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राजस्थान भाजपा में वो ही होगा जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चाहेंगे

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एस पी मित्तल, अजमेर

राजस्थान भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. सतीश पूनिया और पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने 3 जुलाई को सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ अपने अपने फोटो शेयर किए। दरअसल 2 व 3 जुलाई को हैदराबाद में भाजपा की राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक हुई। 3 जुलाई को बैठक में प्रधानमंत्री मोदी भी शामिल हुए। मोदी जब बैठक स्थल पर पहुंचे तो प्रमुख नेताओं ने उनका अभिवादन किया। इस अभिवादन के समय ही वसुंधरा राजे और सतीश पूनिया की मुलाकात की पीएम से हुई। इस मुलाकात के फोटो ही पूनिया और वसुंधरा ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किए हैं। दोनों नेताओं ने यह दिखाने का प्रयास किया है कि उनकी मुलाकात ज्यादा आत्मीय हुई है। राजनीति में प्रधानमंत्री के साथ फोटो हर नेता के लिए मायने रखता है। राजस्थान में डेढ़ वर्ष बाद विधानसभा के चुनाव होने हैं तब पीएम मोदी के साथ वसुंधरा राजे और पूनिया के फोटो भाजपा की राजनीति के लिए महत्वपूर्ण हैं। इन दोनों नेताओं को अच्छी तरह पता है कि पीएम मोदी जो चाहेंगे वो ही राजस्थान भाजपा में होगा। वसुंधरा के समर्थक चाहते हैं कि विधानसभा चुनाव से पहले वसुंधरा राजे को मुख्यमंत्री का चेहरा घोषित किया जाए, जबकि पूनिया के समर्थक चाहते हैं कि इस बार पार्टी के चुनाव चिन्ह कमल के फूल को ही चेहरा बनाया जाए। राजस्थान में वसुंधरा राजे की लोकप्रियता जहां बरकरार है वहीं संगठन को मजबूत और सक्रिय करने में पूनिया ने कोई कसर नहीं छोड़ी है। यह बात अलग है कि इन दोनों नेताओं के बीच राजनीतिक तालमेल का अभाव दिखता रहा है। वसुंधरा राजे ने कई मौकों पर भाजपा संगठन के सामने अपना राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन किया है। वहीं सतीश पूनिया संगठन की गतिविधियों में व्यस्त रहे हैं। राष्ट्रीय नेतृत्व ने संगठन में बदलाव करने और पंचायती राज व स्थानीय निकायों के चुनाव में उम्मीदवार तय करने की पूरी छूट पूनिया को दी है। प्रधानमंत्री के साथ फोटो के दोनों नेताओं के समर्थक अपना अपना नजरिया प्रस्तुत कर रहे हैं। 

राजे और शेखावत ने मुलाकात की:

उदयपुर में मृतक कन्हैयालाल के परिजनों से पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे मुलाकात करेंगी इसकी घोषणा 4 जुलाई को सुबह ही हो गई थी, लेकिन राजे की मुलाकात से पहले ही केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत उदयपुर पहुंच गए और उन्होंने कन्हैयालाल के परिजन से मुलाकात की। मुलाकात के बाद शेखावत ने मीडिया से कहा कि कन्हैयालाल ने पुलिस को पहले ही अपनी जान का खतरा बता दिया था, लेकिन पुलिस ने प्रभावी कार्यवाही नहीं की। शेखावत ने आरोप लगाया कि पुलिस पर सरकार का दबाव है, इसलिए न्यायपूर्ण कार्यवाही नहीं की जा रही है। कन्हैयालाल ने सोशल मीडिया पर जो पोस्ट डाली उसमें पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया, लेकिन वहीं टोंक के एक व्यक्ति ने जब खुले आम आंख, हाथ, सिर काटने की धमकी दी तो पुलिस ने किस तरह कार्यवाही की इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। शेखावत ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर वोट की राजनीति करने का आरोप लगाया। 

Ramswaroop Mantri

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