अग्नि आलोक
script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

गेहूं किसानों को बड़ा फायदा, गेहूं एक्सपोर्ट करने पर अब नहीं देना होगा मंडी टैक्स

Share

भोपाल. मध्य प्रदेश में किसानों को अब गेहूं एक्सपोर्ट करने पर मंडी टैक्सनहीं देना होगा. सरकार ने किसानों के हित में ये बड़ा फैसला किया है. दिल्ली में गेहूं निर्यातकों के साथ बैठक के बाद सीएम शिवराज ने किसानों के लिए कई अहम फैसले किए हैं. इसके तहत प्रदेश का जो गेहूं एक्सपोर्ट किया जाएगा उस पर मंडी टैक्स नहीं लगाया जाएगा. भोपालमें एक्सपोर्ट सेल के जरिए निर्यातकों को हर सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी.

गेहूं किसानों को बड़ा फायदा होने जा रहा है. गेहूं एक्सपोर्ट करने पर मंडी टैक्स नहीं देना होगा. प्रदेश में एक लाइसेंस पर कोई भी कंपनी या व्यापारी कहीं से भी गेहूं खरीद सकता है. मंडी में ऑनलाइन नीलामी की प्रकिया उपलब्ध है. एक्सपोर्टर किसी स्थानीय व्यक्ति से रजिस्ट्रेशन करवा कर गेहूं खरीद सकते हैं. गेहूं की वैल्यू एडिशन और गुणवत्ता प्रमाणीकरण के लिए प्रदेश की प्रमुख मंडियो में इंफ्रास्ट्रक्चर, लैब की सुविधायें निर्यातकों को उपलब्ध करवाई जाएंगी. प्रमुख मंडियों में एक्सपोर्ट हाउस के लिए यदि निर्यातकों को जगह की जरूरत होगी तो अस्थाई तौर पर रियायती दरों पर मुहैया करवाई जाएगी. निर्यातक को गेहूं की ग्रेडिंग करना पड़ी तो इसके खर्च की भरपाई की जाएगी. निर्यातक किसी भी पोर्ट से अपना निर्यात कर सकते हैं.

बीते कुछ साल से एमपी में गेहूं की बंपर पैदावार हो रही है. प्रदेश को चार बार कृषि कर्मण अवॉर्ड भी मिल चुका है. साल 1999-2000 में गेहूं की पैदावार 4.98 लाख मी.टन थी जो 2021-22 में बढ़कर कुल 128.15 लाख मी.टन हो चुकी है. रबी विपणन वर्ष 2022-23 में 129 लाख मी.टन गेहूं पैदावार का लक्ष्य है.

Ramswaroop Mantri

Recent posts

script async src="https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-1446391598414083" crossorigin="anonymous">

प्रमुख खबरें

चर्चित खबरें