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मैथ्स में 100/100 मार्क्स:एक्सपर्ट बोले- 2 D, 3 D ज्योमेट्री, वेक्टर, ट्रिग्नोमेट्री और कैल्कुलस क्लियर तो सफलता पक्की

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JEE एंट्रेंस में सफलता के लिए मैथ्स में अधिक से अधिक मार्क्स हासिल करना जरूरी है। क्योंकि मैथ्स, फिजिक्स और कैमिस्ट्री में से मैथ्स ही ऐसा सब्जेक्ट है, जिसमें 100 में से 100 मार्क्स स्कोर किया जा सकता है। मैथ्स में 100 में से 100 मार्क्स लाने के लिए 5 पॉइंट पर सटीक पढ़ाई ही सफलता दिला सकती है। कोई भी क्वेश्चन इन पॉइंट से बाहर नहीं आता। जैसे, 2 D, 3 D (डायमेंशन) ज्योमेट्री, वेक्टर, ट्रिग्नोमैट्री, कैल्कुलस हैं। यदि इन पांच टॉपिक को अच्छे से कवर कर लिया, तो सफलता पाने से कोई नहीं रोक सकता। क्योंकि JEE एंट्रेंस में मैथ्स के पेपर में इससे बाहर प्रश्न नहीं पूछा जाता। अगर इन टॉपिक को अच्छे से पढ़ा हो, तो सभी प्रश्न हल करने में आसानी होगी। जानते हैं एक्सपर्ट एमपी सिंह (ज्ञनोदय इंस्टीट्यूट, ग्वालियर के डायरेक्टर) से जेईई में सफलता पाने का मंत्र …

क्लासेस में सफलता के मूल मंत्र को समझते स्टूडेंटस।

क्लासेस में सफलता के मूल मंत्र को समझते स्टूडेंटस।

पांच टॉपिक पर रखें कमांड
JEE में सफलता के लिए महत्वपूर्ण टॉपिक्स के लिए 11वीं और 12वीं की बुक्स के सिलेबस को ध्यान से पढ़ना चाहिए। बेस यही होता है। इसके बाद JEE में तीन पेपर होते हैं। फिजिक्स, कैमिस्ट्री और मैथ्स। इनमें से मैथ्स में परीक्षार्थी अच्छा स्कोर कर रैंक ला सकता है। इसके लिए उसे 2 डायमेंशन ज्योमेट्री, 3 डायमेंशन ज्योमेट्री, वेक्टर, ट्रिग्नोमैट्री, कैल्कुलस इन पांच टॉपिक पर कमांड बनानी होगी। इन पॉइंट और यूनिट को कवर करने पर बहुत बड़ा पार्ट स्टूडेंट कवर कर लेता है। इसके बाहर कुछ नहीं आता है।

बड़े रिजल्ट पाने के लिए छोटे लक्ष्यों पर फोकस
JEE सिलेबस शुरू में बहुत बड़ा लगता है। आपको इसे मॉड्यूल में डिवाइड करने की आवश्यकता है। एक समय में एक टॉपिक लें। उससे संबंधित टारगेट को पूरा करने पर ध्यान दें। एक बार यह पूरा हो जाने के बाद, सिलेबस के अगले टॉपिक पर जाएं। थ्योरी को रिवाइज करें। सभी टॉपिक की प्रॉब्लम्स को सॉल्व करें।

इन टॉपिक को लगातार रिवाइज करते रहें
JEE की तैयारी में काफी समय लगता है। आप विषयों को समझते हैं, प्रॉब्लम्स को सॉल्व करते हैं। समय के अनुसार पुराने कॉन्सेप्ट भूल सकते हैं। ऐसे में अच्छी तैयारी के लिए, लगातार रिवीजन जरूरी है। सोने से पहले हमेशा महत्वपूर्ण बिंदुओं का रिवीजन करें।

बेसिक समझें, कॉन्सेप्ट मजबूत करें
JEE आपके बेसिक्स की जांच करता है। टफ कॉन्सेप्ट को जानने से पहले आपको आसान, बेसिक कॉन्सेप्ट को समझना होगा। कैसे शुरू करें?, मुझे कहां से शुरू करना चाहिए?, कब पढ़ाई करनी चाहिए? जैसे सवालों से भ्रमित न हों। अपने पसंदीदा टॉपिक से शुरुआत करें। यह आपको परीक्षा के लिए अच्छी तैयारी करने का आत्मविश्वास देगा। पहले थ्योरी पार्ट को समझें और फिर प्रॉब्लम सॉल्व करने की प्रैक्टिस करें। यह कॉन्सेप्ट को बेहतर तरीके से समझने का तरीका है।

थ्योरी को बार-बार पढ़ें, प्रॉब्लम खुद से सॉल्व करेंगे, तो कभी नहीं लौटेगी
यदि आप किसी प्रॉब्लम को सॉल्व नहीं कर पा रहे हैं, तो थ्योरी को बार-बार तब तक पढ़ें, जब तक आपको क्लियर न हो जाए। परीक्षा में टाइम मैनेजमेंट और प्रश्नों को हल करने का पैटर्न महत्वपूर्ण है। पढ़ाई के साथ-साथ नोट्स भी लिखते रहें। इसमें आप इंपॉर्टेंट प्वाइंट्स, शॉर्टकट, फॉर्मूला, रिएक्शन, मिस्टेक्स आदि को शामिल कर सकते हैं।

Ramswaroop Mantri

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