अहमदाबाद विमान हादसे के एक महीने बाद एअर इंडिया की ड्रीमलाइनर 787-8 फ्लाइट क्रैश के कारणों पर प्रारंभिक जांच रिपोर्ट सामने आई है। अहमदाबाद के मेघाणीनगर में हुए इस विमान हादसे के कारणों की जांच का जिम्मा एयरक्राफ्ट एक्सिडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) को सौंपा गया था। अब इसकी प्रारंभिक रिपोर्ट सामने आई है। AAIB ने विमान के इंजन में ईंधन की सप्लाई बाधित होने जैसी कई अहम बातों की तरफ इशारा किया है। हालांकि, ब्यूरो ने कहा है कि ये रिपोर्ट प्रारंभिक है और हादसे की विस्तृत जांच जारी है। अहमदाबाद विमान हादसे पर AAIB ने अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट जारी कर दी है। इसके मुताबिक इंजन में खराबी यानी अचानक बंद हुई ईंधन की सप्लाई फ्लाइट के क्रैश होने का बड़ा कारण है। बोइंग ड्रीमलाइनर बी 787-8 पहली बार हादसे का शिकार हुआ है। ऐसे में एएआईबी की रिपोर्ट बेहद अहम साबित हो सकती है। जानिए जांच रिपोर्ट में ब्यूरो ने और क्या बातें कहीं हैं

अहमदाबाद में एअर इंडिया विमान हादसा – फोटो : एएनआई / सीआईएसएफ
- इंजन विफलता का कारण: एएआईबी की रिपोर्ट के मुताबिक एअर इंडिया विमान संख्या बी-787-8 के दोनों इंजन फ्यूल कटऑफ स्विच “RUN” से “CUTOFF” हो गए। इस कारण विमान के इंजन बंद हो गए। हालांकि, फिलहाल अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है। इंजन बंद होने के अन्य कारणों का विश्लेषण किया जा रहा है।
- कॉकपिट में पायलटों के बीच संवाद: AAIB ने जांच के दौरान कॉकपिट में पायलटों के बीच संवाद का भी विश्लेषण किया है। इसके मुताबिक CVR में दोनों पायलटों के बीच की बातचीत से यह स्पष्ट हुआ है कि फ्यूल कटऑफ किसी ने जानबूझकर नहीं किया था।
- रैम एयर टर्बाइन और APU सक्रिय: रिपोर्ट के मुताबिक विमान के ऑटोमैटिक सिस्टम ने आपात परिस्थियों को देखते हुए स्वतः सहायता करने की कोशिश की, हालांकि, रैम एयर टर्बाइन और APU जैसी प्रणालियों को सक्रिय करने के बावजूद विमान क्रैश होने से नहीं बचाया जा सका।
- पायलटों का अनुभव: जांच रिपोर्ट में इस बात का उल्लेख भी किया गया है कि विमान के पायलट (कैप्टन) के पास उड़ान का कितना अनुभव था। इसके मुताबिक कप्तान के पास 15,000 घंटे से अधिक का अनुभव था, जबकि सह-पायलट के पास 3,400 घंटे उड़ान का अनुभव था।
- 12 जून को हादसा हुआ, एक महीने बाद जांच की स्थिति क्या है: AAIB ने नागरिक विमानन मंत्रालय के पास जमा की गई अपनी रिपोर्ट में कहा है कि ब्यूरो के अधिकारियों ने प्रारंभिक जांच पूरी कर ली है। विस्तृत जांच, विश्लेषण और साक्ष्य संग्रह अभी भी जारी हैं। यही कारण है कि फिलहाल कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है।
क्रैश से ठीक पहले एअर इंडिया के विमान की आपात बिजली प्रणाली सक्रिय
गौरतलब है कि हादसे के बाद कुछ ही दिनों पहले आई एक अन्य रिपोर्ट के मुताबिक बीते 12 जून को क्रैश होने से पहले एअर इंडिया के विमान की आपात बिजली प्रणाली सक्रिय हो चुकी थी। इस मामले में बोइंग ने कहा था कि कंपनी जांच ब्यूरो से संपर्क करेगी। बता दें कि एअर इंडिया का विमान उड़ान भरने के कुछ ही सेकेंड्स बाद अहमदाबाद के मेघाणीनगर में डॉक्टरों के हॉस्टल पर जा गिरा था।
हादसे में भारत के अलावा कुछ अन्य देशों के नागरिकों की भी मौत हुई
बता दें कि एअर इंडिया का अत्याधुनिक विमान- बोइंग ड्रीमलाइनर 787-8 बीते 12 जून को अहमदाबाद के मेघाणीनगर में उड़ान भरने के कुछ ही सेकेंड्स बाद क्रैश हो गया। विमान में सवार 242 लोगों में 12 क्रू के सदस्य थे। यात्रियों में 169 भारतीय नागरिक, 53 ब्रिटिश नागरिक, एक कनाडाई नागरिक और 7 पुर्तगाली नागरिक शामिल थे। हादसे के समय मेघाणीनगर में मौजूद कई लोग हताहत हुए। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया।





