इंदौर
चोइथराम ट्रस्ट विवाद में प्रशासन ने चोइथराम फाउंडेशन के स्थानीय ट्रस्टी सतीश मोतियानी के उस आवेदन को निरस्त कर दिया है, जिसमें प्रशासन द्वारा की जा रही जांच को चुनौती दी गई थी। प्रशासन ने मुख्य ट्रस्टी लेखराज पागारानी द्वारा दिए गए जांच के आवेदन में नए सिरे से जांच के लिए कमेटी गठित करने का निर्णय भी लिया है।

इसके नाम कलेक्टर मनीष सिंह तय करेंगे। एसडीएम और जांचकर्ता अधिकारी प्रतुल सिन्हा ने बताया मुख्य ट्रस्टी पागारानी ने सदस्यों को गलत तरीके से जोड़ने का आरोप लगाया था, जिसकी जांच प्रशासन द्वारा की जा रही है। इसी मामले में स्थानीय ट्रस्टी मोतियानी ने आपत्ति ली थी कि मामला सिविल कोर्ट में भी चल रहा है, इसलिए प्रशासन इस जांच को रोक दे या खारिज कर दे।
सिन्हा ने बताया कि प्रशासन ने इस मामले में निर्णय लिया है कि सिविल कोर्ट में मामला अलग है। ट्रस्ट संबंधी विवाद में प्रशासन को जांच का अधिकार है। सिविल कोर्ट में मामला चलने से प्रशासन का क्षेत्राधिकार खत्म नहीं होता।




