‘नोमॉक्स’ के फाउंडर और को-फाउंडर गिरफ्तार, क्रिप्टो में निवेश का झांसा देकर की थी करोड़ों की ठगी
नोमॉक्स टेक्नोलॉजीज़ प्राइवेट लिमिटेड के फाउंडर अभिषेक मेहतो और को-फाउंडर अनुराग झा को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों पर क्रिप्टो करंसी में निवेश और राशि 15 गुना करने का झांसा देकर 1 करोड़ 34 लाख रुपये ठगने का आरोप लगा है। पुलिस को एक अन्य कंपनी अदिती वेन्बर के मालिक बाला सुब्रहण्यम की तलाश है।
क्राइम ब्रांच ने डिजिटल एसेट ट्रेडिंग क्षेत्र में काम करने वाली कंपनी नोमॉक्स टेक्नोलॉजीज़ प्राइवेट लिमिटेड के फाउंडर अभिषेक मेहतो और को-फाउंडर अनुराग झा को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों पर क्रिप्टो करंसी में निवेश और राशि 15 गुना करने का झांसा देकर 1 करोड़ 34 लाख रुपये ठगने का आरोप लगा है। पुलिस को एक अन्य कंपनी अदिती वेन्बर के मालिक बाला सुब्रहण्यम की तलाश है।
पीड़ितों की दर्ज की थी शिकायत
एडिशनल डीसीपी (अपराध) राजेश दंडोतिया के मुताबिक मुर्शीद खान (श्रीनगर एक्सटेंशन), कपिल ठाकुर (श्रीसिटी महू),अमित नरवर (साईंबाग कालोनी बेटमा) और राहुल चौहान निवासी अंबेडकर मार्ग बेटमा की शिकायत पर प्रकरण दर्ज किया गया है। पीड़ितों ने पुलिस को बताया कि आरोपित अनुराग झा निवासी 17वीं बी मेन 23वीं एकास तीसरा सेक्टर एचएसआर लेआउट बेंगलुरु से परिचय है। वह नोमॉक्स टेक्नोलॉजीज़ प्राइवेट लिमिटेड के नाम से व्यापार करता था। कंपनी में अभिषेक पुत्र सिकंदर मेहतो निवासी बिचना मुरहू राजा कुंजला झारखंड पार्टनर है और बाला सुब्रहमण्यम चीफ फायनेंस आफिसर (सीएफओ) है।
15 गुना तक मुनाफा करवाने का दिया प्रलोभन
आरोपितों ने निवेशकों की काउंसलिंग की और अलग अलग स्कीम के तहत उनके माध्यम से निवेश करने पर 3 से 15 गुना तक मुनाफा करवाने का प्रलोभन दिया। आरोपितों ने मुर्शीद खान से 9 अगस्त 2024 को 40 लाख अनुराग की मां सोनू झा ने अनुबंध कर प्राप्त कर लिए। 60 लाख रुपये तीन किस्तों में खाते में जमा करवाए गए। कपिल ठाकुर और उसकी पत्नी पूनम से 25 लाख रुपये खातों में जमा करवाए। अमित नरवर से 6 लाख 50 हजार और 10 लाख रुपये ले लिए। राहुल चौहान से 9 लाख रुपये लिए गए।
इसका बाकायदा अनुबंध हुआ और प्रतिमाह लाभ राशि खाते में जमा करने का दावा किया। आरोपितों ने क्रिप्टो करंसी में निवेश की राशि का कोई हिसाब नहीं दिया और प्रतिमाह दिए जाने वाले मुनाफा से भी इनकार कर दिया।
पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर रिमांड पर लिया
मोबाइल, वाट्सएप, मैसेज और ई-मेल पर भी जवाब नहीं दिया। आरोपितों ने कॉल करने पर धमकाया और मोबाइल बंद कर लिए। पुलिस आयुक्त संतोष कुमार सिंह ने मामले की जांच करवाई और शनिवार को तीनों आरोपितों के विरुद्ध प्रकरण दर्ज कर लिया। पुलिस ने अनुराग और अभिषेक को गिरफ्तार कर रिमांड पर लिया है।

दुबई से स्पेन की सात दिवसीय यात्रा में 11,119 करोड़ के निवेश प्रस्ताव, सीएम बोले-ऐतिहासिक रही यात्रा
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव अपनी सात दिवसीय दुबई और स्पेन यात्रा पूरी कर रविवार को भोपाल लौटे। इस यात्रा को उन्होंने ऐतिहासिक, अत्यंत सफल बताया। मुख्यमंत्री ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि इस दौरे में प्रदेश को कुल 11,119 करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिससे 14,208 लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है। उन्होंने कहा कि यह केवल आर्थिक दृष्टिकोण से नहीं, बल्कि सांस्कृतिक और वैश्विक दृष्टि से भी प्रदेश को एक नई पहचान दिलाने वाला दौरा रहा।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव अपनी सात दिवसीय दुबई और स्पेन यात्रा के बाद आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने यात्रा को ऐतिहासिक और अत्यंत सफल बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस दौरे से मध्य प्रदेश के लिए निवेश, पर्यटन, फिल्म निर्माण और सांस्कृतिक आदान-प्रदान जैसे कई क्षेत्रों में नए अवसर प्राप्त हुए हैं। दोनों देशों की यात्रा में प्रदेश को 11 हजार 119 करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव मिले है। इससे 14 हजार 208 लोगों को रोजगार प्राप्त होगा।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मुझे इस बात का आनंद है कि दुबई-स्पेन यात्रा का समापन भोपाली अंदाज में हुआ है। कल हम जब भोजन करने के लिए गए तो कालरा बंधुओं ने वहां अलग-अलग रेस्टोरेंट खोला है। एक ने अपने रेस्टोरेंट का नाम खाना-खजाना रखा है। वहां खाना खाते वक्त भोपाल की याद आई। उस दौरान एक और जानकारी गौरवांवित करने वाली है। उन्होंने बताया कि उनके 90 फीसदी ग्राहक गैर-भारतीय हैं जो भारतीय भोजन कर रहे हैं। हमने दुबई में एक अलग ही माहौल देखा। प्रदेश सरकार कपास उत्पादक किसानों की आय बढ़ाने एवं उत्पादन बढ़ाने के लिए उन्हें अत्यधिक कंपनियों में प्रशिक्षण प्रदान करेगी। बर्सिलोना में सबमर कंपनी के साथ डाटा सेंटर स्थापित करने के लिए एमओयू साइन किया है। यह करीब 3800 करोड़ का है। हमारी सरकार ने 22 अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के साथ रणनीतिक साझेदारी के लिए एमओयू साइन किए। दुबई-स्पेन की यात्रा में कुल 11000 करोड़ से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि दुबई एक छोटी दुनिया है। वहां सभी देशों के नागरिक भी रहे हैं, व्यापारी भी रह रहे हैं। हमारे प्रधानमंत्री भी व्यापार व्यवसाय की वृद्धि के लिए 7 बार दुबई की यात्रा कर चुके हैं। हमारी दुबई यात्रा की शुरुआत अनंतारा होटल से हुई। यहां अरब संसद के अध्यक्ष मोहम्मद अल यामाही से मुलाकात हुई। हमने उनके साथ शिक्षा,युवा सहभागिता, सांस्कृतिक आदान-प्रदान सहित भविष्य की संभावनाओं पर चर्चा की। यामाही ने इन बातों पर उत्सुकता भी दिखाई। हमने जब बीएपीएस के महाराज से चर्चा की तो उन्होंने बताया कि यहां सभी धर्मों के लोग आते हैं। दुबई के इस मंदिर का मॉडल बाकी दुनिया भी अपना रही है। सर्वे भवन्तु सखिनः की भावना सबके दिलों दिखाई दे रही है।

भारत से मिलत-जुलता है स्पेन
सीएम ने कहा कि हमने जब फ्रेंड्स ऑफ एमपी के भरतवंशियों के सम्मेलन में भाग लिया तो उनका उत्साह देखते ही बनता था। हमे 24 घंटे के अंदर रजिस्ट्रेशन रोकने पड़े। पता चला कि 42 लाख से ज्यादा भारतीय वहां हैं। वे सब अपनी अलग पहचान बनाए हुए हैं। वहां इंदौरी लोगों का अलग संगठन इंदौर इंटरनेशनल बिजनेस है। उन्होंने वहां अपनी अलग साख बना रखी है। 14 जुलाई को इंवेस्ट इन मध्यप्रदेश के माध्यम से बिजनेस फोरम का आयोजन हुआ। 30 से ज्यादा राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के साथ वन-टू-वन मीटिंग की। प्रमुख निवेश की बात करें तो दुबई यात्रा के दौरान हमको 5701 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। इनमें बीएमडब्ल्यू डेवेलपर्स के 2750 करोड़, कोनारेस मेटल के 640 करोड़, स्पेन कम्युनिकेशन और अल्फा मिया के 500 करोड़, सराफ ग्रुप और रिलायंस डिफेंस के 250-250 करोड़ शामिल हैं।

दुबई से भोपाल के लिए शुरू होगी फ्लाइट
अमीरात एयरलाइंस ने तो यहां तक कहा कि अमीरात और भोपाल की उड़ान को तुरंत चालू कर दें। एविएशन विभाग अगर अनुमति दे तो हम तुरंत अपना विमान मध्यप्रदेश से जोड़ना चाहेंगे। एयर इंडिया और इंडिगो ने भी फ्लाइट का आश्वासन दिया है। हमारी एविएशन पॉलिसी देश में सबसे ज्यादा आकर्षक है। अगर अंतरराष्ट्रीय उड़ान मध्यप्रदेश में उड़ान भरेगी मध्यप्रदेश सरकार एक ट्रिप में 15 लाख से उसकी मदद करेगी। यह अपने आप में आकर्षक है। हमारी एयर एंबुलेंस की योजना भी सभी को आकर्षक लगी। हर शख्स ने प्रदेश में निवेश करने में रुचि दिखाई। हम 16 जुलाई को स्पेन गए। स्पेन भारत से मिलता-जुलता देश है। वहां विरासत से विकास दिखाई देता है। स्पेन भारत का 6वां भागीदार है। स्पेन सभी क्षेत्रों में काम कर रहा है। स्पेन के साथ फिल्म निर्माण के लिए एमओयू किया गया है। स्पेन के फिल्म निर्माता मध्यप्रदेश में फिल्म निर्माण करेंगे। 17 जुलाई को इंडिटेक्स सिटी का दौरा किया। हमने यहां जारा इंडस्ट्री का दौरा किया। कंपनी ग्रीन एनर्जी पर फोकस कर रही है। जब हमने उन्हें बताया कि हम तो पहले से ग्रीन एनर्जी को लेकर नई -नई चीजें कर रहे हैं तो उन्होंने कहा कि हम आपको सारा ऑर्डर देने को तैयार हैं।
विकास के लिए अंतरराष्ट्रीय निवेश की जरूरत
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार कपास उत्पादक किसानों की आय बढ़ाने एवं उत्पादन बढ़ाने के लिए उन्हें अत्यधिक कंपनियों में प्रशिक्षण प्रदान करेगी। बार्सिलोना में सबमर कंपनी के साथ डाटा सेंटर स्थापित करने के लिए एमओयू साइन किया है। यह करीब 3800 करोड़ का है। 22 अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के साथ रणनीतिक साझेदारी के लिए एमओयू साइन किया गया है। इस दौरे में कुल 11000 करोड़ से अधिक के एमओयू साइन हुए। हमारी सरकार बनने के बाद हमने पांच देशों की यात् की और निवेशकों को आकर्षित किया। आरआईसी के माध्यम से 4.50 लाख करोड़, ग्लोबल इन्वेस्टर समिट के माध्यम से 30.77 लाख करोड़ का निवेश प्राप्त हुआ। मध्यप्रदेश की दीर्घकालिक योजना के निर्माण के लिए हमें अंतरराष्ट्रीय निवेश की आवश्यकता है। यह न केवल आर्थिक विकास पर केंद्रित हो, बल्कि सांस्कृतिक एवं विरासत को भी आगे बढ़ाए। वर्ष 2026 को भारत और मध्य प्रदेश सरकार ने भारत और स्पेन के बीच सांस्कृतिक वर्ष के रूप में घोषित किया है। उन्होंने कहा कि स्पेन का फ्लेमिंगो डांस एक प्रकार से भारतीय कालबेलिया नृत्य जैसा है। ऐसा लगता है की फ्लेमिंगो की भारत से ही स्पेन पहुंचा हो।
ऑस्ट्रेलिया, अफ्रीका के बाद अब यूरोप फतह करेगी MP की बेटी, सबसे ऊंची चोटी एलब्रुस पर तिरंगा फहराएंगी ‘मुस्कान’
अशोकनगर की पर्वतारोही मुस्कान रघुवंशी एक बार फिर देश के साथ प्रदेश का नाम रोशन करने की तैयारी में है। वह 15 अगस्त को यूरोप की सबसे ऊंची चोटी माउंट एलब्रुस (5,642 मीटर) पर तिरंगा फहराएंगी। इससे पहले वे ऑस्ट्रेलिया और अफ्रीका की सर्वोच्च चोटियां फतह कर चुकी हैं।

अशोकनग जिले की बेटी मुस्कान रघुवंशी एक बार फिर देश का नाम रोशन करने जा रही है। वह साइकिल से नर्मदा परिक्रमा और कश्मीर से कन्याकुमारी की यात्रा जैसे अनूठे अभियानों से पहचान बना चुकी है। अब यूरोप महाद्वीप की सबसे ऊंची चोटी माउंट एलब्रुस की 5642 मीटर की बर्फीली चोटी पर कठिन चढ़ाई कर 15 अगस्त के दिन तिरंगा फहराएगी।
दरअसल, मुस्कान अब तक ऑस्ट्रेलिया की माउंट कोसियस्ज़को और अफ्रीका की माउंट किलीमंजारो जैसी महाद्वीपीय चोटियों पर सफलतापूर्वक चढ़ाई कर चुकी हैं। सबसे कम उम्र की भारतीय पर्वतारोहियों में शामिल मुस्कान लगातार नई ऊंचाइयों को छू रही हैं।
त्रता दिवस पर बढ़ाएगी देश का मान
मुस्कान रघुवंशी अपने इस अभियान को प्रसिद्ध पर्वतारोही नरेंद्र सिंह यादव के नेतृत्व में संपन्न करेंगी। वहीं, यह पर्वतारोहण अभियान एनएसवाई आउटडोर्स की तरफ से आयोजित किया गया है। उल्लेखनीय है कि मुस्कान रघुवंशी ने पिछले 6 वर्षों में सबसे कम उम्र की पर्वतारोही हैं। उसने ऑस्ट्रेलिया की सबसे ऊंची चोटी माउंट कोसियस्ज़को पर चढ़ाई कर देश का गौरव बढ़ाया था। फिर अफ्रीका की सर्वोच्च चोटी माउंट किलीमंजारो को भी सफलतापूर्वक फतह किया है।
साइकिल से किए हजारों किमी का सफर
मुस्कान रघुवंशी ने सिर्फ पर्वतारोहण में ही नहीं लंबी दूरी की साइकिल यात्राओं में भी कई रिकॉर्ड बनाए हैं। पिछले 21 सालों में उसने ये रिकॉर्ड अपने नाम दर्ज किए हैं। उन्होंने कश्मीर से कन्याकुमारी तक की 3500 किमी और नर्मदा परिक्रमा की 3 200 किमी की यात्रा साइकिल से पूरी की थी। वर्ष 2022 में यह परिक्रमा उन्होंने मात्र 19 दिनों में पूरी कर महिला सशक्तिकरण का अनूठा उदाहरण पेश किया था। इसी के साथ सिंगल एसआर महिला राइडर के रूप में 200, 300, 400 और 600 किमी की दूरी सीमित समय में तय कर ओएमजी रिकॉर्ड अपने नाम किया।
नरेंद्र सिंह तोमर के एक बयान से सियासी हलचल, बिना नाम लिए जमकर साधा निशाना !
मध्य प्रदेश बीजेपी में एक बार फिर से गुटबाजी सामने आई है। विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने एक ऐसा बयान दिया है जिससे सियासी हलचल बढ़ गई है। उन्होंने बिना नाम लिए एक बड़े नेता पर निशाना साधा है।

ग्वालियर-चंबल अंचल में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की अंदरूनी खींचतान एक बार फिर सामने आई है। मुरैना में एक कार्यक्रम के दौरान विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर के बयान ने सियासी गलियारों में हलचल मचा दी है। तोमर ने क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों को लेकर कुछ नेताओं पर अप्रत्यक्ष रूप से निशाना साधा है। उन्होंने यह स्पष्ट किया कि क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों का श्रेय केवल किसी एक व्यक्ति को नहीं दिया जा सकता है।
नरेंद्र सिंह तोमर ने एक सभा को संबोधितक करते हुए कहा कि गांवों में सड़क, बिजली और नल-जल जैसी योजनाएं पहुंच रही हैं, लेकिन ये मेरे या मुरैना सांसद के कारण नहीं हुआ है। ये सब भाजपा सरकार की योजनाओं और नीतियों का परिणाम है। अपने भाषण में उन्होंने किसी का नाम लिए बिना तंज कसते हुए कहा कि कुछ नेता कहते हैं कि मैं लाया, मैं लाया… लेकिन उन्हें मैं मैं से फुर्सत ही नहीं मिलती।
लंबे समय से सिंधिया गुट और तोमर गुट में बयानबाजी
बता दें कि नरेंद्र सिंह तोमर का यह बयान ऐसे समय पर आया है, जब अंचल में ज्योतिरादित्य सिंधिया और तोमर गुट के बीच गुटबाजी की खबरें लगातार सामने आ रही हैं। दोनों गुटों के समर्थकों के बीच भी बयानबाजी का सिलसिला तेज हो गया है। भाजपा के अंदरूनी समीकरणों को लेकर पहले से ही सवाल उठ रहे थे और अब तोमर के इस सार्वजनिक बयान ने इस खींचतान की पुष्टि कर दी है।
तोमर के बयान को लेकर सियासत गरमाई
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बयान न केवल सिंधिया खेमे पर सीधा हमला है, बल्कि यह भाजपा के आगामी चुनावी समीकरणों को भी प्रभावित कर सकता है। वहीं, स्थानीय कार्यकर्ताओं के बीच भी इस बयान को लेकर चर्चाओं का दौर जारी है।
ऐसी है बाबा महाकाल की सवारी, 11वीं शताब्दी में राजा भोज ने इस परंपरा को प्रदान की भव्यता
उज्जैन में निकाली जाने वाली बाबा महाकाल की सवारी सदियों पुरानी परंपरा है, जिसे 11वीं शताब्दी में राजा भोज ने भव्य रूप दिया। श्रावण मास में निकलने वाली यह सवारी श्रद्धा, भक्ति और शिव की शक्ति का प्रतीक है, जिसमें लाखों भक्त शामिल होते हैं।

मध्यप्रदेश के उज्जैन में भगवान महाकालेश्वर विराजमान हैं, जो शिव के 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक हैं। महाकाल मंदिर में दर्शन करने के लिए भोलेनाथ के भक्तों का तांता साल भर लगा रहता है, लेकिन सावन के महीने में यह भीड़ और बढ़ जाती है, जब उज्जैन महाकाल की सवारी निकाली जाती है। उज्जैन महाकाल की सवारी का इतिहास बहुत ही रोचक और महत्वपूर्ण है। इसे बाबा महाकाल की सवारी भी कहा जाता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि उज्जैन में महाकाल की सवारी क्यों निकाली जाती है और इसका इतिहास कितना पुराना है? आइए, हम आपको बताते हैं…

सोमवार को निकलेगी बाबा महाकाल की सवारी।
महाकाल की सवारी की परंपरा सदियों पुरानी है। इसका उल्लेख प्राचीन ग्रंथों में भी मिलता है। ग्यारहवीं शताब्दी के राजा भोज ने इस परंपरा को बड़े रूप में शुरू किया था। उन्होंने इस जुलूस में कई नए कलाकारों और संगीतकारों को शामिल किया। मुगल सम्राट अकबर और जहांगीर भी इस जुलूस में शामिल हुए थे। सिंधिया वंश के राजाओं ने इस जुलूस को और अधिक भव्य बनाया, जिसमें नए रथ और हाथी शामिल किए गए। महाकाल की सवारी एक भव्य यात्रा है, जिसमें विभिन्न कलाकार, संगीतकार और नर्तक शामिल होते हैं। भगवान महाकाल को एक पालकी में बैठाकर शहर में घुमाया जाता है। यह पालकी चांदी की बनी होती है और इसे कई प्रकार के फूलों से सजाया जाता है। लाखों श्रद्धालु इस यात्रा में शामिल होते हैं और महाकाल के जयकारे लगाते हैं। महाकाल की एक झलक पाने के लिए भक्तों की भीड़ हफ्तों पहले से ही शुरू हो जाती है। जुलूस में भंडारी, नागा साधु, ढोल-नगाड़े वाले, तलवारबाज, घुड़सवार और अन्य कलाकार शामिल होते हैं।

सोमवार को निकलेगी बाबा महाकाल की सवारी।
महीनों पहले से होती हैं सवारी की तैयारियां
महाकाल की सवारी भगवान महाकाल के प्रति भक्तों की श्रद्धा का प्रतीक मानी जाती है। यह जुलूस भगवान महाकाल की शक्ति और महिमा का भी प्रतीक है। उज्जैन शहर का यह महत्वपूर्ण सांस्कृतिक उत्सव शहर की समृद्ध संस्कृति और विरासत को दर्शाता है। इसकी तैयारियों में महाकाल मंदिर के पुजारी से लेकर मंदिर समिति के सभी सदस्य और भक्तगण महीनों पहले से जुट जाते हैं। भक्त महाकाल को उनकी पसंद के भोग अर्पित करते हैं, जिनमें फूल, फल, मिठाई, और दूध शामिल होते हैं। महाकाल की सवारी के दौरान भक्त महाकाल के जयकारे लगाते हैं और उनके नाम का जाप करते हैं। यह भव्य और पवित्र जुलूस महाकाल के प्रति श्रद्धा और भक्ति का प्रदर्शन है। उज्जैन के साथ-साथ दूर-दूर से लोग महाकाल की एक झलक पाने के लिए यहां आते हैं।

सोमवार को निकलेगी बाबा महाकाल की सवारी।
शिव की शक्ति का अनुग्रह कराती है बाबा महाकाल की सवारी
महाकाल की सवारी एक भव्य जुलूस है, जो भगवान महाकालेश्वर को समर्पित है। यह जुलूस हर साल श्रावण मास के भाद्रपद शुक्ल पक्ष में निकाला जाता है। इस सवारी का आयोजन महाशिवरात्रि के अवसर पर उज्जैन के महाकाल मंदिर में होता है। यह भारतीय संस्कृति और धार्मिक आध्यात्मिकता का महत्वपूर्ण प्रतीक है। इस सवारी में महाकाल की मूर्ति को पारंपरिक तरीके से सवारी में निकाला जाता है, जिसमें विभिन्न धार्मिक और सांस्कृतिक धाराओं को सम्मिलित किया जाता है। महाकाल की सवारी का आयोजन बड़ी धूमधाम से होता है और यह लाखों श्रद्धालुओं को आकर्षित करती है। यह सवारी ध्यान और आध्यात्मिकता के माहौल में अपना महत्वपूर्ण स्थान रखती है और लोगों को शिव की शक्ति और अनुग्रह का अनुभव कराती है।
1

सोनम की जेल से फोन पर परिजनों से हो रही बात, राजा के परिजनों ने जुटाई जानकारी
अपने पति राजा रघुवंशी की हत्या के मामले में शिलांग जेल मेें बंद सोनम रघुवंशी को लेकर उसके भाई गोविंद और परिजनों ने कहा था कि वे राजा के परिवार के साथ कानूनी लड़ाई लड़ेंगे और सोनम व अन्य आरोपियों को कड़ी सजा दिलाएंगे, लेकिन अब दोनों परिवारों के बीच नाराजगी बढ़ गई है। सोनम को हर सप्ताह जेल से एक फोन लगाने की पात्रता है।राजा के परिजनों ने इस बारे में पता किया तो उन्हें जानकारी मिली कि सोनम चार मर्तबा अपने परिजनों से बात कर चुकी है। राजा के भाई विपिन का कहना है कि गोविंद हमारे साथ हमदर्दी का नाटक कर रहा था।
जेल मेन्यूअल के अनुसार सोनम को हर सप्ताह जेल से एक फोन लगाने की पात्रता है।राजा के परिजनों ने इस बारे में पता किया तो उन्हें जानकारी मिली कि सोनम चार मर्तबा अपने परिजनों से बात कर चुकी है। राजा के भाई विपिन का कहना है कि गोविंद हमारे साथ हमदर्दी का नाटक कर रहा था। अब वह और उसके माता-पिता सोनम की मदद कर रहे है। उनकी फोन पर बातें हो रही हैं। गोविंद ने पिछले दिनो सोनम से शिलांग जाकर मिलने की बात भी मीडिया के सामने कही थी, लेकिन हम भी अपने भाई के लिए कानूनी लड़ाई लड़ेंगे और आरोपियों को सख्त सजा दिलाएंगे।
दो माह में पेश होगी चार्जशीट
शिलांग पुलिस ने राजा रघुवंशी हत्याकांड से जुड़े पर्याप्त सबूत एकत्र कर लिए है। हत्याकांड को लेकर ज्यादा गवाह नहीं है, लेकिन पुलिस के पास डिजीटल सबूत है, जो घटना स्थल से आरोपियों की मौजूदगी जोड़ रहे है। इसके अलावा सोनम और आरोपियों को साथ देखने वाले गाइड का बयान भी महत्वपूण रहेगा।
शिलांग पुलिस ने इंदौर आकर भी हत्या के समय एक आरोपी द्वारा पहने गए कपड़े, सोनम के आभूषण, पिस्टल भी एकत्र किए है। दो माह के भीतर पुलिस कोर्ट में चार्जशीट पेश कर देगी। इस मामले में कुल आठ आरोपी गिरफ्तार हुए है, लेकिन तीन आरोपियों की कोर्ट ने जमानत दे दी। इनमें फ्लैट मालिक, प्राॅपर्टी ब्रोकर और सुरक्षागार्ड शामिल है।
इंदौर में साॅफ्टवेयर इंजीनियर युवती की ट्रक की टक्कर से मौत, दोस्तों के साथ ढाबे पर जा रही थी
इंदौर में हुए सड़क हादसे में एक साफ्टवेयर इंजीनियर युवती को अपनी जान गंवाना पड़ी। वह अपने दोस्तों के साथ पार्टी के लिए जा रही थी। तभी तिल्लौर के समीप एक ट्रक ने बाइक को टक्कर मार दी। हादसे में दोस्त भी घायल हुआ है।छह दोस्त अलग-अलग बाइक पर निकले थे। आस्था जितेंद्र की बाइक के पीछे बैठी थी। तभी पीछे से आ रहे ट्रक ने बाइक को टक्कर मार दी। हादसे के बाद आस्था के परिजन भी कानपुर से इंदौर के लिए रवाना हो गए है। पुलिस ने केस दर्ज कर ट्रक व चालक की तलाश शुरू कर दी है।

हादसे में मृत युवती का नाम आस्था पिता एस सिंह है। वह इंदौर में एक कंपनी में जाॅब करती थी। शाम को जाॅब खत्म होने के बाद वह अपने दोस्त के साथ बाइक पर जा रही थी। तभी यह हादसा हो गया। अंधेरे का फायदा उठाकर चालक ट्रक सहित फरार हो गया। लोगों ने दोनो घायलों को एमवाय अस्पताल पहुंचा, लेकिन उपचार के दौरान आस्था की मौत हो गई। बाइक चला रहा रतलाम निवासी जितेंद्र भी गंभीर रुप से घायल है।
आस्था कानपुर के समीप अकबरपुर में रहने वाली है। उसके पिता किसान है। आस्था ने गुना के काॅलेज से इंजीनियरिंग की थी। इसके बाद आस्था की जाॅब इंदौर में लग गई थी। चार माह पहले ही वह इंदौर आईृृ थी और केसरबाग इलाके में रहने लगी थी। शनिवार रात को उसने दोस्तों के साथ ढाबे पर जाने का प्लान बनाया था।
छह दोस्त अलग-अलग बाइक पर निकले थे। आस्था जितेंद्र की बाइक के पीछे बैठी थी। तभी पीछे से आ रहे ट्रक ने बाइक को टक्कर मार दी। हादसे के बाद आस्था के परिजन भी कानपुर से इंदौर के लिए रवाना हो गए है। पुलिस ने केस दर्ज कर ट्रक व चालक की तलाश शुरू कर दी है। आस्था के दूसरे साथी आगे निकल गए थे। इस कारण वे भी ट्रक का नंबर नोट नहीं कर पाए।

मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा-लव जिहाद से बेटियों को बचाओं
नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने इंदौर में उनके विधानसभा क्षेत्र में एक उद्यान का लोकार्पण किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने लव जिहाद के बढ़ते मामलों पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि माताएं अपनी बेटियों को संस्कार दे ताकि वे समाज में फैल रहे लव जिहाद के जहर से बच सके। दूसरे धर्म के लड़के हिंदू नाम रखकर बच्चियों को बहला-फुसला कर उनका जीवन खराब कर रहे हैं।विजयवर्गीय ने कहा कि एक समय 100 में से 5 बच्चों को चश्मा लगता था, लेकिन अब 100 में से 30 बच्चों को चश्मा लगने लगा है। बच्चे मोबाइल की लत के शिकार हो रहे हैं। माताएं बच्चों को फास्टफूड से दूर रखें। घर का बना हुआ पौष्टिक खाना खिलाए।
हमारी विधानसभा में एक बेटी की वजह से उसके माता-पिता को नीचा देखना पड़ा है।इसलिए अपने बच्चों को संस्कारित बनाएं। आजकल के सीरियल विकृति फैला रहे हैं। इसलिए बच्चों को बगीचों में भेजे, जिससे वह व्यायाम करने के साथ-साथ उनका सामाजिक दायरा भी बढ़ेगा। अच्छे दोस्त बनेंगे, जो जीवन में हमेशा काम आएंगे।
विजयवर्गीय ने कहा कि एक समय 100 में से 5 बच्चों को चश्मा लगता था, लेकिन अब 100 में से 30 बच्चों को चश्मा लगने लगा है। बच्चे मोबाइल की लत के शिकार हो रहे हैं। माताएं बच्चों को फास्टफूड से दूर रखें। घर का बना हुआ पौष्टिक खाना खिलाए, जिससे बच्चों का बेहतर शारीरिक और मानसिक विकास हो सके।
मेयर पुष्य मित्र भार्गव ने कहा कि अब हम ऐसा एप लॉच कर रहे हैं, जिससे आप अपने घर के कचरे के लिए एप के जरिए कचरा गाड़ी बुला सकेंगे। हमने शहर की स्ट्रीट लाइट को मोबाइल से जोड़ दिया है, जिससे उसको कभी भी चालू और बंद कर सकते हैं। इससे ऊर्जा की बचत होती है।

मध्य प्रदेश में 16 लाख के करीब युवाओं ने ली कांग्रेस की सदस्यता, यूथ कांग्रेस की चुनावी प्रक्रिया पूरी
एमपी में युवा कांग्रेस की चुनावी प्रक्रिया पूरी हो गई है। पूरे प्रदेश से लगभग 16 लाख युवाओं ने कांग्रेस की सदस्यता ली है। युवा कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष के लिए 18 प्रत्याशी मैदान में है। संगठन का दावा है कि करीब दो महीने बाद नई कार्यकारिणी मिल जाएगी।
नए सदस्यों के दस्तावेजों की होगी जांच
एमपी कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता विवेक त्रिपाठी ने बताया कि यूथ कांग्रेस के महासचिव के अलावा ब्लॉक अध्यक्ष, विधानसभा अध्यक्ष, जिला अध्यक्ष के दावेदारों को वोट किया। अब 16 लाख के करीब बनाए गए सदस्यों के दस्तावेजों की जांच होगी। दस्तावेजों में त्रुटि पाए जाने पर सदस्यता निरस्त की जाएगी। इस प्रक्रिया को अंतिम रूप देने में करीब दो माह का समय लगेगा। करीब 2 महीने के बाद यूथ कांग्रेस को नया अध्यक्ष और नई कार्यकारिणी मिलेगी। प्रदेश अध्यक्ष पद पर प्रथम तीन उम्मीदवारों को इंटरव्यू के लिए आलाकमान दिल्ली बुलाएगा। इसके बाद नाम का ऐलान किया जाएगा।
एक सदस्य ने छह वोट किए
मध्य प्रदेश में युवा कांग्रेस संगठन चुनाव के लिए सदस्यता लेने और मतदान की प्रक्रिया पूरी हो चुकी हैं। एमपी में 20 जून की सुबह 9 बजे से मतदान और सदस्यता प्रक्रिया शुरू हुई, जो 19 जुलाई की शाम तक चली। युवा कांग्रेस में प्रदेश अध्यक्ष, प्रदेश महासचिव, विधानसभा अध्यक्ष, जिला अध्यक्ष, ब्लॉक अध्यक्ष, जिला महासचिव के पद पर वोटिंग हुई। एक सदस्य ने छह वोट किए।
प्रदेश अध्यक्ष के लिए ये दावेदार
युवा कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष पद के लिए कुल 18 प्रत्याशी चुनावी मैदान में हैं। जिनमें जावेद पटेल, योगिता सिंह, नीरज पटेल, गीता कड़वे, अभिषेक परमार, विश्वजीत सिंह चौहान, विनय पांडे, प्रमोद सिंह, प्रियेश चौकड़े, राजवीर कुड़िया, अब्दुल करीम सिद्दीकी, शुभंगाना राजे, आशीष चौबे, यश घनघोरिया, स्वीटी पाटिल, देवेंद्र सिंह दादू, शिवराज यादव, मोनिका मांडरे चुनावी मैदान में हैं।

मंदसौर के पशुपतिनाथ की अनोखी गाथा, जिस पत्थर पर धोए जाते थे कपड़े, वही बना शिवलिंग
मध्यप्रदेश के मंदसौर नगर में शिवना नदी के तट पर स्थित विश्वप्रसिद्ध अष्टमुखी भगवान पशुपतिनाथ मंदिर इन दिनों सावन मास में श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र बना हुआ है। इस मंदिर की विशेषता यहां स्थित भगवान पशुपतिनाथ की आठ मुखों वाली दुर्लभ प्रतिमा है, जो अपने आप में पूरे विश्व में अद्वितीय मानी जाती है।मध्यप्रदेश के मंदसौर में शिवना नदी किनारे स्थित अष्टमुखी भगवान पशुपतिनाथ मंदिर की कहानी अत्यंत अद्वितीय है। यहां स्थापित शिवलिंग उस पत्थर से प्रकट हुआ था जिस पर धोबी कपड़े धोते थे। एक सपना आने के बाद पता चला कि वह पत्थर भगवान शिव का अष्टमुखी स्वरूप है।

शिवना नदी के गर्भ से प्रकट हुई थी मूर्ति
मान्यता है कि भगवान पशुपतिनाथ की यह दुर्लभ अष्टमुखी प्रतिमा शिवना नदी के गर्भ से प्रकट हुई थी। स्थानीय परंपराओं के अनुसार, एक धोबी ‘उदा’ जिस पत्थर पर कपड़े धोता था, वही पत्थर असल में भगवान शंकर की मूर्ति थी। एक दिन उसे स्वप्न में भगवान शिव ने दर्शन देकर बताया कि वह पत्थर मेरा अष्टमुखी रूप है। अगले दिन जब गांववालों ने मिलकर उसे नदी से बाहर निकाला, तो विशाल मूर्ति को निकालने में 32 बैलों की मदद लेनी पड़ी, लेकिन प्रतिमा नदी से दूर जाना ही नहीं चाहती थी। अंततः जिस स्थान पर आज मंदिर स्थित है, वहीं मूर्ति स्वतः स्थिर हो गई।

18 वर्षों तक बगीचे में रही प्रतिमा
प्रतिमा को बाहर निकालने के बाद लगभग 18 वर्षों तक उसकी स्थापना नहीं हो सकी। इस दौरान जनसंघ के वरिष्ठ नेता शिवदर्शन अग्रवाल ने इसे अपने बगीचे में सुरक्षित रखा। बाद में भागवताचार्य श्री 1008 स्वामी प्रत्यक्षानंद जी ने मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा की और राजमाता विजयाराजे सिंधिया के सहयोग से एक भव्य मंदिर का निर्माण करवाया गया। मंदिर के शिखर पर स्वर्ण कलश भी स्थापित किया गया।
सावन में चाक चौबंद सुरक्षा व्यवस्था
सावन मास के दौरान भक्तों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रशासन और पुलिस द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। मंदिर परिसर में करीब 200 पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं और 50 से अधिक सीसीटीवी कैमरों से लगातार निगरानी रखी जा रही है। सावन और भादौ में जब मंदसौर में मूसलाधार बारिश होती है, तब शिवना नदी उफान पर आ जाती है। इस दौरान नदी का जलस्तर बढ़कर मंदिर तक पहुंचता है और भगवान पशुपतिनाथ की मूर्ति जलमग्न हो जाती है। श्रद्धालु मानते हैं कि यह शिवना नदी द्वारा हर वर्ष भगवान के चरण पखारने की परंपरा है।




