई सैन्य ठिकानों पर मिसाइल हमले किए। हालांकि, अमेरिका ने दावा किया है कि ईरान के हमले कमजोर थे, जिसे प्रभावी तरीके से नाकाम कर दिया गया। कतर में अमेरिकी एयरबेस पर ईरान के मिसाइल हमले के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने दुनिया को बधाई देते हुए कहा कि अब शांति का समय आ गया है। ईरान के जवाबी हमलों के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति की प्रतिक्रिया जानिए
ईरानी मिसाइल हमलों के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चौंकाने वाला बयान दिया है। उन्होंने दुनिया को बधाई दी और कहा कि अब शांति का समय आ गया है। इससे पहले कुछ अन्य ट्रुथ सोशल पोस्ट में उन्होंने कहा कि वे ईरान की तरफ से किए गए हमले को प्रतीकात्मक मानते हैं, अमेरिकी सेना ईरान के पलटवार पर जवाबी कार्रवाई नहीं करेगी।
ईरान की 14 मिसाइलों में 13 को नाकाम करने का दावा
पश्चिम एशिया में तनाव को लेकर लगातार बयान दे रहे ट्रंप ने कहा, ईरान ने आधिकारिक तौर पर बहुत ही कमजोर प्रतिक्रिया दी है। इसकी वे पहले से ही उम्मीद कर रहे थे। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा, हमने उनके परमाणु प्रतिष्ठानों को नष्ट किया.. इसके बाद ईरान ने पलटवार किया। हमने बहुत प्रभावी ढंग से इसका जवाब दिया… ईरान ने 14 मिसाइलें दागीं जिसमें 13 को गिरा दिया गया। एक मिसाइल को छोड़ दिया गया, क्योंकि यह खतरनाक दिशा में नहीं आ रही थी।
अमेरिका को नुकसान नहीं…
ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के हमले में किसी भी अमेरिकी को नुकसान नहीं पहुंचा है। उन्होंने लिखा, ‘शायद ही कोई नुकसान हुआ है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि उन्होंने इसे अपने ‘सिस्टम’ से बाहर निकाला है, अब उम्मीद है कि आगे नफरत की कोई जगह नहीं होगी।
शांति बहाली के लिए ईरान और इस्राइल को प्रोत्साहित करेंगे अमेरिकी राष्ट्रपति
ट्रंप ने लिखा, ‘मैं ईरान को पहले से सूचना देने के लिए धन्यवाद देना चाहता हूं, इससे किसी की जान नहीं गई, और कोई भी घायल नहीं हुआ। शायद ईरान अब क्षेत्र में शांति और सद्भाव की तरफ बढ़ सकता है। मैं उत्साहपूर्वक इस्राइल को भी ऐसा करने के लिए प्रोत्साहित करूंगा।’
ट्रंप ने कहा- कतर में ईरानी हमले में किसी अमेरिकी की मौत नहीं
लगातार हो रहे मिसाइल हमलों के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति ने कतर के अमीर का आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा, ‘मैं कतर के सम्मानित अमीर को क्षेत्र में शांति स्थापित करने के लिए उनके द्वारा किए गए सभी कार्यों के लिए धन्यवाद देना चाहता हूं।’ कतर में अमेरिकी बेस पर हुए हमले के बारे में ट्रंप ने कहा, ‘मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि इस हमले में किसी अमेरिकी की मौत नहीं हुई है और न ही किसी की जान गई है।’

कार्यस्थल पर काम के बोझ से खराब हो रहे स्वास्थ्य का होगा सर्वे
नोएडा-ग्रेटर नोएडा की मल्टीनेशनल कंपनियों में काम करने वाले युवाओं के स्वास्थ्य पर काम का बोझ कितना प्रभाव डाल रहा है, यह बात संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) की रिपोर्ट बताएगी। अगर रिपोर्ट में युवाओं पर जरूरत से ज्यादा बोझ पाया गया, तो उन्हें आधे घंटे का अतिरिक्त ब्रेक दिलाया जाएगा। ताकि वे मानसिक रूप से कुछ राहत महसूस कर सकें। स्वास्थ्य विभाग यूएनईपी के साथ मिलकर ऑक्यूपेशनल हैजर्ड प्रोजेक्ट पर काम शुरू कर रहा है। इसे लेकर यूएनईपी के सदस्यों और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की बैठक भी हो चुकी है।
इस प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए स्वास्थ्य विभाग सामाजिक संस्थाओं की भी मदद लेगा। ये संस्थाएं कंपनियों में जाकर कर्मचारियों की स्वास्थ्य रिपोर्ट तैयार करेंगी। इसके लिए एक फॉर्म भरवाया जाएगा, जिसमें स्वास्थ्य संबंधी कई सवाल पूछे जाएंगे।
एसीएमओ डॉ. टीकम सिंह ने बताया कि जिले में बहुत सारी मल्टीनेशनल कंपनियां हैं। यहां काम करने वाले युवाओं में स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं देखने को मिल रही हैं। कंप्यूटर के सामने घंटों बैठे रहने से आंखों में दर्द, बैठने के गलत तरीके से कमर व गर्दन में लगातार दर्द की समस्याएं सामने आ रही हैं। मनोचिकित्सक के पास भी तनाव और घबराहट की समस्या के साथ युवा पहुंच रहे हैं। इन्हीं समस्याओं के समाधान के लिए स्वास्थ्य विभाग यूएनईपी के साथ मिलकर राष्ट्रीय जलवायु परिवर्तन एवं मानव स्वास्थ्य कार्यक्रम (एनपीसीसीएचएच) के तहत इस पर काम कर रहा है। इसके लिए यूएनईपी से फंडिंग भी मिलेगी।
10 हजार से ज्यादा कर्मचारियों पर होगा सर्वे
इस प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए स्वास्थ्य विभाग सामाजिक संस्थाओं की भी मदद लेगा। ये संस्थाएं कंपनियों में जाकर कर्मचारियों की स्वास्थ्य रिपोर्ट तैयार करेंगी। इसके लिए एक फॉर्म भरवाया जाएगा, जिसमें स्वास्थ्य संबंधी कई सवाल पूछे जाएंगे, जैसे कि लंबे समय तक काम करने से उन्हें कौन-कौन सी दिक्कतें हो रही हैं और उन पर काम का बोझ कितना है। लंबे समय तक कंप्यूटर के सामने बैठने से उनको क्या-क्या परेशानी हो रही हैं। इस सर्वे में 10,000 से अधिक कर्मचारियों को शामिल करने की योजना है।
क्या है यूएनईपी
यूएनईपी यानी संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम एक वैश्विक संस्था है, जो पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास को बढ़ावा देने के लिए काम करती है। इसका मुख्य उद्देश्य जलवायु परिवर्तन, जैव विविधता का नुकसान और प्रदूषण से निपटना है। यूएनईपी की स्थापना 1972 में की गई थी। भारत का यूएनईपी के साथ घनिष्ठ सहयोग है और कई संयुक्त परियोजनाएं चलाई जा रही हैं।

केंद्रीय मंत्री बोले- लीक से हटकर नहीं सोचते नौकरशाह
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने सोमवार को कहा कि परियोजनाओं के लिए धन की कोई कमी नहीं है। उन्होंने नौकरशाही में लचीलेपन की कमी और अनोखे विचारों को पूरी तरह से नकारने पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि नौकशाह लीक से हटकर नहीं सोचते हैं। उन्होंने कहा कि पूर्व नौकरशाह विजय केलकर ने लचीला रुख अपनाया और वे इस मानसिकता के अपवाद थे।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि परियोजनाओं के लिए धन की कोई कमी नहीं है। मैं हमेशा 1 लाख करोड़, 50,000 करोड़, 2 लाख करोड़ की परियोजनाओं की बात करता हूं। लेकिन असली चिंता नौकरशाही में लचीलेपन की कमी है। उन्होंने कहा कि नौकरशाह लीक से हटकर विचार करने के लिए पूरी तरह से मना कर देते हैं।
केंद्रीय मंत्री गडकरी ने पुणे में पूर्व नौकरशाह केलकर को पुण्यभूषण पुरस्कार से सम्मानित किए जाने वाले समारोह को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा, ‘हमारे पास धन की कमी नहीं है। मैं हमेशा 1 लाख करोड़, 50,000 करोड़, 2 लाख करोड़ की परियोजनाओं की बात करता हूं। आम तौर पर पत्रकार बड़ी घोषणाओं के मामले में राजनेताओं पर भरोसा नहीं करते। मैं उनसे कहता हूं कि मैं जो कहता हूं उसे रिकॉर्ड करें और अगर काम पूरा नहीं होता है तो ब्रेकिंग न्यूज चलाएं।’
लीक से हटकर विचार करने पर मना कर देते हैं नौकरशाह
गडकरी ने यह भी कहा कि असली चिंता धन की कमी नहीं, बल्कि काम की धीमी गति को लेकर है। उन्होंने नौकरशाही की तुलना मवेशियों से करते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में जब मवेशी चरने जाते हैं, तो वे एक ही लाइन में चलते हैं। वे इतने अनुशासित होते हैं कि कभी भी क्रम नहीं तोड़ते। मुझे कभी-कभी नौकरशाही के साथ भी ऐसा ही महसूस होता है। यह लीक से हटकर विचार करने के लिए पूरी तरह से मना कर देते हैं। लेकिन विजय केलकर ने नीति निर्माण में लचीलेपन को स्वीकार किया।
वित्त आयोग के अध्यक्ष रहने के दौरान केलकर से हुई थी मुलाकात
नितिन गडकरी ने अपने संबोधन के दौरान एक पुरानी घटना को याद किया। उन्होंने बताया कि केलकर से उनकी मुलाकात वित्त आयोग के अध्यक्ष रहने के दौरान हुई थी। तब उन्होंने बताया था कि 3.85 लाख करोड़ रुपये की लागत वाली 406 परियोजनाएं रुकी हुई हैं। इससे बैकों के पास तीन लाख करोड़ रुपये की गैर-निष्पादित संपत्ति होने का खतरा है। गडकरी ने कहा कि केलकर ने मुझसे इसका कारण पूछा। मैंने उनसे कहा कि इसका एकमात्र कारण नौकरशाह हैं।
बैंकों को तीन लाख करोड़ के एनपीए से बचाया
गडकरी ने आगे कहा कि हमने कुछ परियोजनाएं बंद कीं और कुछ को सुधार कर समस्या का समाधान किया। जिसके बाद परियोजनाएं फिर से शुरू हुईं और बैंको को तीन लाख करोड़ रुपये के एनपीए से बचाया गया। उन्होंने कहा कि केलकर ने हर विभाग में बेहतरीन काम किया, लेकिन वित्त सचिव के रूप में उन्होंने जो नीतियां बनाईं, उनका भारत के भविष्य पर दीर्घकालिक प्रभाव पड़ा।

मानसून के बाद दिल्ली को मिलेगा नया रेलवे पुल, 1998 मंजूरी, 2003 में शुरू हुआ निर्माण
राजधानी दिल्ली को मानसून के बाद नया रेलवे पुल की सौगात मिलेगी। पुराने लोहे वाले पुल के समानंतर बनाया जा रहा नया रेलवे पुल का निर्माण कार्य लगभग पुरा हो चुका है। मौजूदा समय इंटरलॉकिंग का काम चल रहा है। इसके बाद कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी पुल का निरीक्षण करेंगे। फिर नए पुल पर ट्रेनों का ट्रायल रन किया जाएगा। नए पुल के शुरू होने से दिल्ली के रेलवे नेटवर्क को बड़ी राहत मिलेगी। खासकर पुरानी दिल्ली स्टेशन से निकलने वाली ट्रेनों को वैकल्पिक मार्ग मिलेगा और नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों का दबाव कम होगा।
नया पुल बनाने की योजना को 1997-98 में एप्रोवल मिला और 2003 में निर्माण का काम शुरू किया गया। हालांकि, इसमें लगातार विलंब होता रहा। अधिकारियों का कहना है कि भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) व अन्य एजेंसियों से एप्रोवल लेना पड़ा था, जिससे करीब पांच साल का विलंब हुआ।
वर्तमान में यमुना नदी पर रेलवे के दो पुल हैं। सबसे पुराना पुल 1866 में अंग्रेजों ने बनवाया था, जिसे लोग आम भाषा में लोहे का पुल कहते हैं। रेलवे की तकनीकी भाषा में इसे रेल रोड ब्रिज कहा जाता है। यह पुल ऐतिहासिक महत्व रखता है। इसका निर्माण महज तीन वर्षों में पूरा किया गया था। इसके ऊपर ट्रेनें और नीचे गाड़ियां चलती हैं। यह पुल दिल्ली को हावड़ा से जोड़ने वाला पहला बड़ा रेलवे कनेक्शन था। लोहे का पुल अपनी तकनीकी उम्र पूरी कर चुका है। इसकी ऊंचाई कम होने के कारण बाढ़ के समय यह जलस्तर के संपर्क में भी आ जाता है। सुरक्षा के लिहाज से इस पुल से गुजर रहीं ट्रेनों को धीरे चलने की हिदायत दी गई है। इससे ट्रेन संचालन में अक्सर देरी होती है।
इसलिए अहम है नया पुल…
पुराने लोहे के पुल पर ट्रेनों का संचालन 10 किमी की रफ्तार से किया जाता है। मानसून के दौरान अधिक बारिश और अन्य कारणों से यमुना नदी का जलस्तर अधिक होता है तो पुल पर ट्रेनों की आवाजाही बंद कर दी जाती है। ट्रेनों को दूसरे पुल पर डायवर्ट कर दिया जाता है। ऐसे में गाजियाबाद से दिल्ली को आने और जाने वाली ट्रेनों का परिचालन प्रभावित होता है। नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर भी ट्रेनों का दबाव बढ़ता है। नए पुल से सुविधा होगी कि इस पर ट्रेनों की रफ्तारी 20 किमी प्रतिघंटा से चल सकेंगी और यमुना में जलस्तर अधिक होने पर भी पुल को बंद करने की जरूरत नहीं होगी। दूसरी ओर रेलवे अधिकारियों का कहना है कि नया पुल शुरू होते ही पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन से चलने वाली ट्रेनों को सीधा रास्ता मिलेगा। इससे नई दिल्ली स्टेशन से कुछ ट्रेनों को पुरानी दिल्ली स्थानांतरित करना संभव होगा, खासकर पूर्वांचल व बिहार की ओर जाने वाली ट्रेनों को।
1998 मंजूरी, 2003 में शुरू हुआ निर्माण…
नया पुल बनाने की योजना को 1997-98 में एप्रोवल मिला और 2003 में निर्माण का काम शुरू किया गया। हालांकि, इसमें लगातार विलंब होता रहा। अधिकारियों का कहना है कि भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) व अन्य एजेंसियों से एप्रोवल लेना पड़ा था, जिससे करीब पांच साल का विलंब हुआ। इसके बाद डिजाइन में बदलाव किया गया, तकनीकी दिक्कतें व कार्य अवरोध के कारण काम बार-बार अटका। निर्माण का काम वर्ष 2016 तक पूरा करने का लक्ष्य था, जिसे बाद में 2018, फिर 2020 और अंततः सितंबर 2023 तक बढ़ाया गया। अब रेलवे का दावा है कि इस साल मानसून के बाद इस पर ट्रेनों का संचालन शुरू हो सकता है।
यह यमुना नदी पर तीसरा रेलवे पुल होगा। पहला पुल ऐतिहासिक रेल रोड ब्रिज है, जो ट्रेन और सड़क यातायात दोनों के लिए इस्तेमाल होता है। दूसरा पुल प्रगति मैदान के पास स्थित है। नए पुल के शुरू होने से ट्रेन संचालन की गति और क्षमता दोनों में सुधार होगा। -हिमांशु शेखर उपाध्याय, मुख्य जनसंपर्क अधिकारी, उत्तर रेलवे
जिस ऋषभ पंत को कहा था स्टुपिड, अब उसी पर हुए फिदा
भारतीय क्रिकेट टीम के विस्फोटक विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत ने इंग्लैंड के खिलाफ हेडिंग्ले में टेस्ट मैच इतिहास रच दिया है। सोमवार को पंत इंग्लैंड में एक टेस्ट की दोनों पारियों में शतक बनाने वाले पहले विकेटकीपर भारतीय बल्लेबाज बन गए।
भारतीय क्रिकेट टीम के विस्फोटक विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत ने इंग्लैंड के खिलाफ हेडिंग्ले में टेस्ट मैच इतिहास रच दिया है। सोमवार को पंत इंग्लैंड में एक टेस्ट की दोनों पारियों में शतक बनाने वाले पहले विकेटकीपर भारतीय बल्लेबाज बन गए। यह कारनामा उन्होंने मैच के चौथे दिन अपनी दूसरी पारी में 118 रन बनाकर किया, इससे पहले उन्होंने पहली पारी में भी दमदार 134 रन बनाए थे। पंत एक टेस्ट मैच की दोनों पारियों में शतक जड़ने वाले कुल मिलाकर सातवें भारतीय बल्लेबाज बने हैं।

अपनी पहली पारी में शतक लगाने के बाद पंत ने सोमरसॉल्ट यानी गुलाटी मारके करके जश्न मनाया था। ऐसे में सबको उम्मीद थी कि एक फिर से पंत उसी कलाबाजी को दोहराएंगे। खास तौर से पूर्व भारतीय दिग्गज सुनील गावस्कर ऋषभ पंत के लिए खूब उत्साहित थे। गावस्कर हेडिंग्ले स्टेडियम के स्टैंड में मौजूद थे। पंत ने जब अपना शतक पूरा किया तो उन्होंने उनसे वही जश्न दोहराने का इशारा किया। हालांकि, इस बार पंत ने फुटबॉलर डेले एली के 2018 के वायरल सेलिब्रेशन की नकल की।
आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए आउट हुए पंच
इंग्लैंड के खिलाफ हेडिंग्ले में ऋषभ पंत ने जैसे ही अपनी फिफ्टी पूरी की वह और ज्यादा आक्रामक हो गए। पंत इसके बाद तेजी से अपनी शतक की तरफ बढ़े। खास तौर से उन्होंने इंग्लैंड के स्पिनर शोएब बशीर को जमकर पीटा। बशीर ने ही उनका अंत में विकेट भी लिया। ऋषभ पंत के आउट होने के बाद केएल राहुल ने टीम इंडिया के लिए कुछ देर तक मोर्चा संभाला, लेकिन वह भी 137 रन बनाकर आउट हो गए।इस तरह भारतीय टीम की दूसरी पारी 364 रन के स्कोर पर सिमट गई। टीम इंडिया को पहली पारी में 6 रन की बढ़त मिली थी। ऐसे में इंग्लैंड को मैच में 371 रनों का टारगेट मिला है। चौथे दिन की समाप्ति तक इंग्लैंड ने 6 ओवर के खेल में बिना किसी नुकसान के 21 रन बना लिए हैं। ऐसे में अब इस मैच को जीतने के लिए जहां टीम इंडिया को 10 विकेट लेने होंगे तो इंग्लैंड को 350 रन बनाने हैं।
गुजरात में बीजेपी को हराने के बाद क्या बोले गोपाल इटालिया?
गुजरात विधानसभा चुनावों में बीजेपी के क्लीन स्वीप और विसावदर में 18 साल बाद कमल खिलाने के सपने को गोपाल इटालिया ने तोड़ दिया है। विसावदर से जीत हासिल करने के बाद इटालिया ने बीजेपी पर हमला बोला। इटालिया ने हाथ जोड़कर अपनी बात रही लेकिन बीजेपी पर तेवर गरम ही रखे।
गुजरात विधानसभा उप चुनावों में विसावदर से बड़ी जीत दर्ज करने के बाद आप नेता गोपाल इटालिया की प्रतिक्रिया सामने आई है। कांस्टेबल से विधायक बने गोपाल इटालिया ने कहा कि आम तौर पर देखा जाता है कि सत्ताधारी पार्टी उपचुनाव जीतती है और यहां तो सत्ताधारी पार्टी इतनी ताकतवर है लेकिन जनता ने आम आदमी पार्टी को वोट देकर दिखा दिया कि लोगों को आम आदमी पार्टी पर भरोसा है। यहां की जनता ने आगाज़ कर दिया है कि गुजरात में बदलाव आ रहा है। हमने जो मुद्दे उठाए थे उन पर हम कल से ही काम करना शुरू कर देंगे। गोपाल इटालिया ने कहा कि मैं जब तक जिंदा रहूंगा विसावदर भेसन की जनता का यह कर्ज नहीं भूलूंगा।
बीजेपी पर बरसे इटालिया
गोपाल इटालिया ने कहा कि ये चुनाव जनता ने खुद लड़ा। किसान, पिछड़े वर्ग के लोग सबने यह चुनाव लड़ा, मैं तो बस एक माध्यम हूं। अगर जनता खुद चुनाव लड़े तो ऐतिहासिक नतीजे आने तय हैं। भाजपा ने इस सीट पर पूरी ताकत लगाई, पूरी पुलिस, पैसा, मंत्रिमंडल, साम, दाम, दंड, भेद, सब लगा दिया लेकिन फिर भी जीत नहीं पाई क्योंकि चुनाव जनता लड़ रही थी। गोपाल इटालिया 2022 के गुजरात विधानसभा चुनावों में सूरत की कतारगाम सीट से लड़े थे, लेकिन वह वीनू मोरडिया के सामने हार गए थे। विसावदर सीट 2022 में आप ने ही जीती थी लेकिन आप विधायक भूपत भायाणी के बीजेपी में जाने से यह सीट खाली हुई थी।
सरदार पटेल का किया नमन
उपचुनाव में जीत हासिल करने के बाद गोपाल इटालिया ने सरदार पटेल की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर विसावदर की जनता का आभार व्यक्त किया। आप नेता गोपाल इटालिया ने विसावदर की जनता का आभार जताने के लिए मेगा रोड शो किया। इटालिया ने कहा कि विसावदर की जनता यह चुनाव लड़ रही थी, इसलिए यह जीत जनता की जीत है। इटालिया ने तंज कसते हुए कहा कि भाजपा के 400 से ज्यादा स्टार प्रचारकों को विसावदर में कोई समस्या नहीं दिखती। भाजपा लोगों को गुलाम बनाने की कोशिश कर रही है, लेकिन विसावदर की जनता ने गुलामी की जंजीरों को तोड़ने का काम किया है।
अब नहीं खाने पड़ेंगे धक्के
इटालिया ने कहा कि छोटा आदमी जो बार-बार हमें दफ्तरों में धक्के खाने पड़ते थे, अब किसी को धक्के नहीं खाने पड़ेंगे। इटालिया ने कहा कि अब उन लोगों का अहंकार खत्म सरकार में बैठे लोगों की कमर टूट जाएगी। गोपाल इटालिया ने कहा कि किरीट पटेल के साथ दलाली करने वाले अधिकारियों को जल्द से जल्द विसावदर की जनता से माफी मांगनी चाहिए। आप नेता ने आगे कहा कि मैंने आज आपको आश्वासन दिया है कि मुझ पर जो भरोसा जताया गया है, मैं उस पर खरा उतरूंगा। गोपाल इटालिया की जीत से गुजरात में फिर आप के विधायकों की संख्या पांच हो गई है।

भारत के पूर्व स्पिनर दिलीप दोशी का निधन, 77 साल की आयु में लंदन में ली अंतिम सांस
भारत के पूर्व स्पिनर दिलीप दोशी का निधन हो गया। 1947 में जन्मे दोशी ने 77 साल की आयु में लंदन में अंतिम सांस ली। उनके निधन से क्रिकेट जगत में शोक की लहर दौड़ गई। दोशी क्रिकेट करियर के बाद एक सफल हिंदी कॉमेंटेटर के तौर पर भी बेहद लोकप्रिय रहे।
स्पिन गेंदबाजी की दुनिया में किसी परिचय के मोहताज नहीं
प्रथम श्रेणी क्रिकेट में 898 विकेट झटकने वाले दोशी ने 238 प्रथम श्रेणी मुकाबलों में 43 बार पांच विकेट लिए। छह बार एक मैच में 10 विकेट झटके। उनके निधन पर सौराष्ट्र क्रिकेट संघ ने कहा कि वे अपने पीछे कौशल, प्रतिबद्धता, उत्कृष्टता की समृद्ध विरासत छोड़ गए हैं। हाल ही में दोशी को बीसीसीआई ने एक समारोह में सम्मानित भी किया था। वे इस महीने की शुरुआत में लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर खेले गए वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में भी शामिल हुए थे।
लंदन में हुआ निधन
रिपोर्ट्स के मुताबिक बाएं हाथ के स्पिन गेंदबाज दोशी का निधन हृदय संबंधी बीमारियों के कारण हुआ। ईएसपीएनक्रिकइंफो के मुताबिक दोशी बीते कई वर्षों से लंदन में ही रह रहे थे। उनके परिवार में पत्नी कालिंदी, बेटा नयन और बेटी विशाखा हैं। बेटा नयन इंग्लैंड की काउंटी क्रिकेट- सरे और महाराष्ट्र के सौराष्ट्र से क्रिकेट खेल चुका है।
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट करियर: 1979 में पदार्पण, 1984 में रिटायर
1970 के दशक में 32 साल की आयु में क्रिकेट में पदार्पण करने वाले दिलीप दोशी का अंतरराष्ट्रीय करियर बहुत लंबा नहीं रहा। उन्होंने 1980 के दशक में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया। दोशी ने अपनी आत्मकथा- स्पिन पंच में क्रिकेट करियर पर विस्तार से बातें की हैं। प्रथम श्रेणी क्रिकेट में 898 विकेट झटकने वाले दोशी ने 238 प्रथम श्रेणी मुकाबलों में 43 बार पांच विकेट लिए। छह बार एक मैच में 10 विकेट झटके।
वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में लॉर्ड्स पर दिखे थे
उनके निधन पर सौराष्ट्र क्रिकेट संघ ने कहा कि वे अपने पीछे कौशल, प्रतिबद्धता, उत्कृष्टता की समृद्ध विरासत छोड़ गए हैं। हाल ही में दोशी को बीसीसीआई ने एक समारोह में सम्मानित भी किया था। वे इस महीने की शुरुआत में लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर खेले गए वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल में भी शामिल हुए थे।
बीसीसीआई ने जताया शोक
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने आधिकारिक एक्स हैंडल पर दिलीप दोशी की तस्वीर साझा कर इस दुखद खबर के बारे में जानकारी दी। एक्स पर जारी इस संदेश में बोर्ड ने कहा, ‘बीसीसीआई पूर्व भारतीय स्पिनर दिलीप दोशी के दुखद निधन पर शोक व्यक्त करता है। उनका लंदन में निधन हो गया। भगवान उनकी आत्मा को शांति प्रदान करें।’
कैसा रहा दिलीप दोशीका शानदार क्रिकेट करियर
33 टेस्ट मैचों में 114 विकेट झटकने वाले दोशी कितने सफल फिरकी गेंदबाज रहे, इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि उन्होंने छह बार पांच विकेट लेने का कारनामा भी किया। वनडे क्रिकेट में भी दोशी बेहद किफायती गेंदबाज साबित हुए। उन्होंने 15 मैचों में महज 3.96 की इकॉनमी के साथ 22 विकेट लिए।
भारतीय घरेलू क्रिकेट के अलावा काउंटी क्रिकेट में भी खेले दिलीप
भारत के लिए खेलने के अलावा दोशी ने घरेलू क्रिकेट में भी खूब हाथ आजमाए। उन्होंने सौराष्ट्र और बंगाल की टीम के साथ भी क्रिकेट खेली। इसके अलावा विदेशी काउंटी क्रिकेट में दोशी ने वारविकशायर और नॉटिंघम शायर के लिए प्रथम श्रेणी क्रिकेट खेली।
दिलीप दोशी के निधन पर कुंबले ने जताया शोक
दोशी के निधन पर सौराष्ट्र क्रिकेट संघ समेत कई दिग्गजों ने शोक जताया। पूर्व स्पिनर और कप्तान रहे अनिल कुंबले ने दोशी के निधन पर एक्स पर लिखा, ‘दिलीप भाई के निधन की खबर सुनकर दिल टूट गया। भगवान उनके परिवार और दोस्तों को इस दुख को सहने की शक्ति दे।’ कुंबले ने दोशी के बेटे नयन को दोस्त बताकर उनका का भी उल्लेख किया और कहा कि वे दुख की इस घड़ी में उनके साथ हैं।
आठ साल के प्यार में पति बना ‘रास्ते का कांटा’ तो रेशमा ने रच दी ‘सोनम’ जैसी खौफनाक साजिश!
बीते कई दिनों से सुर्खियों में चल रहे राजा रघुवंशी हत्याकांड के बाद सोमवार को रोहतास जिले से भी एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। डिहरी नगर थाना क्षेत्र के इदगाह मोहल्ले में रहने वाली रेशमा खातून ने अपने प्रेमी व उसके दोस्त के साथ मिलकर अपने पति मो. अशरफ की गला दबाकर हत्या कर दी है। हालांकि हत्या के तुरंत बाद सूचना पर पहुंची पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर घटनास्थल से शव को बरामद कर लिया। पुलिस अब इनका आपराधिक इतिहास खंगाल रही है।
आठ साल से चल रहा था प्रेम प्रसंग
जानकारी के अनुसार, गिरफ्तार प्रेमी मो. इश्तेखार हसन का मृतक की पत्नी रेशमा खातून के साथ पिछले आठ-नौ साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था। इसकी जानकारी जब रेशमा खातून के पति को हुई तो, उसने पूरी बात अपने परिजनों को भी बता दी। परिवार के सभी सदस्य रेशमा खातून को भला बुरा कहने लगे। इससे नाराज पत्नी रेशमा खातून ने अपने प्रेमी मो इश्तेखार हसन के साथ मिलकर एक सप्ताह पहले ही पति की हत्या की योजना बना डाली।
पत्नी और प्रेमी ने की गला दबाकर हत्या
हत्याकांड का खुलासा करते हुए रोहतास पुलिस अधीक्षक रौशन कुमार ने बताया कि रेशमा खातून और उसके प्रेमी मोहम्मद इश्तेखार हसन ने ही मोहम्मद अशरफ की गला दबाकर हत्या कर दी है। योजना के अनुसार, मो इश्तेखार हसन बीते रविवार की रात में ही कोलकाता से अपने दोस्त मोहम्मद जमशेद के साथ डिहरी ऑन-सोन आ गया। ये लोग स्टेशन पर रुक कर रेशमा खातून के फोन का इंतजार करने लगे। बीती रात करीब 1 बजे जब पूरा परिवार सो गया तो सही मौका देखकर रेशमा खातून ने अपने प्रेमी इश्तेखार हसन और उसके दोस्त मो जमशेद को घर पर बुला लिया। फिर दोनों ने घर के एक कमरे में सो रहे मो अशरफ की गला दबाकर हत्या कर दी गई। हालांकि इस दौरान मो जमशेद घर के बरामदे में खड़ा होकर परिवार की गतिविधियों पर नजर रख रहा था।
बेटे की सूचना पर पहुंची पुलिस
वहीं इस वारदात के दौरान बगल के कमरे में सो रहे मृतक के पुत्र को जब कमरे से शोर और आहट सुनाई दी, तो वह जाग गया और घटना की सूचना पुलिस को दे दी। इसके बाद घटनास्थल पर तत्काल पहुंची डेहरी नगर थाना और डायल 112 की पुलिस टीम ने मौके से तीनों को गिरफ्तार कर लिया।
भागने के क्रम में प्रेमी और उसका दोस्त गिरफ्तार
एसपी रौशन कुमार ने बताया कि घटनास्थल पर पहुंची पुलिस ने एक व्यक्ति को घर की छत से कूदकर और एक अन्य व्यक्ति को घर के दरवाजे से भागने के क्रम में पकड़ लिया। इस हत्याकांड में पुलिस के समक्ष दोनों ने अपनी एवं मृतक की पत्नी रेशमा खातून की संलिप्तता स्वीकार की है। सभी के आपराधिक इतिहास का पता लगाया जा रहा है।
ईरान-इजरायल युद्ध के बीच चीन क्यों पहुंचे NSA अजीत डोभाल?
ईरान- इजराइल के बीच चल रहे युद्ध के बीच राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत डोभाल ने सोमवार को बीजिंग में चीनी विदेश मंत्री वांग यी के साथ अहम बैठक की। इस दौरान उन्होंने आतंकवाद समेत कई अहम मुद्दों पर चर्चा की। दोनों नेताओं ने चर्चा के दौरान समग्र क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए सभी प्रकार के आतंकवाद का मुकाबला करने की आवश्यकता पर बल दिया।
डोभाल शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के सदस्य देशों के शीर्ष राष्ट्रीय सुरक्षा अधिकारियों के सम्मेलन में भाग लेने के लिए चीन की यात्रा पर हैं। विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि दोनों पक्षों ने भारत-चीन द्विपक्षीय संबंधों में हाल के घटनाक्रम की समीक्षा की और लोगों के बीच अधिक से अधिक संपर्क बढ़ाने सहित द्विपक्षीय संबंधों के समग्र विकास को बढ़ावा देने की आवश्यकता को रेखांकित किया।

आतंकवाद को लेकर बोले डोभाल
बयान में कहा गया कि एनएसए ने क्षेत्र में समग्र शांति और स्थिरता बनाए रखने के लिए सभी प्रकार के आतंकवाद का मुकाबला करने की आवश्यकता पर भी बल दिया। डोभाल ने आतंकवाद का मुकाबला करने पर ऐसे वक्त जोर दिया है जब लगभग डेढ़ महीने पहले भारत ने 22 अप्रैल के पहलगाम आतंकवादी हमले के जवाब में पाकिस्तान में कई आतंकवादी बुनियादी ढांचे को नष्ट कर दिया था।
विदेश मंत्रालय ने कहा कि डोभाल और वांग ने आपसी हित के अन्य द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया। बयान के अनुसार एनएसए ने कहा कि वह विशेष प्रतिनिधि (एसआर) वार्ता के 24वें दौर के लिए पारस्परिक रूप से सुविधाजनक तिथि पर भारत में वांग यी के साथ बैठक करने के लिए उत्सुक हैं। आगे भी आतंकवाद जैसे संवेदनशील मुद्दों पर चर्चा होती रहेगी।




