अग्नि आलोक
script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

संकट में देश

Share

ध्रुव गुप्त

देश के आने वाले दिन शायद संकटों से भरे हैं। पाकिस्तान जैसे आतंकी और चीन जैसे शातिर पड़ोसियों से घिरा यह देश अनगिनत आतंकी हमलों और हमारी सीमाओं के अतिक्रमण के रूप में भारी क़ीमत चुकाता रहा है। मित्र अफगानिस्तान के पाकिस्तान और चीन समर्थित तालिबानिस्तान में परिवर्तित होने के बाद अब स्थिति के विस्फोटक होने की आशंका है। न सिर्फ भारत में, बल्कि पूरे दक्षिण और मध्य एशिया में। पता नहीं इस चुनौती का सामना करने के लिए हमारी सरकार की क्या तैयारियां हैं, लेकिन क्या हम भारत के लोग इसके लिए तैयार हैं ? शत्रुओं से लड़ने के बजाय हम एक दूसरे से लड़ रहे हैं। वर्षों से कुछ जाहिल, उन्मादी हिंदुओं द्वारा कभी गोरक्षा के नाम पर, कभी राम के नाम पर, कभी लव जेहाद के नाम पर और अब मुस्लिम मनिहारी द्वारा हिन्दू लड़की को चूड़ी पहनाने के नाम पर मुसलमानों के साथ हो रही हिंसक घटनाओं ने देश में अराजकता और असुरक्षा की भावना पैदा की है। मज़हबों के बीच इस खाई को बढाने में देश के कुछ जाहिल, सिरफिरे मुसलमानों की भूमिका भी कम ख़तरनाक नहीं है। वे इस्लाम के नाम पर दुनिया के किसी भी आतंकी संगठन का समर्थन करने से बाज नहीं आते। उन्हें भारत में धर्मनिरपेक्ष सरकार चाहिए, बाकी दुनिया में इस्लामिक गणराज्य। दोनों तरफ़ ऐसे लोगों की संख्या कम है लेकिन उनके संदेश ख़तरनाक है। 
मुझे लगता है, एशिया में भारत अब अकेला पड़ जाने वाला है। तालिबान के हाथों पिटा अमेरिका एक हद के बाहर साथ नहीं देने वाला। देश को अपनी सुरक्षा के लिए अपनी आंतरिक ताक़त पर ही भरोसा करना होगा। यह आंतरिक ताक़त सिर्फ सामरिक हथियारों से नहीं, देश में रहने वाले लोगों के बीच आपसी समझ और हौसले से मिलती है। ज़रूरत है मज़हबों के बीच लगातार बढ़ती खाई को पाटकर देश में एकता और सौहार्द का वातावरण बनाने की। यह काम वोटों के गणित में उलझे  सत्ताधारी या विपक्षी दल भी नहीं करने वाले। सियासी प्रतिबद्धताओं से बंधे देश के बुद्धिजीवियों की भूमिका संदिग्ध रही है।अपने तमाम पूर्वग्रहों और मूर्खताओं को त्याग कर यह काम देश के हम नागरिकों को ख़ुद की करना होगा। क्या हम तैयार हैं ?

Ramswaroop Mantri

Recent posts

script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

प्रमुख खबरें

चर्चित खबरें