~डॉ. गीता शर्मा
शारीरिक स्वास्थ्य को बनाए रखने के लिए हम तमाम तरह की चीज़ें अपनाते हैं, जिसमें योग और व्यायाम जैसी गतिविधियां शामिल होती हैं। लेकिन अक्सर जिम में या घर पर व्यायाम करते समय हमारी मांसपेशियों में ऐंठन होने लगती है और हमें असहनीय दर्द होना शुरू हो जाता है।
अगर आपको भी कभी ऐसा हुआ हैं तो उसका कारण अचानक होने वाला ‘इनवॉलेंट्री कॉन्ट्रेक्शन’ होता है, जिसमें उस स्थान पर मौजूद मांसपेशियां अचानक सिकुड़कर कठोर हो जाती है। आम भाषा में ऐसी स्थिति को हम ‘मसल्स क्रैंप्स’ कहते हैं।
यह कभी भी, किसी को भी हो सकता है. यदि आपको भी कभी इसका सामना करना पड़ा हो तो, आप उसके कारण होने वाली परेशानी को जानते ही होंगे।
अक्सर कई लोग ‘मसल्स क्रैम्प्स’ को कम ज्ञान के कारण गंभीरता से नहीं लेते, लेकिन स्वाभाविक तौर पर यह एक बड़ी समस्या है। आमतौर पर मांसपेशियों की ऐंठन का कोई इलाज़ नहीं हैं लेकिन आयुर्वेद ने इसके बचाव के कुछ टिप्स बताएं हैं।
*क्यों होते हैं मसल्स क्रैम्प्स ?*
मसल्स क्रैम्प्स को हिंदी में ‘मांसपेशियों की ऐंठन’ कहा जाता है। जब मांसपेशी में ऐंठन होती है, तो वह सिकुड़ जाती है और कुछ समय तक सिकुड़ी ही रहती है, जो उसके सामान्य कार्य में हस्तक्षेप करती है।
मांसपेशियों में ऐंठन के दौरान, प्रभावित मांसपेशी या मांसपेशी का समूह छोटा हो जाता है, जिससे मांसपेशियों में एक स्पष्ट उभार दिखाई देने लगता है।
आमतौर पर हर व्यक्ति का शरीर और मसल्स अलग तरह की होती हैं, इसीलिए सभी लोगों में मसल्स क्रैम्प्स के कारण भी अलग हो सकते है। लेकिन श्रम या व्यायाम के दौरान होने वाले मसल्स क्रैम्प्स के अधिकतर यहीं कारण होते हैं।
*1. डिहाइड्रेशन :*
व्यायाम सहित किसी भी कारण से होने वाले मसल्स क्रैम्प्स का सबसे मुख्य कारण डीहाइड्रेशन ही होता है। अपर्याप्त तरल पदार्थ के सेवन से शरीर में सोडियम और पोटेशियम जैसे इलेक्ट्रोलाइट्स का असंतुलन हो सकता है, जो मांसपेशियों के उचित कार्य के लिए आवश्यक हैं।
इसीलिए डीहाइड्रेशन से मांसपेशियों में ऐंठन होने की संभावना कई गुना बढ़ जाती है।
*2. मसल्स पर अधिक प्रेसर :*
अक्सर जिम मे व्यायाम करते वक़्त हम अपनी ‘लिमिट्स पुश’ करने की कोशिश करते हैं और बेहतर परिणामों को प्राप्त करने के लिए अपनी क्षमता से अधिक कसरत करने लगते है।
ऐसा करने से हम अपनी मांसपेशियों पर बहुत अधिक दबाव डालते है, जिसके कारण मांसपेशियों में थकान और ऐंठन जैसी समस्या देखने को मिलती है।
*3. खराब पोषण :*
व्यायाम करने के साथ शरीर को फिट बनाने के लिए संतुलित और पौष्टिक आहार खाना भी बहुत जरूरी है। व्यायाम करते समय आपका आहार ही आपकी शक्ति की तरह काम करता है, इसलिए यदि आप खराब पोषण लेते हैं, तो यह ऐंठन की संभावना को बढ़ा सकते हैं।
विटामिन और खनिजों के अपर्याप्त सेवन से मांसपेशियों में संकुचन की समस्या हो सकती है।
*4. मांसपेशियों में थकान :*
अक्सर लंबे समय तक व्यायाम करते रहने के कारण मांसपेशियां थक जाती हैं, जिसके बाद भी यदि हम व्यायाम करते रहते है तो, उसके कारण मासपशियों में ऐंठन होने की संभावना अधिक होती है।
किसी मांसपेशी समूह का अत्यधिक उपयोग या लंबे समय तक शारीरिक गतिविधि से मांसपेशियों में थकान और ऐंठन होना भी मसल्स क्रैम्प्स का एक लक्षण है।
इन उपायाें को अपनाकर करें मसल क्रैम्प्स से बचाव :
*1 मीठा कम लें :*
जो व्यक्ति अधिक मात्रा में मीठे का सेवन करते हैं, उन्हें मसल्स क्रैम्प्स की अधिक समस्या देखने को मिलती है। दरअसल, अत्यधिक चीनी का सेवन करने से ब्लड शुगर के स्तर में तेजी से वृद्धि और गिरावट होती है।
जब ब्लड शुगर का स्तर बहुत तेजी से गिरता है, तो इसके परिणामस्वरूप कमजोरी और मांसपेशियों में थकान जैसी स्थिति पैदा होती है, जिससे व्यायाम के दौरान मांसपेशियों में ऐंठन का खतरा बढ़ जाता है।
*2. बाजरे का सेवन :*
मिलेट्स खाने से व्यायाम के दौरान मसल्स क्रैम्प्स की समस्या से काफी हद तक बचाव किया जा सकता है, क्योंकि मिलेट्स एक स्वस्थ और पोषणशील भोजन के रूप में जानी जाते हैं और वे व्यायाम के दौरान स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में मदद कर सकते हैं।
मिलेट्स फाइबर और पोटैशियम के अच्छे स्रोत होते हैं, जो मांसपेशियों की सही फंक्शनिंग और राहत दिलाने में मदद कर सकते हैं। मिलेट्स पोटैशियम के साथ-साथ आपके शरीर को एक्यूट इलेक्ट्रोलाइट बैलेंस बनाए रखने में मदद करते है, जिससे मसल्स क्रैम्प्स की समस्या कम होती है।
*3. रिलैक्सिंग योगा पोज :*
मसल्स क्रैम्प्स से बचाव के लिए आप मकरासन और भुजंगासन भी कर सकते हैं।
इन आसनों को नियमित 15-20 मिनट तक करने से व्यक्ति को कभी मसल्स क्रैम्प्स की समस्या नहीं होगी।
*4 अश्वगंधा और मोरिंगा का उपयोग :*
अश्वगंधा और मोरिंगा ऐसी आयुर्वेदिक जड़ी बूटियों को लेने से लाभ मिलता है। अश्वगंधा शारीरिक शक्ति और ताक़त को बढ़ावा देने में मदद करता है और व्यायाम के दौरान मसल्स क्रैम्प्स को कम करता है।
मोरिंगा विटामिन, मिनरल्स, और एंटीऑक्सीडेंट्स का अच्छा स्रोत होता है और शारीरिक स्वास्थ्य को सुधारने में मदद करता है, जिससे मसल्स क्रैम्प्स की समस्या कम होती है।





