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 सावधान रंगीन बुढिया के बाल ,कैंसर होने का खतरा…….

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कॉटन कैंडी मे खतरनाक रोडोमाइन -बी रसायन हो सकता है जो मासूम बच्चो की सेहत के लिए है हानिकारक हो सकता है, बढ़ सकता है खतरनाक बीमारी कैंसर होने का खतरा…….

बुरहानपुर: मेले की शान बच्चो की मन मोहक सस्ती मिठाई बुड्ढी के बाल  दिखने मे आकर्षक और बेचने की अद्भुत कला पन्नी मे लंबी बांस की चिकनी लकड़ी के सहारे बेची जाने वाली मिठाई आम तौर पर आम और खास और गरीब वर्ग के परिजन बच्चों को दिलाते देखे जायेगे, देखे जाते है।आकर्षक और स्वाद मे मीठी इस मिठाई मे मूंह मे रखते ही गायब (घुलने) की क्षमता होती है। इसलिए बच्चों की मेले ठेलो के साथ बाजारों मे खिलौने खरीदने के पहले इस मिठाई को खरीदने की जिद और प्रतिस्पर्धा होती है। मिठाई की कम कीमत होने के कारण पालक बच्चों के आकर्षक रंगो से सजी इस मिठाई को खरीदकर देते है और खुद भी इसका स्वाद चखते है।

क्या आपको पता है आकर्षक रंगो से सजी इस मिठाई मे कैंसर जैसी खतरनाक बिमारी पैदा करने वाला रसायन मिला हो सकता है अथवा है! शक्कर से निर्मित होने वाली बच्चों की इस मिठाई को बनाने के आसान विधि होने के कारण इसे बेचने वाले सायकल अथवा अन्य किसी भी चलित साधन से गली मोहल्ले मे अपनी दुकान लेकर घूमते नजर आ जाते है। अगर आप किसी मेले अथवा आपके गली मोहल्लों मे बिकने वाली इस मिठाई बुड्ढी के बाल (कॉटन कैंडी) खरीदकर दे रहे हो तो खरीदने से पूर्व सावधान हो जाएं। देश की कुछ राज्यो जिसमे प्रमुख पुंडुचेरी -तमिलनाडु के खाद्य सुरक्षा अधिकारियो की टीम ने जॉच पाया है इस मिठाई को निर्मित करने मे रोडोमाइन – बी केमिकल मिला होता है। यह केमिकल सामान्य तौर पर कपड़ा उद्योग मे उपयोग होता है। जो किसी मनुष्य के शरीर के अंदर चला जाए तो कैंसर जैसी घातक बीमारी का जनक कारण बन सकता है। इसी रिपोर्ट के आधार पर पहले देश के राज्य पुडुचेरी के बाद तमिलनाडु सरकार ने इस मिठाई पर रोक लगा दी है। सरकार का मकसद बुड्ढी के बाल विक्रेता – और क्रेता पालकों के बिच रंगीन बुड्ढी के बाल के रंगीन स्वरूप मे मौजूद शरीर के लिए घातक केमिकल के बारे मे जागरूकता लाना है। 

दोनो राज्यों की राज्य सरकारों का इस मिठाई को रंगीन स्वरूप देने को लेकर मानना ही नही है इन सरकारों के खाद्य अधिकारियो ने लिए सेंपलो जिसमे रंगीन (गुलाबी) कलर के बुड्ढी के बाल मे रोडोमाइन बी केमिकल का होना पाया गया वहीं नीली मे भी इसी तरह के रोडोमाइन बी के साथ अन्य खतरनाक रसायन का होना पाया गया है। जिसके बाद इन दोनो रंग के बुड्ढी के बाल को बच्चों के शरीर के लिए हानिकारक होने के साथ घटिया स्तर का मानक दिया है। राज्यो के स्वास्थ्य अधिकारियो का मानना है रोड़ोंमाइन बी एक डाई है जिसका उपयोग चमड़े को रंगने से लेकर कागज की छपाई मे किया जाता है। शरीर के लिए हानिकारक होने के साथ शरीर मे जाने के बाद कई प्रकार की बीमारी फैलने का अंदेशा बना रह सकता है साथ ही पेट का फूलना, खुजली होना व सांस लेने मे परेशानी आने की परेशानी भी आ सकती है।

मध्यप्रदेश मे इस मिठाई के निमार्ण को लेकर अब तक कोई ठोस कार्यवाही या जांच करने की रिपोर्ट नही है पुंडीचेरी तमिलनाडु इन दो राज्यो मे से एक राज्य तमिलनाडु मे इसी महीने बच्चों की आकर्षक दिखने वाली इस मिठाई को बेन कर दिया है।

Ramswaroop Mantri

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