नई दिल्ली। कोरोना महामारी से निपटने का सबसे अहम हथियार है वैक्सीन। देश में वैक्सीनेशन कार्यक्रम को तेजी देने की के लिए भारत सरकार में बड़ा कदम उठाया है। मीडिया रिपोर्टस के मुताबिक केंद्र की मोदी सरकार ने विदेशों में निर्मित ‘अच्छी तरह से स्थापित’ कोरोना की वैक्सीन के लिए भारत में ट्रायल की अनिवार्यता को खत्म कर दिया है।
इस समय देश में एस्ट्राजेनेका और ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी की ओर से विकसित और भारत में उत्पादित कोविशील्ड और भारत बायोटेक-आईसीएमआर के टीके कोवैक्सीन से लोगों को टीकाकरण किया जा रहा है। रूसी वैक्सीन स्पूतनिक वी को भी सरकार आपातकालीन मंजूरी दे चुकी है, लेकिन अभी इसके कुछ लाख टीके ही रूस से लाए गए हैं और आने वाले दिनों में भारत में भी उत्पादन किया जाएगा।





