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देश में यह पहला अवसर जब किसी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी की पुण्यतिथि  पर श्रद्धांजलि सभा करने से रोका गया है

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*मंगल मेहता द्वारा रचित संघर्ष सपूत मामा बालेश्वर दयाल पुस्तक का सांसद अनिल हेगड़े ने किया लोकार्पण

मामा जी की पुण्यतिथि पर सरकारी अडंगे के बावजूदहजारों की तादाद में पहुंचे आदिवासी

मामा बालेश्वर दयाल की 24 वीं पुण्यतथि पर राज्य सरकार के इशारे पर श्रद्धांजलि सभा की अनुमति नहीं दी गई । पिछले 23 साल से लगातार भील आश्रम बामनिया में मामा जी की समाधि पर मेला भी लगता है और श्रद्धांजलि सभा का आयोजन भी होता है ,लेकिन इस बार राज्य शासन के इशारे पर प्रशासन ने श्रद्धांजलि सभा आयोजित करने और लाउडस्पीकर की अनुमति देने से इंकार कर दिया।बावजूद इसके हजारों की तादाद में पहुंचे आदिवासी और मेला भी लगा *मंगल मेहता द्वारा रचित संघर्ष सपूत मामा बालेश्वर दयाल पुस्तक का सांसद अनिल हेगड़े ने लोकार्पण किया

      किसान संघर्ष समिति के अध्यक्ष, पूर्व विधायक डॉ सुनीलम ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानी, पूर्व सांसद मामा बालेश्वर दयाल की 24वीं पुण्य तिथि के अवसर पर मामा जी की समाधि स्थल या आसपास श्रद्धांजलि सभा नहीं होने देने पर आपत्ति  करते हुए कहा है कि सरकार , प्रशासन को  मामा जी के अनुयायियों की आवाज को बंद करने से बाज आना चाहिए ।

उन्होंने कहा कि आवाज बंद करने के किसी भी अलोकतांत्रिक फैसले को  बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। डॉ सुनीलम ने कहा कि अगले वर्ष श्रीधांजलि सभा आयोजित की जाएगी जिसमें वे खुद शामिल होंगे।

डॉ सुनीलम ने कहा कि प्रशासन द्वारा समाधि स्थल के आसपास श्रद्धांजलि सभा करने की अनुमति देनी चाहिए थी तथा सभी इच्छुक संगठनों को समय आवंटित कर देना चाहिए था। देश में यह पहला अवसर है जब किसी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी की पुण्यतिथि के अवसर पर श्रद्धांजलि सभा करने से रोका गया। 

       डॉ सुनीलम ने कहा कि मामा जी की प्रेरणा से यदि बिहार में शराबबंदी लागू हो सकती है तो मध्यप्रदेश में शिवराज सिंह चौहान शराब बंदी क्यों नहीं कर सकते ? जबकि वे बार बार बेटी बचाओ और नशामुक्ति की बात करते हैं।

               डॉ सुनीलम ने मामा जी के मध्यप्रदेश के अनुयायियों से अपील की है कि राजस्थान के अनुयायियों द्वारा जिस तरह पदयात्रा निकाली जाती है उसी तरह मध्यप्रदेश के  अनुयायियों द्वारा पदयात्रा नियमित निकाली जाए। उन्होंने कहा कि वे मामाजी के अनुयायियों द्वारा की जाने वाली ऐसी किसी भी पदयात्रा में शामिल होंगे।

     

*मंगल मेहता द्वारा रचित संघर्ष सपूत मामा बालेश्वर दयाल पुस्तक का सांसद अनिल हेगड़े ने किया लोकार्पण*

  मामा बालेश्वर दयाल की 24 वीं पुण्यतथि पर राज्य सरकार के इशारे पर श्रद्धांजलि सभा की अनुमति नहीं दी गई । पिछले 23 साल से लगातार भील आश्रम बामनिया में मामा जी की समाधि पर मेला भी लगता है और श्रद्धांजलि सभा का आयोजन भी होता है ,लेकिन इस बार राज्य शासन के इशारे पर प्रशासन ने श्रद्धांजलि सभा आयोजित करने और लाउडस्पीकर की अनुमति देने से इंकार कर दिया।

 गौरतलब है कि मामा जी की पुण्यतिथि पर 25 दिसंबर से 27 दिसंबर तक भील आश्रम बामनिया पर आदिवासियों का मेला लगता है तथा मध्य प्देश गुजरात और राजस्थान केकई जिलों से आदिवासी बड़ी संख्या में मामा जी की मूर्ति पर नारियल चढ़ाने और उन्हें श्रद्धांजलि देने के लिए पहुंचते हैं। बांसवाड़ा से 5 दिन की पदयात्रा कर हजारों की तादाद में आदिवासी बामनिया पहुंचते हैं । इसी के साथ मामा जी के राजनीतिक जीवन के संगी साथी भी बड़ी संख्या में बामणीया आते हैं ।इस अवसर पर वहां श्रद्धांजलि सभा का आयोजन होता है ,जिसमें विभिन्न समाजवादीखेमो के दलों से जुड़े नेता पहुंचते हैं और राजनीतिक भेदभाव के बगैर श्रद्धांजलि सभा में मामा जी को अपने श्रद्धा सुमन अर्पित करते हैं । इस बार भी राज्यसभा सदस्य अनिल हेगडे ,पूर्व विधायक डॉ सुनीलम सहित समाजवादी पार्टी ,जनता दल यू ,सोशलिस्ट पार्टी, किसान संघर्ष समिति सहित विभिन्न जन संगठनों के नेता और कार्यकर्ता बामणिया पहुंचे थे । हर वर्ष की तरह यहां पर श्रद्धांजलि सभा के लिए प्रशासन से अनुमति मांगी गई ।लेकिन प्रशासन ने अनुमति देने से इनकार कर दिया। जिस कारण मामाजी के समर्थकों में आक्रोश व्याप्त है। अनुमति  नहीं मिलने के बावजूद बड़ी संख्या में आदिवासी और मामा जी के समर्थक पहुंचे थे।

 इस अवसर पर इंदौर से मामा जी की जीवनी का दूसरा संस्करण भी प्रकाशित किया गया था । मामा जी की यह जीवनी संघर्ष सपूत मामा बालेश्वर दयाल शिर्शक से 1972 में ख्यात लेखक मंगल मेहता ने लिखी थी और प्रकाशित की थी । जीवनी की बहुत कम प्रतियां मौजूद है ।इसी को देखते हुए इंदौर के साथियों सुभाष खंडेलवाल, जीवन मंडलेचा, रामस्वरूप मंत्री, शिवरतन चौहान, इकबाल अब्बासी ,इकबाल अहमद चौहान आदि ने जीवनी का पुनः प्रकाशन किया तथा उसका विमोचन मामा जी की समाधि पर राज्यसभा सदस्य अनिल हेगड़े और डॉक्टर सुनीलम से करवाया ।इस अवसर पर बामनिया के वरिष्ठ पत्रकार सत्यनारायण शर्मा, किसान संघर्ष समिति के लीलाधर चौधरी, राजेश बैरागी ,सोशलिस्ट पार्टी इंडिया के कमलेश परमार, इंदौर के समाजवादी साथी शिवरतन चौहान तथा इकबाल अहमद चौहान मौजूद थे ।

Ramswaroop Mantri

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