नई दिल्ली. पंजाब कांग्रेस के भीतर चल रहे विवाद (Dispute) के समाधान के लिए बनाई गई तीन नेताओं की कमेटी ने अपनी रिपोर्ट सोनिया गांधी को सौंप दी है. इस कमेटी के सामने पंजाब के सीएम अमरिंदर सिंह समेत नवजोत सिंद्धू और अन्य नेता उपस्थित हो चुके हैं. अब कमेटी ने अपनी फाइनल रिपोर्ट दे दी है. सूत्रों के मुताबिक रिपोर्ट में कही गई बातें कुछ इस प्रकार हैं…
1. कैप्टन अमरिंदर सिंह के काम करने के स्टाइल से कांग्रेस विधायक नाराज हैं. कैप्टन कांग्रेस के विधायक और नेताओं से महीनों नहीं मिलते. जिससे लोगों में नाराजगी बढ़ी है.
2. कांग्रेस के विधायकों, नेताओं और कार्यकर्ताओं की नाराजगी दूर करने के लिए तुरंत पंजाब कांग्रेस का पुनर्गठन किया जाए. पार्टी के लिए समर्पित कार्यकर्ताओं और नेताओं को इसमें जगह दी जाए.
3. रिक्त पड़े निगम/बोर्ड और दूसरी जगहों पर कांग्रेस के लोगों को नियुक्त किया जाए.
4. नवजोत सिद्धू की नाराजगी दूर करने के लिए कमेटी ने सिफारिश दी है कि उन्हें तुरंत पॉलिटिकली एडजस्ट किया जाए. सिद्धू को क्या पद देना है इसका आखिरी फैसला सोनिया गांधी और कांग्रेस आलाकमान करेगा.
5. सूत्रों के मुताबिक सिद्धू अब कैप्टन अमरिंदर सिंह के मातहत काम नहीं करना चाहते.
6.कमेटी ने कहा है कि बेअदबी का मुद्दा संवेदनशील है. इसलिये इसको लेकर कमेटी कोई सिफारिश नहीं करेगी. जो भी प्रशासनिक फैसला करना है वो मुख्यमंत्री करें.
7. रिपोर्ट बनाते वक्त कमेटी के तीनों सदस्य कई मुद्दों पर एक-दूसरे से असहमत थे, लेकिन आखिरी रिपोर्ट कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी को आम राय से भेजी गई.
8. कमेटी ने चार पन्नों की रिपोर्ट सोनिया गांधी को भेजी है.





