एस पी मित्तल अजमेर
दिल्ली के मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल भी अब यह समझ गए हैं कि पैसा देकर न्यूज चैनलों पर कुछ भी चलवाया जा रहा है। चैनलों के मालिकों को विज्ञापन के तौर पर बहुत आसानी से करोड़ों रुपया दिया जा सकता है और जब जनता के पैसे से न्यूज चैनलों को पैसा देना हो तो केजरीवाल कोई कंजूसी नहीं करते हैं। चूंकि पैसा देकर न्यूज चैनलों पर कुछ भी प्रसारित करवाया जा सकता है, इसलिए न्यूज चैनलों पर इन दिनों केजरीवाल केंद्रीत एक विज्ञापन प्रसारित हो रहा है। इस विज्ञापन में केजरीवाल स्वयं को देश का महानायक प्रदर्शित करते हुए कह रहे हैं कि अब भारत रुकेगा नहीं। भारत अब दुनिया का सर्वश्रेष्ठ देश बनेगा। यूं तो न्यूज चैनलों के संपादक और धाकड़ एंकर हर किसी मुद्दे पर बहस करवा लेते हैं, लेकिन इस विज्ञापन पर केजरीवाल से यह पूछने वाला कोई नहीं है कि वे किस हैसियत से भारत को दुनिया का सर्वश्रेष्ठ देश बनाएंगे? मौजूदा समय में नरेंद्र मोदी देश के प्रधानमंत्री हैं। यदि प्रधानमंत्री कहे तो समझ में आती है, लेकिन केजरीवाल तो अभी सिर्फ उस दिल्ली प्रदेश के मुख्यमंत्री है, जिस की विधानसभा में कुल 70 विधायक हैं और सरकार की अधिकांश शक्तियां उपराज्यपाल के पास हैं। यह सही है कि पंजाब में आप की सरकार बना लेने से केजरीवाल बेहद उत्साहित हैं। शायद इसीलिए केजरीवाल अब पैसे के दम पर स्वयं को देश का भावी प्रधानमंत्री बनने का सपना देख रहे हैं। केजरीवाल यह सपना तब देख रहे हें, जब विपक्ष में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को भी पीएम पद का दावेदार बताया जा रहा है। हालांकि नीतीश का नाम उछलने के बाद कांग्रेस ने राहुल गांधी, टीएमसी ने ममता बनर्जी, सपा ने अखिलेश यादव को पीएम पद का दमदार दावेदार बता दिया हो। गैर भाजपा दलों में इतने नेताओं की पीएम पद पर दावेदारी होते हुए केजरीवाल का सपना कैसे पूरा होता है। यह तो समय ही बताएगा, लेकिन यह कहा जा सकता है कि विपक्ष में मौजूदा समय में जितने भी दावेदार हैं, उनमें अरविंद केजरीवाल सबसे चालाक और समझदार दावेदार हैं। नीतीश कुमार, ममता बनर्जी, भगवंत मान, अशोक गहलोत जैसे मुख्यमंत्रियों के विज्ञापन तो अपने अपने प्रदेश की उपलब्धियों तक ही सीमित है, जबकि केजरीवाल तो स्वयं को देश का महानायक बता रहे हैं। आजादी के 75 वर्ष पूरे होने पर देशवासियों से तिरंगा लेकर खड़े होने की अपील भी कर रहे हैं। यह बात अलग है कि वित्तीय अनियमितताओं के आरोप में केजरीवाल के एक मंत्री सत्येंद्र जैन जेल में हैं, जबकि उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया आबकारी घोटाले में जेल जाने वाले हैं।






