मैग्नस कार्लसन ने दोहा में रिकॉर्ड नौवीं बार वर्ल्ड ब्लिट्ज खिताब जीता. भारत के 22 साल के अर्जुन एरिगैसी ने कांस्य पदक हासिल किया. उन्होंने विश्वनाथन आनंद के बाद ओपन कैटेगरी में पदक जीतने वाले दूसरे भारतीय बनने का गौरव हासिल किया.
दुनिया के नंबर 1 शतरंज खिलाड़ी मैग्नस कार्लसन ने एक बार फिर अपने शानदार खेल का प्रदर्शन किया और रिकॉर्ड नौवीं बार वर्ल्ड ब्लिट्ज खिताब अपने नाम किया. उन्होंने दो दिन पहले रैपिड गोल्ड मेडल जीतने के बाद हासिल किया. भारतीय ग्रैंडमास्टर अर्जुन एरिगैसी सेमीफाइनल में बड़ी चूक कर बैठे और वर्ल्ड ब्लिट्ज चैंपियनशिप में कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा. मंगलवार को दोहा में हुए मुकाबले में कार्लसन ने युवा उज्बेक जीएम नोदिरबेक अब्दुसत्तोरोव के खिलाफ टाइटल मैच में ड्रॉ मानने से इनकार कर दिया. चौथे गेम में अनोखी प्यादे की चाल चलकर 2.5-1.5 से जीत दर्ज की. पहले तीन गेम के बाद दोनों खिलाड़ी 1.5-1.5 की बराबरी पर थे.
नॉर्वे के कार्लसन के लिए यह जीत और भी खास रही क्योंकि क्वालिफाइंग (स्विस राउंड) में उन्हें लगातार हार का सामना करना पड़ा था और सेमीफाइनल में जगह बनाना उनके लिए मुश्किल हो गया था. राउंड 19 में अब्दुसत्तोरोव के खिलाफ ड्रॉ के बाद कार्लसन (13.5 अंक) और उज्बेक खिलाड़ी (13 अंक) ने मंगलवार को सेमीफाइनल के आखिरी दो स्थान हासिल किए. उनसे आगे भारतीय एरिगैसी (15 अंक) और अमेरिकी जीएम फाबियानो कारुआना (14 अंक) थे. इसके बाद कार्लसन ने कारुआना को 3-1 से हराकर फाइनल में जगह बनाई.
अब्दुसत्तोरोव ने एरिगैसी को सेमीफाइनल में 2.5-0.5 से हराकर भारतीय खिलाड़ी को कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा. इससे पहले रविवार को एरिगैसी ने रैपिड में भी तीसरा स्थान हासिल किया था. दो कांस्य पदक जीतना 22 साल के एरिगैसी के लिए बड़ी उपलब्धि है और वह और मजबूत इरादों के साथ घर लौटेंगे. इस उपलब्धि के साथ एरिगैसी विश्वनाथन आनंद के बाद वर्ल्ड ब्लिट्ज में ‘ओपन कैटेगरी’ में पदक जीतने वाले दूसरे भारतीय पुरुष खिलाड़ी बन गए हैं.
एरिगैसी ने कार्लसन और अब्दुसत्तोरोव जैसे दिग्गजों को हराकर 13 गेम में 10 अंक के साथ एकमात्र लीडर बने थे और मंगलवार को बाकी छह राउंड में भी शानदार खेल दिखाया. उन्होंने चार मैच जीते और दो ड्रॉ किए, जिससे 15 अंक के साथ सेमीफाइनल में जगह पक्की की. भारतीय खिलाड़ी का मुकाबला 2021 वर्ल्ड रैपिड चैंपियन अब्दुसत्तोरोव से हुआ, जिन्होंने फ्रेंच खिलाड़ी मैक्सिम वाचियर-लाग्रेव को ‘बेस्ट टाई-ब्रेक’ नियम के आधार पर पांचवें स्थान पर धकेलते हुए सेमीफाइनल में जगह बनाई. दोनों ग्रैंडमास्टर 13-13 अंक पर थे. एरिगैसी शानदार फॉर्म में थे और सोमवार को अब्दुसत्तोरोव को हराने का फायदा भी उनके पास था, ऐसे में उम्मीद थी कि वह पूरी ताकत से खेलेंगे. लेकिन एरिगैसी के लिए हालात बदल गए. वह पहले गेम में सफेद मोहरों के साथ बढ़त को भुना नहीं सके और 47 चालों में हार गए, जिससे 0-1 से पिछड़ गए.





