दिल्ली-एनसीआर समेत पूरे उत्तर भारत में शीतलहर और कोहरे का डबल अटैक देखने को मिल रहा है। कोहरे की वजह से सड़कों पर गाड़ियों और पटरियों पर ट्रेनों की रफ्तार थम गई है। इधर कोरोना को लेकर देशवासियों की चिंता बढ़ गई है। कोरोना के नए सबवैरिएंट JN.1 के केस बढ़कर 63 हो गए हैं। वहीं फ्रांस में मानव तस्करी के आरोप में भारतीय यात्रियों की जिस फ्लाइट को रोका गया वो अब मुबंई पहुंच चुकी है।
20 फीसदी बढ़ा शिक्षा कर्ज, अप्रैल-अक्तूबर में पढ़ने के लिए भारतीयों ने लिए 1.10 लाख करोड़ रुपये का लोन

एसबीआई के वरिष्ठ अर्थशास्त्री बिबेकानंद पांडा ने कहा, एक साल में जितने शिक्षा कर्ज बांटे गए, उनमें विदेश जाकर पढ़ने की खातिर लिए गए कर्ज का हिस्सा 65 फीसदी रहा। इसका औसत आकार 40-60 लाख रुपये रहा।शिक्षा कर्ज चालू वित्त वर्ष की अप्रैल-अक्तूबर अवधि में सालाना आधार पर 20.6 फीसदी बढ़कर 1,10,715 करोड़ रुपये के पांच साल के उच्च स्तर पर पहुंच गया है। आरबीआई के आंकड़ों के मुताबिक, एक साल पहले की समान अवधि में भारतीयों ने 96,853 करोड़ के शिक्षा कर्ज लिए थे। शिक्षा कर्ज में वृद्धि की रफ्तार 2022-23 में 12.3 फीसदी रही थी, जबकि 2021-22 में इसमें 3.1 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई थी।
विदेशी शिक्षा कर्ज की 65 फीसदी हिस्सेदारी
एसबीआई के वरिष्ठ अर्थशास्त्री बिबेकानंद पांडा ने कहा, एक साल में जितने शिक्षा कर्ज बांटे गए, उनमें विदेश जाकर पढ़ने की खातिर लिए गए कर्ज का हिस्सा 65 फीसदी रहा। इसका औसत आकार 40-60 लाख रुपये रहा।
मांग बढ़ने की वजह
पांडा ने कहा, भारत के साथ विदेश में ऑफलाइन कैंपस कोर्स की मांग में सुधार से शिक्षा कर्ज की मांग बढ़ी है। n परेशानी मुक्त आवेदन और कर्ज वितरण प्रक्रिया ने शिक्षा कर्ज क्षेत्र की रफ्तार बढ़ाई है। n गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियां (एनबीएफसी) भी इस क्षेत्र में काफी सक्रिय भूमिका निभा रही हैं।
अमेरिकी दूतावास ने बांटे रिकॉर्ड 1.40 लाख छात्र वीजा
यूनियन बैंक के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, अमेरिका जाकर पढ़ने के लिए शिक्षा कर्ज की मांग उच्च स्तर पर है। भारत में अमेरिकी दूतावास ने अक्तूबर, 2022 से सितंबर, 2023 के बीच रिकॉर्ड 1.40 लाख छात्र वीजा जारी किए।
तीन राज्यों में युवाओं से जुड़े तीन फैसले, बिहार में संविदा शिक्षकों को मिलेगा स्थायी कर्मचारी का दर्जा

राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शांति और अहिंसा विभाग में लंबित 50 हजार महात्मा गांधी सेवा प्रेरकों की भर्ती को निरस्त कर दिया। सेवा प्रेरकों को नगरीय निकायों में पुस्तकालयों में अपनी सेवाएं देनी थीं। सेवा प्रेरक भर्ती होती तो उन्हें 4,500 रुपये मानदेय देना प्रस्तावित था।
बिहार की नीतीश सरकार ने मंगलवार को राज्य के विभिन्न सरकारी स्कूलों में कार्यरत करीब 3.5 लाख संविदा शिक्षकों को स्थायी कर्मचारी का दर्जा देने का फैसला किया है। सीएम की अध्यक्षता में कैबिनेट बैठक में यह निर्णय लिया गया। मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग के अपर मुख्य सचिव एस सिद्धार्थ ने कैबिनेट की बैठक के बाद कहा कि मंत्रिमंडल ने बिहार विद्यालय विशिष्ट शिक्षक नियमावली, 2023 को स्वीकृति प्रदान कर दी है। राज्य सरकार की अधिसूचना के तुरंत बाद संविदा पर कार्यरत ये शिक्षक स्थायी सरकारी कर्मचारी की स्थिति के साथ विशिष्ट शिक्षक के रूप में जाने जाएंगे। इन विशिष्ट शिक्षकों को नया वेतनमान पाने और प्रोन्नति के लिए भविष्य में तीन मौके दिए जाएंगे। जो परीक्षा में उत्तीर्ण नहीं हो सकेंगे, उनके बारे में सरकार बाद में निर्णय लेगी।
50 हजार प्रेरकों की भर्ती रद्द
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शांति और अहिंसा विभाग में लंबित 50 हजार महात्मा गांधी सेवा प्रेरकों की भर्ती को निरस्त कर दिया। सेवा प्रेरकों को नगरीय निकायों में पुस्तकालयों में अपनी सेवाएं देनी थीं। सेवा प्रेरक भर्ती होती तो उन्हें 4,500 रुपये मानदेय देना प्रस्तावित था।
स्नातक बेरोजगारों को 3,000 भत्ता
कर्नाटक सरकार ने अपनी पांचवीं चुनावी गारंटी ‘युवा निधि’ भी लागू कर दी है। इसके तहत शैक्षणिक वर्ष 2022-23 में उत्तीर्ण होने वाले स्नातकों को 180 दिनों के भीतर रोजगार न मिलने पर 3,000 रुपये व डिप्लोमा धारकों को 1,500 मासिक भत्ता दिया जाएगा। 12 जनवरी से युवाओं को यह मदद मिलेगी।
कोई वीरानी सी वीरानी है, दश्त को देख के घर याद आया:गालिब

मिर्जा गालिब को शायद ही इल्म रहा हो कि उनकी हवेली की वीरानगी कभी जंगल से भी ज्यादा होगी।
कोई वीरानी सी वीरानी है, दश्त को देख के घर याद आया…। इस शेर को कलमबद्ध करते हुए मिर्जा गालिब को शायद ही इल्म रहा हो कि उनकी हवेली की वीरानगी कभी जंगल से भी ज्यादा होगी। हवेली के मुख्य दरवाजे पर दर्ज शेर तस्दीक करता है कि अजीम शायर के यौम-ए-पैदाइश पर भी इसे दूर करने का कोई इंतजाम नहीं किया गया है। तभी भीड़-भाड़ वाली बल्लीमरान की संकरी गली कासिम जान में खुलती हवेली में मंगलवार आम लोगों की खास चहलकदमी नहीं दिखी। जिन चंद लोगों की आमद यहां रही भी, वह भी गली-गली भटकते यहां पहुंचे थे।
मुंबई से पुरानी दिल्ली पहुंची पूनम चंद्रा की बातों में अपने अजीम शायर से शहर की बेरुखी का दर्द भी दिखा। बकौल पूनम, करीब बीस साल पहले जब दिल्ली विश्वविद्यालय में पढ़ती थी, तब गालिब के बारे में सुना। धीरे-धीरे उनकी शायरी से मोहब्बत होती गई। मुंबई में रहते हुए भी पढ़ना जारी है। बच्चे कई बार इस पर सवाल करते हैं। तभी उनको यहां दिखाने आई हूं कि मेरा अजीम शायर कभी पुरानी दिल्ली की गलियों में रहते थे। सालों बाद उनके जन्म दिन पर आई हूं, लेकिन दिल्ली की गालिब से बेरुखी साल रही है। कहीं से भी नहीं लग रहा कि शहर मिर्जा असदुल्लाह खां गालिब; जिन्हें देश-दुनिया मिर्जा गालिब के नाम से जानती है, को याद भी रख सका है। हवेली पूरी तरह से वीरान लग रही है।
अधिकतर दीवानों का यही दर्द : शिकायत पूनम की अकेली नहीं थी, वहां मौजूद गालिब के ज्यादातर दीवानों का दर्द यही रहा। और यह बेजा भी नहीं। उनके जन्मदिवस पर सजाने-सवांरने की छोडि़ए, धूल तक नहीं झाड़ी गई है। इसमें लगे परदे भी धूमिल नजर आए। दो दिन पहले एक जलसा हुआ भी था, जिसमें इस्तेमाल फूल तक मुरझाए पड़े थे। हवेली में अंदर रैक पर रखी उनकी किताबें धूल फांक रही हैं। उनके इस्तेमाल किए गए बर्तनों पर गर्द जमा है। हैरानगी इस बात की भी है कि गलियां हवेली जाने वालों की भूलभुलैया साबित होती हैं। पुरानी दिल्ली की किसी भी सड़क पर रास्ता बताने वाला कोई बोर्ड नहीं है।
नहीं पता कि गालिब का जन्मदिन कब है
न था कुछ तो खुदा था, कुछ न होता तो खुदा होता, डुबोया मुझको होने ने, न मैं होता तो क्या होता…। नजदीक के दुकानदारों से जब गालिब के जन्मदिन के बारे में पूछा तो किसी को पता तक नहीं है कि मशहूर शायर मिर्जा गालिब का जन्मदिन है। हवेली की सुरक्षा में तैनात सुरक्षाकर्मी बताते हैं कि भीड़-भाड़ वाली गली से बहुत कम लोग हवेली की तरफ रुख करते हैं। आने वाले ज्यादातर दूसरे शहरों के पर्यटक है। 15 दिन में औसतन करीब 100 लोग यहां पहुंचते हैं। इसमें साहित्य व शेरों-शायरी में रुचि रखने वालों की संख्या अधिक होती है।
यूपी पुलिस कॉन्स्टेबल भर्ती का मॉडल-प्रैक्टिस सेट लॉन्च, 1500 से अधिक सवालों का संकलन, आज ही खरीदें

अमर उजाला की ओर से उत्तर प्रदेश पुलिस कॉन्स्टेबल भर्ती परीक्षा की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए मॉडल सॉल्व्ड पेपर एवं प्रैक्टिस सेट का नवीनतम अंक लॉन्च कर दिया गया है। इस पुस्तक में सात मॉडल प्रश्न-पत्रों को शामिल किया गया है। इसके अलावा अधिकतम अभ्यास के लिए पांच प्रैक्टिस सेट भी दिए गए हैं।इन प्रैक्टिस सेट को हल कर अभ्यर्थी खुद को परख सकते हैं और अपनी कमियों को दूर करते हुए परीक्षा के लिए अपनी तैयारी को और भी मजबूत बना सकते हैं।
न प्रैक्टिस सेट को हल कर अभ्यर्थी खुद को परख सकते हैं और अपनी कमियों को दूर करते हुए परीक्षा के लिए अपनी तैयारी को और भी मजबूत बना सकते हैं। उत्तर प्रदेश पुलिस कॉन्स्टेबल परीक्षा में चार विषयों से प्रश्न पूछे जाते हैं-सामान्य ज्ञान, संख्यात्मक एवं मानसिक योग्यता, मानसिक अभिरुचि, बुद्धिमत्ता एवं तार्किक परीक्षा तथा सामान्य हिंदी। इन चार विषयों को ध्यान में रखकर ही यह अंक तैयार किया गया है। पुस्तक में उपलब्ध सभी सामग्रियां पूर्ण रूप से उत्तर प्रदेश पुलिस कॉन्स्टेबल भर्ती परीक्षा के नवीनतम पाठ्यक्रम पर आधारित हैं।
इस भर्ती परीक्षा के लिए विशेष तौर पर लॉन्च की गई इस पुस्तक में छात्रों के अभ्यास के लिए सवालों की एनसीईआरटी आधारित 100 प्रतिशत प्रामाणिक व्याख्याएं दी गई हैं। व्याख्या सहित हल दिए जाने से अभ्यर्थियों को प्रश्नों के सही उत्तरों को समझने में सहायता मिलेगी। ऐसे अभ्यर्थी जो उत्तर प्रदेश पुलिस कॉन्स्टेबल परीक्षा उत्तीर्ण करने के इच्छुक हैं, उनके लिए यह पुस्तक बेहद सहायक और उपयोगी सिद्ध हो सकती है।
निर्यात बढ़ाने-आयात घटाने के लिए 24 क्षेत्रों पर सरकार का जोर, DPIIT बना रहा यह एक्शन प्लान

घरेलू विनिर्माण व निर्यात बढ़ाने के साथ आयात घटाने के लिए उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (डीपीआईआईटी) 24 उप-क्षेत्रों के साथ काम कर रहा है। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने कहा, मेक इन इंडिया 2.0 के तहत भी 27 क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है। डीपीआईआईटी 15 विनिर्माण क्षेत्रों के लिए एक्शन प्लान बना रहा है। डीपीआईआईटी जिन क्षेत्रों के साथ काम कर रहा है, वे भारतीय उद्योगों की ताकत हैं। उन्हें प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त, निर्यात संभावना और बढ़ी रोजगार क्षमता को ध्यान रखकर चुना गया है। वाणिज्य विभाग सेवाओं से जुड़े 12 क्षेत्रों के साथ योजना बना रहा है।फर्नीचर, एसी, चमड़ा, तैयार खाना, मछली पालन, कृषि उत्पाद, ऑटो कलपुर्जे, एल्यूमीनियम, कृषि रसायन, इस्पात, कपड़ा, ईवी कलपुर्जे, इथेनॉल, इलेक्ट्रॉनिक्स, चीनी मिट्टी की चीजें, सेट टॉप बॉक्स, रोबोटिक्स, टीवी, क्लोज सर्किट कैमरे, खिलौने, ड्रोन, चिकित्सा उपकरण, खेल के सामान।
इन क्षेत्रों पर ध्यान
फर्नीचर, एसी, चमड़ा, तैयार खाना, मछली पालन, कृषि उत्पाद, ऑटो कलपुर्जे, एल्यूमीनियम, कृषि रसायन, इस्पात, कपड़ा, ईवी कलपुर्जे, इथेनॉल, इलेक्ट्रॉनिक्स, चीनी मिट्टी की चीजें, सेट टॉप बॉक्स, रोबोटिक्स, टीवी, क्लोज सर्किट कैमरे, खिलौने, ड्रोन, चिकित्सा उपकरण, खेल के सामान।
इस्पात : पीएलआई 2.0 योजना
केंद्रीय मंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने कहा, सरकार पीएलआई योजना 2.0 पर काम कर रही है। साथ ही 2024 में इस्पात के लिए पर्याप्त कच्चे माल की आपूर्ति सुनिश्चित करने के तरीकों पर भी विचार कर रही है। मजबूत आर्थिक वृद्धि से इस्पात की मांग बढ़ेगी, हालांकि कंपनियां कई देशों के तनाव के चलते अनिश्चितताओं के बीच बढ़ते आयात और कच्चे माल की ऊंची कीमतों को लेकर चिंतित हैं। भारत ने 2030 तक 30 करोड़ टन इस्पात विनिर्माण क्षमता का लक्ष्य रखा है। वर्तमान में देश की क्षमता करीब 16.1 करोड़ टन है।
पीएलआई : 14 क्षेत्र के 746 आवेदन मंजूर
दवा, एलईडी, एसी और इलेक्ट्रिक उत्पादों जैसे 14 क्षेत्रों के लिए उत्पादन आधारित प्रोत्साहन (पीएलआई) योजनाओं के तहत नवंबर तक 746 आवेदनों को मंजूरी मिली है। विनिर्माण क्षमताओं और निर्यात को बढ़ाने के लिए 1.97 लाख करोड़ रुपये के खर्च के साथ 14 क्षेत्रों के लिए पीएलआई की घोषणा की गई थी। वाणिज्य मंत्रालय के अनुसार, लाभार्थी कंपनियों ने 24 राज्यों के 150 से अधिक जिलों में इकाइयां स्थापित की हैं। सितंबर तक 95,000 करोड़ से अधिक का निवेश हुआ है। इससे 7.80 लाख करोड़ का उत्पादन या बिक्री हुई है। 6.4 लाख से अधिक रोजगार मिले हैं।
फर्नीचर, एसी, चमड़ा, तैयार खाना, मछली पालन, कृषि उत्पाद, ऑटो कलपुर्जे, एल्यूमीनियम, कृषि रसायन, इस्पात, कपड़ा, ईवी कलपुर्जे, इथेनॉल, इलेक्ट्रॉनिक्स, चीनी मिट्टी की चीजें, सेट टॉप बॉक्स, रोबोटिक्स, टीवी, क्लोज सर्किट कैमरे, खिलौने, ड्रोन, चिकित्सा उपकरण, खेल के सामान।
चालू खाता घाटा में आई कमी, वस्तु व्यापार का घाटा कम होने व सेवाओं का निर्यात बढ़ने से आई गिरावट

भारत के चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही के दौरान भुगतान संतुलन की स्थिति पर जारी आंकड़ों के अनुसार, चालू वित्त वर्ष की दूसरी छमाही के दौरान भी कैड कम होकर जीडीपी का एक फीसदी रह गया। एक साल पहले की समान अवधि में यह घाटा जीडीपी का 2.9 फीसदी रहा था।देश के चालू खाते का घाटा (कैड) 2023-24 की दूसरी तिमाही में कम होकर सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का सिर्फ एक फीसदी या 8.3 अरब डॉलर रह गया। मुख्य रूप से वस्तु व्यापार का घाटा कम होने और सेवा निर्यात बढ़ने से चालू खाते का घाटा कम हुआ है। आरबीआई के मंगलवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक, 2022-23 की दूसरी तिमाही में यह 3.8 फीसदी या 30.9 अरब डॉलर रहा था। कैड चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 9.2 अरब डॉलर या 1.1 फीसदी था।
भारत के चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही के दौरान भुगतान संतुलन की स्थिति पर जारी आंकड़ों के अनुसार, चालू वित्त वर्ष की दूसरी छमाही के दौरान भी कैड कम होकर जीडीपी का एक फीसदी रह गया। एक साल पहले की समान अवधि में यह घाटा जीडीपी का 2.9 फीसदी रहा था। आंकड़ों के मुताबिक, 2023-24 की दूसरी तिमाही में व्यापार घाटा (वस्तु निर्यात-आयात का अंतर) कम होकर 61 अरब डॉलर रहा। 2022-23 की दूसरी तिमाही में यह 78.3 अरब डॉलर रहा था। सॉफ्टवेयर निर्यात, व्यापार व यात्री सेवाएं बढ़ने से सेवा निर्यात 4.2 फीसदी बढ़ा। शुद्ध सेवा प्राप्तियां तिमाही और सालाना दोनों स्तर पर बढ़ी हैं।
प्रवासियों का जमा : 3.2 अरब डॉलर
आंकड़ों के मुताबिक, प्रवासी भारतीयों का जमा दूसरी तिमाही में बढ़कर 3.2 अरब डॉलर पहुंच गया। एक साल पहले की समान अवधि में यह रकम 2.5 अरब डॉलर रही थी। इसके अलावा, प्रवासियों की ओर से भारत में भेजी गई राशि भी 2.6 फीसदी बढ़कर 28.1 अरब डॉलर पहुंच गई।
शुद्ध एफडीआई : 4.9 अरब डॉलर
शुद्ध प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) के मोर्चे पर 0.3 अरब डॉलर की निकासी हुई है। एक साल पहले की समान अवधि में 6.2 अरब डॉलर का शुद्ध निवेश आया था। विदेशी संस्थागत निवेश 4.9 अरब डॉलर रहा, जो एक साल पहले के 6.5 अरब डॉलर से कम है।
उच्च सब्सिडी खर्च से बढ़ेगा राजकोषीय घाटा
चालू वित्त वर्ष में कर संग्रह में अच्छी वृद्धि के बावजूद महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) और सब्सिडी पर ऊंचे खर्च से राजकोषीय घाटा बढ़ सकता है। रेटिंग एजेंसी इंडिया रेटिंग्स एंड रिसर्च ने मंगलवार को कहा, 2023-24 में राजकोषीय घाटा निर्धारित लक्ष्य से अधिक 6 फीसदी रह सकता है। बजट में इसके जीडीपी का 5.9 फीसदी रहने का अनुमान जताया गया था। सरकार ने पोषक तत्व आधारित उर्वरक सब्सिडी पर 44,000 करोड़ खर्च का अनुमान रखा था। इसे बढ़ाकर 57,360 करोड़ किया गया है। मनरेगा के लिए आवंटित 60,000 करोड़ के मुकाबले 79,770 करोड़ खर्च हो चुके हैं।
कर संग्रह के मोर्चे पर अच्छी वृद्धि
- इंडिया रेटिंग्स ने कहा, चालू वित्त वर्ष में कर संग्रह बजट अनुमान का 11.7 फीसदी अधिक रहने की उम्मीद है।
- अप्रैल-अक्तूबर में ही संग्रह बजट अनुमान का 60 फीसदी पहुंचा।
- इसकी वजह कर आधार बढ़ना, बेहतर अनुपालन व कर संग्रह प्रक्रिया में प्रौद्योगिकी का इस्तेमाल है।
एजेंसी के मुख्य अर्थशास्त्री देवेंद्र पंत ने कहा, 2023-24 में यह 23.3 लाख करोड़ के बजट अनुमान के मुकाबले 24.5 लाख करोड़ तक पहुंच जाएगा। इससे कर/जीडीपी अनुपात के बढ़कर 8.81 फीसदी तक पहुंचने में मदद मिलेगी। बजट अनुमान 7.72 फीसदी।
भारत कोविड टीकों का तीसरा सबसे बड़ा निर्यातक, चीन-रूस के बाद कुल 23.4 करोड़ वैक्सीन का किया निर्यात

टीकों का आयात जनवरी-जून 2021 में 3.6 करोड़ से बढ़कर जनवरी-जून 2022 में 10.4 करोड़ हो गया। कोवैक्स के तहत टीका आपूर्ति 2021 के मुकाबले 2022 में 1.9 करोड़ से घटकर 73.6 लाख हो गई। इसका कारण विश्व में कोरोना के घटते मामले रहे।चीन और रूस के बाद भारत कोविड टीकों का तीसरा बड़ा निर्यातक बन गया है। विदेश मंत्रालय (एमईए) के आंकड़ों के मुताबिक, भारत ने जनवरी 2021 से जून 2023 तक 30.1 करोड़ कोविड टीके की खुराक का निर्यात किया है। इसमें से कुल 77 फीसदी यानी 23.4 करोड़ कोविड टीके वाणिज्यिक उद्देश्य से दिए गए।
17.3 फीसदी टीकों की खुराक कोवैक्स के माध्यम से सीधे तौर पर निम्न आय वाले विकासशील देशों को दी गई थीं। नीदरलैंड को इनमें से लगभग आधी खुराक (48 प्रतिशत) मिलीं। प्रमुख प्राप्तकर्ता देशों में बांग्लादेश, नाइजीरिया और नेपाल शामिल हैं, जिन्हें कोविड टीके की 1.5 करोड़ खुराकें मिलीं। वहीं, अन्य प्रमुख प्राप्तकर्ता देशों में ऑस्ट्रेलिया और म्यांमार भी हैं। आंकड़ों के मुताबिक, कोवैक्स के तहत भारत ने वैश्विक स्तर पर 5.2 करोड़ टीके की खुराक वितरित कीं।
टीकों के अनुदान के मामले में भी आगे
भारत ने कोवैक्स मिशन के तहत कई देशों को अनुदान के रूप में कोविड टीके दो कारकों से प्रेरित होकर दिए। पहला भू-राजनीतिक विचार से, जहां भारत ने प्रवाह का मुकाबला करने का लक्ष्य रखा था। दूसरा कारण विनिर्माण लागत की भरपाई करना था।
2021 में 3.6 से बढ़कर 10.4 करोड़ हुई आपूर्ति
टीकों का आयात जनवरी-जून 2021 में 3.6 करोड़ से बढ़कर जनवरी-जून 2022 में 10.4 करोड़ हो गया। कोवैक्स के तहत टीका आपूर्ति 2021 के मुकाबले 2022 में 1.9 करोड़ से घटकर 73.6 लाख हो गई। इसका कारण विश्व में कोरोना के घटते मामले रहे।
सीरम ने की विश्व स्तर पर 29.5 करोड़ टीकों की आपूर्ति
सीरम इंस्टीट्यूट ने विश्व स्तर पर 29.5 करोड़ टीकों की आपूर्ति की। इसमें 12.5 करोड़ कोविशील्ड की खुराकें थीं। बिक्री की श्रेणी में 16.8 करोड़ कोवोवैक्स टीकों व 6.2 करोड़ कोविशील्ड टीकों की आपूर्ति की।
भारत में बढ़ते कोरोना मामलों को देखते हुए नेपाल में सख्ती
भारत में लगातार बढ़ रहे कोरोना के मामलों के बाद नेपाल ने सख्ती शुरू कर दी है। भारत से नेपाल जाने वाले प्रत्येक व्यक्ति को झूलाघाट में एंटीजन टेस्ट करने के बाद ही आगे जाने दिया जा रहा है। स्वास्थ्य कार्यालय बैतड़ी के सूचना अधिकारी विपिन लेखक ने कहा, स्वास्थ्य मंत्रालय ने इसकी तस्दीक की। पिछले कोरोनाकाल में बैतड़ी के 3745 नागरिक आरटी पीसीआर और एंटीजन टेस्ट में कोरोना ग्रस्त पाए गए थे। भारत से आने वाले 467 लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे जिसे देखते हुए इस बार सख्ती बरती जा रही है।
दुर्गम इलाकों में कैंसर मरीजों तक पहुंचेगा उपचार, ड्रोन आसान करेगा राह, आईसीएमआर को परीक्षण में कामयाबी

कैंसर का इलाज देश के दुर्गम स्थानों तक पहुंचाने के लिए भारतीय शोधकर्ताओं को बड़ी कामयाबी मिली है। भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) ने बायोप्सी जांच के लिए रोगी का सैंपल ड्रोन के जरिये बड़े अस्पताल तक सुरक्षित पहुंचाने में सफलता हासिल की है। अब आईसीएमआर जल्द ही राज्यों के साथ दिशा निर्देश साझा करेगा ताकि आखिरी छोर के कैंसर मरीजों का इलाज आसान हो सके।जानकारी के अनुसार, आईसीएमआर ने ड्रोन का इस्तेमाल करके टीके और दवाइयां पहुंचाने की व्यवहार्यता का आकलन करने के लिए ‘आई-ड्रोन’ प्रोजेक्ट शुरू किया। आईसीएमआर ने टीएसएडब्ल्यू ड्रोन्स कंपनी के साथ मिलकर तेलंगाना और कर्नाटक में बायोप्सी अध्ययन पूरा किया है।
आईसीएमआर ने ड्रोन का इस्तेमाल करके टीके और दवाइयां पहुंचाने की व्यवहार्यता का आकलन करने के लिए ‘आई-ड्रोन’ प्रोजेक्ट शुरू किया। आईसीएमआर ने टीएसएडब्ल्यू ड्रोन्स कंपनी के साथ मिलकर तेलंगाना और कर्नाटक में बायोप्सी अध्ययन पूरा किया है। दरअसल, भारत में हर साल कैंसर मरीजों की संख्या बढ़ रही है। साल 2022 में 14,61,427 मामले सामने आए हैं लेकिन इसी साल आईसीएमआर ने एक अध्ययन में बताया कि हर राज्य में कैंसर का इलाज और सुविधाएं एक जैसी नहीं है।
द लैंसेट दक्षिण पूर्व मेडिकल जर्नल में प्रकाशित इस अध्ययन में आईसीएमआर के बंगलूरू के राष्ट्रीय रोग सूचना विज्ञान और अनुसंधान केंद्र (एनसीडीआईआर) के शोधकर्ताओं ने 38 में से 11 कैंसर रजिस्ट्री के साथ 2012 से 2015 के बीच केरल, महाराष्ट्र, मणिपुर, असम, मिजोरम, गुजरात और कर्नाटक के 5,591 मरीजों पर अध्ययन किया। इसमें पता चला कि दुर्गम स्थानों पर स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच कठिन होने की वजह से यहां के मरीजों को समय पर कैंसर की जांच नहीं हो पाती है, जिसके चलते इन लोगों में कैंसर की मृत्युदर भी अन्य क्षेत्रों की तुलना में ज्यादा है।
नमूना नहीं हुआ खराब, जांच का समय भी घटा
आईसीएमआर के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. सुमित अग्रवाल ने बताया कि तेलंगाना और कर्नाटक के आदिवासी क्षेत्रों से रोगी के नमूना लेकर ड्रोन के जरिए 40 से 50 किलोमीटर दूर एक अस्पताल भेजा गया और यहां जांच के बाद रोगी की रिपोर्ट वापस ड्रोन के जरिए गांव तक पहुंची। इस पूरी अवधि को सड़क मार्ग के जरिए कवर करने में कम से कम छह से सात घंटे का समय लगता है, लेकिन ड्रोन ने महज 20 मिनट में सैंपल अस्पताल तक पहुंचाया। प्रयोगशाला परीक्षण में नमूने की मात्रा या गुणवत्ता पर कोई प्रभाव नहीं देखा गया।
सभी सात लाख गांवों से एक नए मतदाता को जोड़ेगी भाजपा, पहली बार वोट डालने वाले मतदाताओं पर पार्टी की नजर

लोकसभा चुनाव की तैयारी को आंकने और समस्याओं के निपटारे के लिए शाह और नड्डा पश्चिम बंगाल की तर्ज पर अन्य राज्यों में भी बारी-बारी से सांगठनिक बैठकें करेंगे। इन बैठकों में प्रदेश के सभी वरिष्ठ पदाधिकारी, मोर्चा, प्रकोष्ठों के मुखिया शामिल होंगे।
लोकसभा चुनाव में जीत की हैट्रिक लगाने के लिए भाजपा ने मेगा प्लान तैयार किया है। इस प्लान के तहत पार्टी ने देशभर में कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने, पहली बार वोट डालने वाले मतदाताओं को साधने, योजनाओं के लाभार्थियों को पार्टी के साथ जोड़े रखने की बड़ी रणनीति तैयार है। इस सिलसिले में पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा और गृह मंत्री अमित शाह जहां जनवरी महीने तक हर राज्य में सांगठनिक बैठक करेंगे, वहीं प्रधानमंत्री मोदी कई कार्यक्रमों के जरिये कार्यकर्ताओं से सीधा संवाद करेंगे।
लगतार तीसरी जीत हासिल करने के लिए पार्टी की निगाहें युवा मतदाताओं पर है। इन्हें साधने के लिए पार्टी नेतृत्व ने युवा मोर्चे को देश के सभी सात लाख गांवों में कम से कम एक नए मतदाता को पार्टी का सदस्य बनाने की जिम्मेदारी दी है। मोर्चे को जिला और ब्लॉक स्तर पर युवाओं से सीधा संवाद करने के लिए कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए हैं।
हर राज्य की तैयारी आंकेंगे शाह-नड्डा
लोकसभा चुनाव की तैयारी को आंकने और समस्याओं के निपटारे के लिए शाह और नड्डा पश्चिम बंगाल की तर्ज पर अन्य राज्यों में भी बारी-बारी से सांगठनिक बैठकें करेंगे। इन बैठकों में प्रदेश के सभी वरिष्ठ पदाधिकारी, मोर्चा, प्रकोष्ठों के मुखिया शामिल होंगे। इन बैठकों से पहले राज्यों को पांच जनवरी तक प्रदेश पदाधिकारियों की बैठक बुलाने का निर्देश दिया गया है।
पीएम मोदी का कार्यकर्ताओं से सीधा संवाद
चुनाव की अधिसूचना जारी होने से पहले पीएम मोदी कई कार्यक्रमों के जरिये समूह में कार्यकताओं से सीधा संवाद करेंगे। इसके लिए तीन से चार राज्यों का समूह बनाया जाएगा, जिसे पीएम वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित करेंगे।
लाभार्थियों से भी साधा जाएगा सीधा संपर्क
पार्टी ने सरकार की योजनाओं से जुड़े लाभार्थी वर्ग का डाटा तैयार कर लिया है। अब इनसे सीधे संवाद और संपर्क के लिए पार्टी जनवरी महीने में चलो गांव की ओर अभियान शुरू करेगी। पार्टी की योजना अगले महीने के अंत तक सभी लाभार्थियों से संपर्क करने की है। इसके अतिरिक्त पार्टी ने सभी राज्यों में युवा, महिला और वंचित वर्ग केंद्रित कम से कम 50 कार्यक्रम करने की भी योजना बनाई है।
लोकसभा सीटों का बनेगा समूह, तय होंगे प्रभारी
पार्टी लोकसभा की 543 सीटों को करीब 150 समूहों में बांटेगी। हर समूह के लिए अलग-अलग प्रभारी नियुक्त किए जाएंगे। इसके साथ ही हर लोकसभा सीट का एक प्रभारी और एक संयोजक होगा।
दिल्ली-एनसीआर में आज भी छाया है घना कोहरा, कई इलाकों में दृश्यता बेहद कम, ऑरेंज अलर्ट जारी

Mausam Ki Jankari: बुधवार को हवा की दिशा में बदलाव का अनुमान है। संभावना है कि उत्तर-पश्चिमी दिशा से बर्फीली हवा चल सकती है। मौसम विभाग ने आज के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।
कल भी मौसमी बदलाव के कारण दिल्ली में मंगलवार को भी घना कोहरा छाया रहा। आईजीआई एयरपोर्ट समेत दिल्ली के दूसरे कई इलाकों में सुबह तीन घंटे दृश्यता शून्य रही। प्रादेशिक मौसम विभाग केंद्र के मुताबिक, मंगलवार को दिल्ली का अधिकतम तापमान 23.8 डिग्री दर्ज किया गया जो सामान्य से तीन डिग्री अधिक है। न्यूनतम तापमान सात डिग्री रहा जो सामान्य से एक डिग्री कम है।
बुधवार को हवा की दिशा में बदलाव का अनुमान है। संभावना है कि उत्तर-पश्चिमी दिशा से बर्फीली हवा चल सकती है। मौसम विभाग ने बुधवार के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।
विभाग के मुताबिक, दिन में आसमान साफ रहेगा। सुबह कई स्थानों पर बहुत घना कोहरा रह सकता है। इस दौरान अधिकतम तापमान 24 डिग्री और न्यूनतम तापमान सात डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की उम्मीद है। विभाग के मुताबिक, ठंडी हवा के कारण दिन का तापमान गिरेगा।
एक जनवरी तक दिल्ली में सुबह कोहरा छाए रहने का अनुमान है। मौसम विभाग के मुताबिक, मंगलवार को मुंगेशपुर में न्यूनतम तापमान 6.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, यह अन्य इलाकों से सबसे ठंडा रहा। लोदी रोड 7 डिग्री सेल्सियस के साथ दूसरे नंबर पर रहा।
हवाई और रेल आवाजाही प्रभावित, सड़कों पर भी यातायात धीमा
घने कोहरे ने मंगलवार को भी राजधानी में हवाई और रेल आवाजाही को बुरी तरह प्रभावित किया। सड़कों पर भी यातायात धीमा रहा। कई जगह सुबह जाम भी लगा। एयरपोर्ट मौसम विभाग की ओर से जारी पूर्वानुमान के अनुसार, दिल्ली में घने कोहरे की स्थिति अगले 24 घंटे बनी रहेगी। कोहरे का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि मंगलवार सुबह 9.30 बजे तक दृश्यता 200 से कम दर्ज की गई। मौसम विभाग ने 30 दिसंबर से नॉर्थ ईस्ट के कई राज्यों तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में बारिश की संभावना व्यक्त की है। ऐसे में मौसम खराब होने के कारण लगातार राजधानी दिल्ली सहित कई राज्यों में कोहरे का असर देखने को मिलता रहेगा।
रूसी सेना में तैनात 100 नेपाली लापता, कांगो में मूसलाधार बारिश से 22 लोगों की मौत

संक्षेप में पढ़ें प्रमुख अंतरराष्ट्रीय खबरें…
नेपाल के विदेश मंत्री नारायण प्रसाद सऊद ने मंगलवार को दावा किया कि रूसी सेना में सेवाए दे रहे करीब 100 नेपाली लापता हैं। ये सभी यूक्रेनी सेना के खिलाफ चल रही लड़ाई में रूस की तरफ से शामिल थे। नेपाल की समाचार एजेंसी राष्ट्रीय समाचार समिति को दिए साक्षात्कार में सऊद ने कहा कि करीब 200 नेपाली वर्तमान में रूसी सेना में सेवाएं दे रहे हैं। विदेश मंत्री ने कहा, काम, अध्ययन व यात्रा के लिए रूस गए लगभग 200 नेपाली युवा सेना में शामिल हो गए थे। यह संख्या ज्यादा भी हो सकती है। सरकार ने सेना में सेवा दे रहे नेपाली नागरिकों को लेकर रूस के समक्ष चिंता जताई है।
नेपाल के पीएम प्रचंड ने मंत्रिमंडल में बदलाव के दिए संकेत
नेपाल के प्रधानमंत्री पुष्प कमल दहल प्रचंड ने संकेत दिया हैं कि उनके मंत्रिमंडल में जिन मंत्रियों का प्रदर्शन कमजोर रहेगा, उन्हें हटा दिया जाएगा। अपने नेतृत्व के सरकार के एक साल पूरे होने के मौके पर मंगलवार को प्रचंड ने कहा कि जो लोग प्रदर्शन में कमजोर हैं, उन्हें इस जगह पर नहीं बैठना चाहिए। नेपाली प्रधानमंत्री ने कहा, मंत्रियों को बताना चाहता हूं कि हम असफल होने का जोखिम नहीं उठा सकते, प्रदर्शन कमजोर होने पर मैं किसी को माफ करने की स्थिति और मानसिकता में नहीं हूं। हम सभी पर अपनी भूमिकाओं के साथ न्याय करने का नैतिक दबाव हैं, यदि हम कार्यक्षमता साबित नहीं कर सकते, तो किसी को भी स्थान पर कब्जा नहीं करना चाहिए, इसे छोड़ दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ उनका उपदेश नहीं बल्कि वादा भी हैं। प्रचंड ने आगे कहा, अगर हम देश में सकारात्मक बदलाव और आशा नहीं ला सकते तो मुझे भी पद पर कायम रहने की जरूरत नहीं हैं।
कांगो में मूसलाधार बारिश से 22 लोगों की मौत
अफ्रीकी देश कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य के कसाई-सेंट्रल प्रांत में मंगलवार को मूसलाधार बारिश के कारण 22 लोगों की मौत हो गई। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, मूसलाधार बारिश के बाद बाढ़ आ गई, जिसके कारण बुनियादी ढांचे को काफी नुकसान पहुंचा। कई जगहों पर भूस्खलन होने से घर, गिरजाघर और सड़कें नष्ट हो गईं। जिससे कई लोग बेघर हो गए हैं।
रोमानिया में गेस्टहाउस में आग लगने से छह लोगों की मौत
यूरोपीय देश रोमानिया में मंगलवार सुबह एक गेस्टहाउस में भीषण आग लगने से छह लोगों की मौत हो गई। अधिकारियों ने बताया कि मरने वालों में एक बच्चा भी शामिल है। आपातकालीन सेवा के अधिकारी ने बताया कि आग लगने की घटना के समय गेस्टहाउस में 26 लोग थे, लेकिन कुछ लोग बचने में कामयाब रहे। अधिकारियों ने बताया कि हादसे के बाद से पांच लोग लापता है।
नाइजीरिया में धार्मिक तनाव के बीच सशस्त्र हिंसा में 140 मौतें
मध्य नाइजीरिया में सशस्त्र समूहों ने शनिवार से सोमवार तक कुछ गांवों के 17 समुदायों को निशाना बनाते हुए सिलसिलेवार 140 लोगों की हत्या कर दी। देश के धार्मिक और जातीय तनाव से ग्रस्त क्षेत्र में इसे बेहद दुखद घटना माना गया है। स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि इन सशस्त्र समूहों को डाकुओं के रूप में जाना जाता है। बंदूकधारियों ने हत्याओं के बाद पीड़ितों के घरों को फूंक दिया। कई लोग लापता हैं। इस घटना से मुस्लिम चरवाहों और ईसाई किसानों के बीच तनाव बढ़ गया है।
इस्लामाबाद में नकाबपोशों का बलोच प्रदर्शनकारियों पर हमला
पाकिस्तान में बलोच यकजेहती समिति ने बताया कि बलोच लॉन्ग मार्च के 32वें दिन नकाबपोशों ने प्रदर्शनकारियों पर बंदूकें तानीं और आधी रात को लॉन्ग मार्च कर रहे लोगों के शिविर पर हंगामा किया। प्रदर्शनकारियों ने मंगलवार को इस्लामाबाद के नेशनल प्रेस क्लब पर धरना भी दिया। समिति ने सरकार के उस दावे का खंडन किया, जिसमें उसने 290 प्रदर्शनकारियों को रिहा करने की जानकारी सोमवार को दी थी।
साइबर हमले से ठप हुई अल्बानिया की संसद
अल्बानिया की संसद ने मंगलवार को बताया कि एक साइबर हमले की वजह से उसका कामकाज अस्थायी रूप से ठप हो गया है। सोमवार को हुए साइबर हमले ने संसद के सिस्टम का डाटा हैक कर लिया। विशेषज्ञ हमले के परिणाम का पता लगाने में जुटे हैं। फिलहाल, संसद की सेवाएं अस्थायी रूप से बंद हैं। स्थानीय मीडिया ने बताया, एक सेलफोन प्रदाता व एक हवाई उड़ान कंपनी को भी होमलैंड जस्टिस नामक ईरान-आधारित हैकर्स ने निशाना बनाया है।
ब्रिक्स के साथ जुड़ने को 30 देश उत्सुक
रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने मंगलवार को कहा कि दुनिया के 30 देश ब्रिक्स से जुड़ने को तैयार हैं। उन्होंने कहा कि अगले वर्ष रूस ब्रिक्स शिखर सम्मेलन को व्यापक समाधानों का हिस्सा बनाना चाहता है। संयुक्त रूस आयोग के एक सत्र में लावरोव ने कहा कि ब्राजील, रूस, भारत, चीन व दक्षिण अफ्रीका वाले पांच देशों का समूह लोकतांत्रिक और पारस्परिक रूप से सम्मानजनक आधार पर काम कर रहा है। यही वजह है कि बहुत से देश इससे जुड़ना चाहते हैं।
अमृतसर में घना कोहरा
कांग्रेस महासचिव के.सी. वेणुगोपाल ने कहा, “हम लोकसभा चुनाव के लिए पिछले 3 महीनों से प्रदेश कांग्रेस कमेटियों के साथ बैठकें कर रहे हैं। अब तक हम 26 राज्यों की इकाइयों से मिल चुके हैं। हम सभी राज्यों के पार्टी नेताओं की राय ले रहे हैं।”
दिल्ली में इजरायली दूतावास के पीछे धमाके की खबर से मचा हड़कंप
दिल्ली के चाणक्यपुरी इलाके में स्थित इजरायली दूतावास के पीछे धमाके की खबर मिलने के बाद हड़कंप मच गया है। दिल्ली पुलिस ने आनन-फानन में जांच शुरू कर दी है। दिल्ली फायर सर्विस को आज शाम चाणक्यपुरी इलाके में इजराइल दूतावास के पास विस्फोट की कॉल मिली। हालांकि दिल्ली फायर सर्विसेज के निदेशक अतुल गर्ग ने कहा, ‘अभी तक घटनास्थल पर कुछ भी नहीं मिला है।’ उधर इजरायली दूतावास ने शाम 5:10 बजे दूतावास के आसपास धमाके की पुष्टि की है। दिल्ली पुलिस और अन्य सुरक्षा दल मामले की जांच में जुटी है।
आरबीआई को एक धमकी भरा ईमेल मिला है, ईमेल में आरबीआई दफ्तर, एचडीएफसी बैंक और आईसीआईसीआई बैंक में बम रखे जाने की बात कही गई है और आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास और केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के इस्तीफे की मांग की गई है। मुंबई में कुल 11 जगहों पर बम की धमकी दी गई, पुलिस ने इन सभी जगहों पर जाकर जांच की लेकिन कुछ नहीं मिला। मामला दर्ज कर लिया गया है और जांच जारी है।
कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने जम्मू-कश्मीर कांग्रेस नेताओं के साथ बैठक की।
नांदेड़ के पास पूर्णा-परली पैसेंजर ट्रेन में आग लगी। नांदेड़ DRM नीति सरकार ने कहा, “करीब 10 बजे हमें ट्रेन में आग लगने की सूचना मिली। हमारे वरिष्ठ नागरिक तुरंत मौके पर पहुंचे। दमकल विभाग ने 10:30 बजे तक आग को बुझा दिया था…आग के कारणों की जांच हो रही है…ट्रेन में कोई यात्री नहीं थे इसलिए कोई जानमाल की हानि नहीं हुई है।”
कौन है वो अकेला राज्य जहां मोदी नहीं राहुल गांधी को PM देखना चाहते हैं लोग
लोकसभा चुनाव को लेकर बीजेपी, कांग्रेस समेत विपक्षी दलों ने तैयारियां शुरू कर दी है। अगले साल होने वाले आम चुनाव के लिए मुद्दों, उम्मीदवारों से लेकर बूथ मैनेजमेंट तक की रणनीति बननी शुरू हो गई है। इस बीच सी-वोटर ने आम चुनाव को लेकर देशभर में ओपिनियन पोल किया है। इस ओपिनियन पोल में लोगों के मतदान, लोकसभा चुनाव में मुद्दे से लेकर कई सवाल पूछे गए हैं। ओपिनियन पोल में सीधे पीएम चुनने को लेकर भी सवाल किया गया। इस चुनाव में देश के सभी राज्यों में नरेंद्र मोदी राहुल गांधी पर भारी दिखे। हालांकि, सर्वे में एक राज्य ऐसा भी था जहां पीएम के रूप में राहुल गांधी नरेंद्र मोदी पर भारी पड़े।




