रमाशंकर सिंह
पूर्व मंत्री मध्य प्रदेश शासन
ये हैं नवीन पटनायक, उड़ीसा के मुख्यमंत्री। उड़ीसा के शायद सबसे अधिक समय तक टिके रहने वाले मुख्यमंत्री हैं या होने वाले हैं। इनके पिता श्री बीजू पटनायक भी लंबी अवधि तक मुख्यमंत्री रहे , उनके न रहने पर ही नवीन पटनायक राजनीति में आये और तबसे लगातार अपने दम पर ही जीतते रहे हैं कोई कैसा भी गठबंधन नहीं है। बीजू बाबू का मुझ पर बहुत अनुराग रहा , मेरे आग्रह पर वे एक बार १९७८ में ग्वालियर भी आये और तिघरा बॉंध भी गये जहॉं से द्वितीय विश्वयुद्ध में वे युद्धक पायलट के रूप में हवाई जहाज़ उड़ाते उतारते थे।मप्र आने के बाद मेरासंपर्क उनसे टूट गया। बीजू पटनायक भारतीय राजनीति का एक चमकता अध्याय हैं और उन पर पृथक से लिखना बनता है। आज नहीं ।नवीन पटनायक की बहन गीता मेहता एक लेखिका हैं। नवीन पटनायक स्वयं भी एक पढ़ने लिखने वाले आदमी हैं, सुशिक्षित और ईमानदार राजनीतिज्ञ ।
आज तक उन पर कोई भी आर्थिक आरोप नहीं लग सका है। नवीन पटनायक मुख्यमंत्री ने ही हॉकी की दोनों महिला व पुरुष टीमों को ओलंपिक के लिये उड़ीसा सरकार की ओर से प्रायोजित किया जब सब तरफ़ से हॉकी टीम के लिये दरवाज़े बंद हो चुके थे । सभी धनपशुओं की मुनाफ़ाख़ोर कंपनियों ने हॉकी पर पैसा लगाने से इंकार कर दिया था । चित्र में हॉकी मैच के अंत में नवीन पटनायक अपने घर में टीवी के सामने खिलाड़ियों के सम्मान में खड़े होकर ताली बजाते दिख रहे हैं। सादगी तो आप देख ही रहे हैं कि वे घर पर क्या परिधान पहनते हैं , बाहर भी बग़ैर कलफ़ का सादा सफेद कुर्ता पायजामा पहन कर निकलते हैं। विज्ञापन, टीवी संदेश , पोस्टर, साक्षात्कार , भाषणबाज़ी से दूर रहतक नवीन पटनायक अपने काम में दिलचस्पी लेते हैं और असामान्य भागदौड़ की अति व्यस्त ज़िंदगी का दावा नहीं करते है। उड़ीसा की बदलती सूरत को देखकर आपको समझ आयेगा कि वहॉं किन बुनियादी मुद्दों पर काम हो रहा है। ढोंग पाखंड प्रचार के सामने एक वास्तविक काम करने वाला प्रचार से विरक्त व्यक्ति खड़ा है।





