उपराष्ट्रपति के चुनाव को लेकर सियासी घमासान जारी है। जहां एक ओर एनडीए गठबंधन ने महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन को उपराष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार बनाने की घोषणा की है। वहीं दूसरी ओर इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार को लेकर कयासों का दौर जारी है। मंगलवार को विपक्षी दल इंडिया अपने उम्मीदवार की घोषणा कर सकता है।
उपराष्ट्रपति के चुनाव को लेकर सियासी घमासान जारी है। जहां एक ओर एनडीए गठबंधन ने महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन को उपराष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार बनाने की घोषणा की है। वहीं दूसरी ओर इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार को लेकर कयासों का दौर जारी है। मंगलवार को विपक्षी दल इंडिया अपने उम्मीदवार की घोषणा कर सकता है।
इंडिया गठबंधन से विपक्ष इसरो के पूर्व वैज्ञानिक माइलस्वामी अन्नादुरई को उम्मीदवार घोषित कर सकता है। अन्नादुरई ने चंद्रयान-1 का नेतृत्व किया था। इन्हें भारत के मून मैन के नाम से भी जाना जाता है। हालांकि सूत्रों का कहना है कि टीएमसी ने अभी इस नाम के लिए हामी नहीं भरी है। अन्नादुरई के अलावा विपक्ष द्वारा कई और नामों पर भी विचार किया जा रहा है।
मंगलवार को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के आवास पर दोपहर 12:30 बजे संसद में सभी विपक्षी दलों की बैठक बुलाई गई है, जिसके बाद उप राष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार की घोषणा होने की उम्मीद है। कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने एक्स पर इस बैठक को इंडिया गठबंधन की बजाय विपक्षी दलों की बैठक बताया है, ताकि AAP जैसी पार्टियों को भी शामिल होने का विकल्प मिल सके।
चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्षी दल वोट चोरी और धांधली के मुद्दे पर मोर्चा खोले हुए हैं। जिसमें आम आदमी पार्टी, समाजवादी पार्टी, तृणमूल कांग्रेस, डीएमके समेत तमाम इंडिया गठबंधन के अलावा अन्य विपक्षी दल भी साथ हैं। इस मोर्चे ने विपक्षी दलों को एक साथ खड़ा कर दिया है। बिहार में हो रहे एसआईआर के मुद्दे पर भी जमकर बवाल मचा हुआ है। कयास लगाए जा रहे हैं कि विपक्ष उपराष्ट्रपति चुनाव की वोटिंग में भी एक साथ ही नजर आएगा। इसके लिए घेराबंदी काफी पहले से ही शुरू हो गई है। हालांकि समाजवादी पार्टी चुनाव लड़ने के खिलाफ थी।
अन्नादुरई के नाम पर TMC को आपत्ति
विपक्षी दल उपराष्ट्रपति चुनाव लड़ने के लिए तैयार हैं। उनका मानना है कि कम संख्या होने के बावजूद चुनाव में भाग लेना राजनीतिक रूप से सही है। हालांकि, RJD और समाजवादी पार्टी ने पहले अपनी आपत्तियां जताई थीं। सूत्रों के अनुसार, खड़गे उन नेताओं से बात करेंगे जो बैठक में मौजूद नहीं थे और एक आम सहमति बनाने की कोशिश करेंगे। जब पूछा गया कि क्या पूर्व वैज्ञानिक के नाम पर चर्चा हुई, तो एक वरिष्ठ विपक्षी नेता ने कहा कि अन्नादुरई का नाम उन नामों में से एक था जिन पर विचार किया गया। वहीं अन्नादुरई के नाम पर तृणमूल कांग्रेस ने अपना अंतिम निर्णय नहीं लिया है।





