भारत में सिटीबैंक के रिटेल बिजनेस को खरीदने के चार साल बाद एक्सिस बैंक एक और बड़े अधिग्रहण की तैयारी में है। सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक एक्सिस बैंक ने क्रेडिटएक्सेस ग्रामीण के प्रमोटर की हिस्सेदारी खरीदने के लिए बोली लगाई है। बता दें कि क्रेडिटएक्सेस इंडिया BV के पास माइक्रोफाइनेंस कंपनी क्रेडिटएक्सेस ग्रामीण में 66.28 प्रतिशत हिस्सेदारी है। एक्सिस बैंक ने इसी हिस्से को खरीदने के लिए बोली लगाई है।यह डील मौजूदा वैल्यूएशन मल्टीपल्स से थोड़े डिस्काउंट पर पूरी होने की संभावना है। इस अधिग्रहण से एक्सिस बैंक की प्रायोरिटी सेक्टर लोन बुक में मजबूती आएगी। एक्सिस बैंक का लक्ष्य क्रेडिटएक्सेस इंडिया BV से क्रेडिटएक्सेस ग्रामीण का 66.28% हिस्सा हासिल करना हैसूत्रों के मुताबिक एक्सिस बैंक, क्रेडिटएक्सेस ग्रामीण में प्रमोटर की हिस्सेदारी खरीदने के लिए अकेला बिडर हो सकता है। अगर यह प्रक्रिया पूरी हो जाती है तो एक्सिस बैंक की क्रेडिटएक्सेस ग्रामीण में 100% हिस्सेदारी हो जाएगी
सूत्रों के मुताबिक एक्सिस बैंक, क्रेडिटएक्सेस ग्रामीण में प्रमोटर की हिस्सेदारी खरीदने के लिए अकेला बिडर हो सकता है। अगर यह प्रक्रिया पूरी हो जाती है तो एक्सिस बैंक की क्रेडिटएक्सेस ग्रामीण में 100% हिस्सेदारी हो जाएगी। जिससे क्रेडिटएक्सेस ग्रामीण एक्सिस बैंक बैंक की सब्सिडियरी बन जाएगी।
इस डील की जानकारी रखने वाले एक बैंकर ने कहा,”यह स्ट्रक्चर इंडसइंड बैंक – भारत फाइनेंशियल इंक्लूजन लिमिटेड मॉडल जैसा होगा”। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि बहुत कुछ वैल्यूएशन पर निर्भर करेगा।सूत्रों के मुताबिक एक्सिस बैंक ने 12 महीने के पिछले आंकड़ों के आधार पर 2.6 गुना प्राइस टू बुक मल्टीपल के आसपास वैल्यूएशन ऑफर किया है,जबकि स्टॉक अभी लगभग 3 गुना मल्टीपल पर ट्रेड कर रहा है। मामले की जानकारी रखने वाले एक अन्य बैंकर ने कहा कि यह डील तभी होगी जब क्रेडिटएक्सेस BV थोड़ी कम वैल्यूएशन मल्टीपल पर ट्रांजैक्शन करने के लिए तैयार होगा।
बैंक ऑफ अमेरिका क्रेडिटएक्सेस की बिक्री प्रक्रिया संचालित वाला इन्वेस्टमेंट बैंकर है। सूत्रों के मुताबिक बिक्री की प्रक्रिया पिछले साल अक्टूबर के आसपास शुरू हुई थी। दिसंबर 2025 तक 26,000 करोड़ रुपये से ज़्यादा के लोन बुक और 6,900 करोड़ रुपये की नेट वर्थ के साथ, क्रेडिटएक्सेस भारत में सबसे बड़ी स्टैंडअलोन NBFC-MFI है।





