क्या मुख्यमंत्री में हिम्मत है! की वो प्रदेश के बस, ट्रक, ट्राले चलाने वाले राजनैतिक सरंक्षण प्राप्त माफियाओं पर कारवाई का आदेश जिला प्रशासन को दे सके !?*
*@प्रदीप मिश्रा
*इंदौर से लेकर पूरे प्रदेश के हर शहर में कितने साल पुराने ट्रक, ट्राले, बस और क्रेन चल रहे हैं! उनकी फिटनेस प्रमाण पत्र आर टी ओ कैसे जारी कर रहा है!? उन नेताओ और धन्नासेठों के नाम जरा शहर को बताओ जो 15 से 25 साल पुराने भारी वाहन शहर में चला रहे हैं!?*
*खनन माफिया! ट्रक और बस माफिया! स्कूल और कॉलेज माफिया! उपनगरीय बस माफिया! क्रेन और ट्राले माफिया! के पास बड़ी संख्या में कंडम और अत्याधिक पुराने भारी वाहन चल रहे हैं!*
*करोड़ों – अरबों रुपए के आर टी ओ, परमिट टैक्स बकायादारो की लिस्ट से बकाया वसूलने की हिम्मत नहीं है आर टी ओ के अधिकारियों की! क्योंकि सब राजनीतिक सरंक्षण प्राप्त ऑपरेटर है! और अधिकांश तो सरकार का हिस्सा है!*
कैलाश विजयवर्गीय, रमेश मैंदोला, शुक्ला ब्रदर्स और हिन्दूवादी गौड़ नेताओ के होते हुए…….!?*
*शहर गुंडों और अपराधिक माफियाओ से त्रस्त हो!?*
*तो यह इस शहर की जनता को शर्मसार करने वाली बात है!?*
*विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 1, 2 और 4 मे सर्वाधिक गुंडे, संगठित गुंडों और माफियाओं का बोलबाला है! इन क्षेत्रों मे अपराधी जन्म लेते हैं! अपराधिक कृत्यों से शिक्षित होते हैं! अपराधिक अस्त्र, शस्त्र मे पारंगत होते हैं! इनके सामने अपराध से करोड़ों की कमाई के अलावा समाज और सरकार मे तथाकथित इज्जत के सेकड़ो एतिहासिक और वर्तमान दिग्गज, कद्दावर मौज़ूद है! उनके जैसा पैसा, धन बल, बाहुबल और शहर में दबदबा कायम करना उनका लक्ष्य है!*
*क्षेत्र के विधायक और पार्षद उनके या तो प्रेरणा स्त्रोत है! या उनके बल पर है! उन्ही की वजह से वो दबंग, बाहुबली विधायक या पार्षद कहलाते हैं! या उन पर वरदहस्त है! या उनका इस्तेमाल अपनी राजनीति का दबदबा कायम रखने के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं! या फिर विधायक और पार्षद उनसे डरते हैं!* *नहीं तो कैलाश विजयवर्गीय, रमेश मैंदोला, शुक्ला ब्रदर्स और हिन्दूवादी गौड़ नेता ठान लें कि इंदौर को अपराध और अपराधी मुक्त करना है तो क्या शहर में कोई अपराधी रह सकता है!?*





