*लोगों का हक छीन कर, भूमाफ़िया कैसे बने हुए है समाज में कथित समाजसेवी..
किसके नाम है कौन से खसरे की जमीन ? कब-कब बिकी, किस विभाग ने कब – कब क्या किया ?
*अपराध दर्ज करने के बाद, भूमाफ़ियाओं के सरदार आरोपियों की गिरफ़्तारी हो पाएगी ?
*कब से किन-किन अफसरों, जाँच एजेंसियों को की शिकायतें
*विधानसभा में दो विधायकों ने उठाए सहकारी संस्थाओं के मामले, तब जागे अफसर
*अभियान के तहत पुलिस ने दर्ज किए अपराधों में, दो साल से कैसे फरार है ईनामी बड़ा आरोपी, पुलिस ने ही बरी होने के रास्ते खोले
*नचानी, कूक्की के विरुद्ध पहले भी दर्ज हुई थी FIR
*क्या प्रभावितों को मिल पाएँगे प्लाट ?, जिन प्लाटों की रजिस्ट्री, उन पर बन गए है भूमाफ़ियाओं के अवैध मकान, कब तौडे जाएँगे
इंदौर
संस्था की ज़मीन ख़रीदी-बिक्री में किस खाते में, किसने कितनी राशि जमा की*जिनके नाम FIR में नही उन्हें भी चमकाने वाले सक्रिय*
ये अपराध दर्ज किए –
इंदौर के थाना खजराना में अपराध क्रमांक – 159/2021, 160/2021, 161/2021, 162/2021 दिनांक 17/02/21 को कुल चार FIR दर्ज की गई। थाना एम.आई.जी. इंदौर में अपराध क्रमांक-131/2021 और 132/2021 दिनांक 18/02/2021 धारा 420, 467, 468, 471, 406, 120 बी दर्ज किए गए ।
मयदस्तावेज़ों के पढ़ें विस्तृत खबर*किस-किस के नाम है हिना पैलेस की ज़मीन ..**धर्मयुद्ध और सनसनी* पर
देखना यह होगा की, *सुरेन्द्र संघवी, दिलीप सिसौदिया, प्रतीक संघवी, विमल लोहाड़िया, पुष्पेंद्र नेमा रणवीर सिंह सूदन, दिलीप जैन, मुकेश खत्री, श्रीधर, धवन बंधु सहित आरोपी भूमाफ़ियाओं में से, कितने आरोपियों को हिरासत में लिया जाता है ? और इनके कब्जे वाली सहकारी संस्थाओं की भूमियों पर कितने प्रभावितों को प्लाट पर भौतिक कब्जा दिया जाता है ?* ….पूर्व में वरिष्ठ सहकारिता निरीक्षक द्वारा दर्ज करवाई गई FIR (1240/19) में एक बड़ा भूमाफ़िया, दो साल से इनामी हो कर फरार है, जबकि वो खजराना में सक्रिय रहा है ..
प्रशासन ने भूमाफिया के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए गुरुवार रात मजदूर पंचायत की पुष्प विहार कॉलोनी, देवी अहिल्या की अयोध्यापुरी और खजराना की हिना पैलेस के मामले में 18 लोगों पर छह एफआईआर दर्ज कराई। कलेक्टर मनीष सिंह के अनुसार, दो सोसायटी की 3250 करोड़ की जमीन पर आरोपियों का दखल था। डेढ़ हजार लोग वर्षों से परेशान है।
सभी एफआईआर में भूमाफिया दीपक जैन उर्फ दिलीप सिसौदिया उर्फ दीपक मद्दा मुख्य आरोपी है। सुरेंद्र संघवी व बेटे प्रतीक पर दो केस दर्ज किए हैं। पुलिस ने रात में इनके घरों पर दबिश भी दी, लेकिन श्रीधर कदम निवासी बख्तावर राम नगर और मुकेश खत्री ही हाथ लगे।
18 भूमाफिया में से 16 फरार, दो ही मिले
प्रशासन ने देर रात शहर के 18 भूमाफिया के खिलाफ 2 थानों में छह एफआईआर दर्ज कराई। रात में ही 100 से ज्यादा जवानों का फोर्स भेजकर उनके घरों पर छापे भी मारे गए। दबिश की सूचना पुलिस ने ही लीक कर दी। इस वजह से सिर्फ 2 माफिया ही हाथ लग सके। 16 लोग पुलिस के पहुंचने से पहले ही शहर छोड़कर भाग निकले।
12 साल पुराने मामलों में ही जांच अब तक लंबित
2009 में भी प्रशासन ने भू-श्रवण अभियान चलाया था। 25 संस्था निशाने पर थीं। इस बार जिन 10 संस्थाओं के नाम आए हैं, ये उस सूची में भी शामिल थीं। तब की जांच भी अब तक लंबित हैं।
सारी धाराएं भी हूबहू वही अधिकतम सजा 10 वर्ष
12 साल पहले इन संस्थाओं और उसके कर्ता-धर्ताओं पर आईपीसी की धारा 420, 467, 120 बी में केस दर्ज किए गए थे। इस बार भी उन्हीं धाराओं में एफआईआर हुई है। इन धाराओं में अधिकतम सजा 10 वर्ष की ही है।
डेढ़ महीने पहले मिले थे सीएम से
पुष्प विहार कॉलोनी में 28 सालों से प्लॉट मिलने का इंतजार कर रहे सदस्य डेढ़ महीने पहले सीएम शिवराजसिंह चौहान से मिले थे। उन्होंने तब ही अफसरों की बैठक लेकर इन्हें न्याय दिलाने के निर्देश दिए थे।




